फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Muzaffarnagar News ›   Roads and forests filled with water of six villages in Muzaffarnagar Due to rain in Uttarakhand

UP: उफान पर सोलानी नदी, छह गांव के रास्तों पर पानी ही पानी; उत्तराखंड में बारिश और पानी छोड़ने से बढ़ी परेशानी

Sat, 03 Aug 2024 12:55 PM IST
शाहरुख खान अमर उजाला नेटवर्क, मुजफ्फरनगर
अमर उजाला नेटवर्क, मुजफ्फरनगर Published by: शाहरुख खान Updated Sat, 03 Aug 2024 12:55 PM IST
सार

उत्तराखंड में बारिश और पानी छोड़े जाने से मुजफ्फरनगर जिले के कुछ गावों में परेशानी बढ़ने लगी है। सोलानी नदी उफान पर है। छह गांव के रास्तों पर पानी ही पानी दिख रहा है। 

विज्ञापन
Roads and forests filled with water of six villages in Muzaffarnagar Due to rain in Uttarakhand
मुजफ्फरनगर में बाढ़ - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

उत्तराखंड में बारिश से खादर क्षेत्र के छह गांव के रास्तों और जंगल में पानी भरा है। ग्रामीणों के सामने आवागमन और चारे का संकट खड़ा होने लगा है। प्रशासन ने बाढ़ चौकियों को अलर्ट किया है। उत्तराखंड में शिवालिक की पहाड़ियों से आ रहे पानी के कारण सोलानी नदी उफान पर है। 
विज्ञापन


पानी नदी से बाहर निकलकर गांवों के रास्तों पर भर गया है। खादर क्षेत्र के कई गांवों में बाढ़ जैसे हालात बने हुए हैं। पानी घरों के अंदर तक घुस जाने से ग्रामीणों में दहशत बनी हुई है। खेतों में पानी भर जाने से धान, गन्ने और ज्वार की फसलें बर्बाद हो गई हैं। 
विज्ञापन


ग्रामीण जान जोखिम में डालकर नाव में बैठकर नदी पार करने को मजबूर हैं। गांव भदोला, पांचली, मारकपुर, रामनगर, रजगल्लापुर, शेरपुर नंगला समेत छह से अधिक गांव में संकट बढ़ा है।
विज्ञापन
विज्ञापन


शुक्रवार को पानी और बढ़ जाने से पानी गांव रामनगर, रजगल्लापुर, शेरपुर नगला, रतन पुरी के कई घरों में घुस गया, जिससे घरों में रखा सामान खराब हो गया और ग्रामीण घरों में कैद होकर रह गए। लेखपाल प्रदीप सैनी का कहना है कि शनिवार तक पानी कम होने की संभावना है। गांवों को अलर्ट किया गया है।
 

क्या कहते हैं ग्रामीण
सरदार देवेंद्र खालसा, कुलवंत सिंह, जोगेंद्र सिंह, गुरमीत सिंह, जसविंदर सिंह, राजू प्रजापति, राजेंद्र पांचली, यादराम प्रजापति, गुलशन कुमार ने बताया कि खेतों में करीब करीब पांच फीट पानी भर गया है। गन्ने की फसल को भी नुकसान पहुंच रहा है। चारे की फसल बर्बाद हो जाने से पशुओं के लिए हरे चारे की समस्या आ गई है। हरा चारा नहीं मिलने से पशुओं को भूसा खिलाना पड़ रहा है ।

 

मजदूरों के सामने सबसे बड़ी समस्या
ग्रामीण बताते हैं कि रोजाना मजदूरी कर घर चलाने वाले लोग अधिक परेशान हैं। वह मजदूरी पर नहीं जा पा रहे हैं। उनके समक्ष परिवार के पालन पोषण की समस्या खड़ी हो गई है।

 

पहाड़ियों से आता है पानी
सिंचाई विभाग के जेई अनिल कुमार ने बताया कि शिवालिक की पहाड़ियों से पानी नदी में आता है। शुक्रवार को बारिश बंद हो जाने से पानी बंद हो गया है। शनिवार तक खादर क्षेत्र में पानी का स्तर कम हो जाएगा।

 

पानी आते ही इन गांव में बढ़ता है खतरा
पुरकाजी खादर क्षेत्र के बढ़ीवाला भैंसली, आयकी, उदियावाली, रतनपुरी, रामनगर, रजकल्लारपुर, शेरपुर, शेरपुर नंगला, चानचक, चमरावाला बड़ा, जिंदावाला, खेड़की, हुसैनपुर, धुमनपुरी दादूपुर, भदौला फार्म, फरकपुर, पांचली और मारकपुर में खतरा बढ़ जाता है। इन गांवों में करीब 12 हजार लोग बाढ़ से प्रभावित होते हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed