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पालिका लिपिक के निलंबन की संस्तुति की

Wed, 15 Jan 2020 12:48 AM IST
Meerut Bureau मेरठ ब्यूरो
Updated Wed, 15 Jan 2020 12:48 AM IST
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Recommends suspension of municipality clerk
पालिका लिपिक के निलंबन की संस्तुति की
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मुजफ्फरनगर। नगरपालिका लिपिक मैनपाल पर कार्रवाई का मामला अब फिर से चेयरपर्सन के पास पहुंच गया है। ईओ ने लिपिक के स्पष्टीकरण को संतोषजनक नहीं पाया। ईओ ने लिपिक को निलंबित करने की संस्तुति करते हुए अपनी रिपोर्ट पालिकाध्यक्ष को भेज दी है।
गत 30 दिसंबर को नगर पालिका में जांच को पहुंचे सिटी मजिस्ट्रेट अतुल कुमार ने कैशबुक मांगी थी। इस दौरान लिपिक मैनपाल ने कैशबुक चेयरपर्सन के पास होने की बात कही थी। बाद में वह कैशबुक लेने की बात कहते हुए अपना केबिन बंद कर चले गए और फोन भी बंद कर लिया। वह काफी देर बाद लौटे तो चेयरपर्सन अंजू अग्रवाल उनके साथ थीं। बताया जाता है कि सिटी मजिस्ट्रेट के साथ चेयरपर्सन की काफी नोकझोंक हुई थी। इस मामले में डीएम सेल्वा कुमारी जे ने लिपिक मेनपाल को दोषी मानते हुए उनके खिलाफ कार्रवाई के आदेश दिए थे। लिपिक संवर्ग पर कार्रवाई करने का अधिकार चेयरपर्सन को होता है, इसलिए ईओ ने उन्हें कार्रवाई करने के लिए पत्र लिखा। बताया जाता है कि इस मामले में चेयरपर्सन ने पहले लिपिक का स्पष्टीकरण तलब करने के निर्देश दिए। ईओ के माध्यम से मांगे गए स्पष्टीकरण का जवाब लिपिक मैनपाल ने दे दिया है। लिपिक के स्पष्टीकरण से ईओ संतुष्ट नहीं हैं। उन्होंने मैनपाल को निलंबित करने की संस्तुति करते हुए अपनी रिपोर्ट चेयरपर्सन को भेज दी है। ईओ विनय कुमार मणि त्रिपाठी ने अपनी रिपोर्ट प्रेषित करने की पुष्टि की है।
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घटना के बाद लिखा बयान बना सुबूत
लिपिक मैनपाल ने अपने स्पष्टीकरण में स्वयं को निर्दोष बताया है। उसने यह भी कहा है कि उन्होंने कैशबुक चेयरपर्सन के पास होने की बात कही ही नहीं थी। साथ ही केबिन बंद करने का कारण बताते हुए लिखा कि केबिन में महत्वपूर्ण दस्तावेज रखे होते हैं, इसलिए खुला नहीं छोड़ सकते। इस स्पष्टीकरण से ईओ संतुष्ट नहीं हुए हैं। बताया जाता है कि 30 दिसंबर को सिटी मजिस्ट्रेट ने कैशबुक नहीं मिलने पर ईओ से इसका कारण लिखित में लिया था। इसमें इस बात का उल्लेख है कि लिपिक ने कैशबुक चेयरपर्सन के पास होने की बात कही है और कैशबुक लेने चेयरपर्सन के पास गए हैं। यह कागज लिपिक के खिलाफ सुबूत बन रहा है।
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