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30-35 हजार वसूल रहे निजी कोविड हॉस्पिटल
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30-35 हजार वसूल रहे निजी कोविड हॉस्पिटल
मुजफ्फरनगर। मुजफ्फरनगर मेडिकल कॉलेज में लगातार आ रही शिकायतों और अव्यवस्था के चलते आम आदमी यहां भर्ती होता हुआ भी डरने लगा है।
जब ऑक्सीजन की कमी हो जाती है और गरीब आदमी के पास घर पर सिलिंडर उपलब्ध नहीं हो पाता है तो वह मजबूरी में मेडिकल में मरीज को भर्ती कराता है। बीमारी का प्रवाह इतना ज्यादा है कि तमाम अव्यवस्थाओं के बाद भी मेडिकल में 150 की जगह 220 गंभीर मरीज भर्ती हैं। शहर में सैनी हार्ट केयर सेंटर और ईवान के कोविड सेंटर पर एक से डेढ़ लाख नकद जमा कराने के बाद ही मरीज की भर्ती हो रही है। नाम ना छापने की शर्त पर मरीजों के परिजनों ने बताया कि प्रशासन ने यह सूचना दी थी कि एक दिन के ग्यारह हजार लिए जाएंगे। यहां प्रतिदिन का 30 से 35 हजार लिया जाता है। उधर कोविड हॉस्पिटल सैनी हार्ट केयर के संचालक डॉ एमएल गर्ग का कहना है कि हम एक सप्ताह के दो लाख रुपये ले रहे हैं। इसमें बेड, दवा, ऑक्सीजन, भोजन आदि शामिल हैं। क्योंकि दवाइयों आदि बहुत महंगी मिल रही हैं। यदि बाहर से कोई जांच होगी, तो वह मरीज खुद कराएगा।
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मुजफ्फरनगर। मुजफ्फरनगर मेडिकल कॉलेज में लगातार आ रही शिकायतों और अव्यवस्था के चलते आम आदमी यहां भर्ती होता हुआ भी डरने लगा है।
जब ऑक्सीजन की कमी हो जाती है और गरीब आदमी के पास घर पर सिलिंडर उपलब्ध नहीं हो पाता है तो वह मजबूरी में मेडिकल में मरीज को भर्ती कराता है। बीमारी का प्रवाह इतना ज्यादा है कि तमाम अव्यवस्थाओं के बाद भी मेडिकल में 150 की जगह 220 गंभीर मरीज भर्ती हैं। शहर में सैनी हार्ट केयर सेंटर और ईवान के कोविड सेंटर पर एक से डेढ़ लाख नकद जमा कराने के बाद ही मरीज की भर्ती हो रही है। नाम ना छापने की शर्त पर मरीजों के परिजनों ने बताया कि प्रशासन ने यह सूचना दी थी कि एक दिन के ग्यारह हजार लिए जाएंगे। यहां प्रतिदिन का 30 से 35 हजार लिया जाता है। उधर कोविड हॉस्पिटल सैनी हार्ट केयर के संचालक डॉ एमएल गर्ग का कहना है कि हम एक सप्ताह के दो लाख रुपये ले रहे हैं। इसमें बेड, दवा, ऑक्सीजन, भोजन आदि शामिल हैं। क्योंकि दवाइयों आदि बहुत महंगी मिल रही हैं। यदि बाहर से कोई जांच होगी, तो वह मरीज खुद कराएगा।