फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Muzaffarnagar News ›   Muzaffarnagar riots: Yogi Adityanath

मुजफ्फरनगर दंगा : भाजपा ने विधानसभा चुनाव में किए वायदे को पूरा किया

Wed, 24 Jul 2019 11:59 PM IST
Meerut Bureau मेरठ ब्यूरो
Updated Wed, 24 Jul 2019 11:59 PM IST
विज्ञापन
Muzaffarnagar riots: Yogi Adityanath
योगी आदित्यनाथ। - फोटो : अमर उजाला
मुजफ्फरनगर जिले में 2013 में हुए दंगे के दौरान आगजनी, लूट, डकैती और मारपीट के मुकदमें वापिस कराने को भाजपा ने 2017 के विधानसभा चुनाव में मुद्दा बनाया था। सरकार बनने के बाद 92 मुकदमों को शासन से वापस कराने की पैरवी की गई थी, जिनमें 74 में शासनादेश जारी हो चुका है। छह मामलों का निस्तारण इस बीच होने के कारण 68 मुकदमे वापिस लेने की प्रक्रिया चल रही है। अलग-अलग दस शासनादेश इसमें जारी हो चुके हैं। शासन का निर्णय आने के बाद इस मुद्दे पर एक बार फिर राजनीति गर्मा सकती है। भाजपा इसे न्याय की जीत बता रही है और विपक्ष फिलहाल चुप है, जो इस पर स्टैंड लेने के लिए चिंतन कर रहा है।
विज्ञापन

वर्ष 2013 में हुए दंगे के दौरान बड़ी संख्या में फर्जी मुकदमे होने का मामला उछला था। तत्कालीन सपा सरकार ने स्पेशल जांच सेल बनाकर मुकदमों की जांच कराई थी। जांच के बाद बड़ी संख्या में नामजद लोगों को बाहर किया गया था। बावजूद इसके यह आरोप लगा कि सरकार ने सैकड़ों बेगुनाहों को फर्जी मुकदमे में फंसा रखा है। भाजपा ने इसे मुद्दा बनाया। केंद्रीय राज्यमंत्री डॉ संजीव बालियान ने 2017 के विधानसभा चुनाव में घोषणा की थी कि भाजपा सरकार आई तो मुकदमे वापस कराए जाएंगे। विधानसभा चुनाव के बाद प्रदेश में भाजपा की सरकार बनते ही डॉ संजीव बालियान खाप चौधरियों के साथ मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मिले थे। उन्होंने 92 मुकदमे उनके सामने रखे और बताया कि इन मुकदमों में सैकड़ों बेगुनाह युवकों को फंसाया गया है। प्रदेश सरकार ने इस मांग को गंभीरता से लिया। मुकदमों को वापिस करने की प्रक्रिया में अब तक 10 शासनादेश जारी हो चुके हैं। शासन के निर्णय से दंगों को लेकर राजनीति एक बार फिर गर्मा सकती है। हाल ही में हुए लोकसभा चुनाव में भी दंगा ही प्रमुख मुद्दा रहा। रालोद प्रत्याशी चौधरी अजित सिंह ने यह कहकर चुनाव लड़ा कि वह दंगे की खाई को पाटने के लिए चुनाव लड़ रहे हैं। सांसद डॉ संजीव बालियान हिंदुत्व के मुद्दे पर लड़े। शासन के निर्णय के बाद भाजपा इसे न्याय की जीत बता रही है। डॉ संजीव बालियान का कहना है कि शासन के निर्णय से सैकड़ों निर्दोष लोगों को न्याय मिलेगा। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के इस निर्णय का हम सब स्वागत करते हैं। विपक्ष की ओर से अभी कोई ब्यान नहीं आया है। विपक्ष मुद्दे को गंभीरता से ले रहा है, जल्दबाजी में कोई नुकसान न हो जाए, इसलिए गहराई से मंथन कर रहा है। यह तय है कि आगामी राजनीति में दंगे का मुद्दा एक बार फिर केंद्र में रहेगा।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed