रामपुर तिराहा कांड: मुकर गए गवाह को दोबारा अदालत में हाजिर करेगी सीबीआई, ये रखी गई अगली तारीख
मुजफ्फरनगर रामपुर तिराहा कांड : इस मामले में मुकर गए गवाह को सीबीआई दोबारा अदालत में हाजिर करेगी। अब गवाही के लिए अगली तारीख रखी गई है।
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मुजफ्फरनगर में रामपुर तिराहा कांड में घटना से मुकर गए गवाह को सीबीआई दोबारा अदालत में पेश करेगी। सीबीआई के प्रार्थना पत्र को अदालत ने स्वीकृत कर लिया है। अपर सत्र न्यायाधीश कोर्ट संख्या-सात में प्रकरण की सुनवाई हुई। गवाही के लिए 17 जुलाई की तिथि तय की गई है। उधर, वारदात के दिन ट्रक लेकर गुजर रहे सूबेदार ने अदालत में गवाही दी।
शासकीय अधिवक्ता फौजदारी राजीव शर्मा, सहायक शासकीय अधिवक्ता फौजदारी परवेंद्र सिंह और जोगेंद्र गोयल ने बताया कि अपर सत्र न्यायाधीश कोर्ट संख्या-सात के पीठासीन अधिकारी शक्ति सिंह ने प्रकरण की सुनवाई की। सीबीआई ने सरकार बनाम राधा मोहन द्विवेदी की पत्रावली में 81 वर्षीय बुजुर्ग सेवानिवृत्त सूबेदार को सीबीआई ने अदालत में पेश किया। वारदात के समय सूबेदार ट्रक लेकर गुजर रहा था।
उधर, सीबीआई ने वारदात का समर्थन नहीं करने वाले गवाह को दोबारा अदालत में लाने के लिए प्रार्थना पत्र दाखिल किया। अदालत ने इस प्रार्थना पत्र को स्वीकृति प्रदान कर दी है। अगली सुनवाई के लिए 17 जुलाई की तिथि तय की गई है।
सीबीआई ने अदालत से मांगा समय
सरकार बनाम मिलाप सिंह की पत्रावली में सीबीआई ने अदालत से पीड़िता को लाने के लिए कुछ समय दिए जाने की बात कही। अदालत ने पीड़िताओं को कड़ी सुरक्षा और नियमानुसार अदालत में लाने के लिए कहा और 18 जुलाई की तिथि तय की है।
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ये था मामला
एक अक्तूबर, 1994 को अलग राज्य की मांग के लिए देहरादून से बसों में सवार होकर आंदोलनकारी दिल्ली के लिए निकले थे। देर रात रामपुर तिराहा पर पुलिस ने आंदोलनकारियों को रोकने का प्रयास किया। आंदोलनकारी नहीं माने तो पुलिसकर्मियों ने फायरिंग कर दी, जिसमें सात आंदोलनकारियों की मौत हो गई थी। सीबीआई ने मामले की जांच की और पुलिस पार्टी और अधिकारियों पर मुकदमे दर्ज कराए थे। गंभीर धाराओं के सेशन ट्रायल मुकदमों की सुनवाई के लिए हाईकोर्ट ने जिले के अपर सत्र न्यायाधीश कोर्ट नंबर सात के पीठासीन अधिकारी शक्ति सिंह को अधिकृत किया है।
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