{"_id":"5d83d3bb8ebc3e93be633bd1","slug":"muzaffarnagar-aparajita-100-million-smile-muzaffarnagar-news-mrt4442438163","type":"story","status":"publish","title_hn":"बेटियां निडर होकर बुलंदियों को छूने के लिए आगे बढ़ें","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
बेटियां निडर होकर बुलंदियों को छूने के लिए आगे बढ़ें
विज्ञापन
बुढ़ाना में डीएवी पब्लिक स्कूल की अध्यापिकाऐं भी शपथ पत्र भरकर अपराजिता कार्यक्रम से जुड़ी।
- फोटो : MUZAFFARNAGAR
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बेटियां निडर होकर बुलंदियों को छूने के लिए आगे बढ़ें
बुढ़ाना। अमर उजाला फाउंडेशन की अनूठी पहल अपराजिता-100 मिलियन स्माइल के तहत डीएवी पब्लिक स्कूल में आयोजित बालिका सुरक्षा जागरूकता कार्यक्रम में वक्ताओं ने बेटियों से निडर होकर आगे बढ़ाने का आह्वान किया।
एसडीएम दीपक कुमार ने छात्राओं को सरकारी सुविधाओं की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि बेटियां बेटों से कम नहीं हो सकतीं। बेटियों को कभी भी कम नहीं आंकना चाहिए। सीओ विजय प्रकाश सिंह ने छात्राओं को विश्वास दिलाते हुए कहा कि वे अकेली निडर होकर घर से स्कूल आएं। रास्ते में आनी वाली समस्याओं के लिए वे हर समय बेटियों के साथ खड़े मिलेंगे। उन्होंने सेल्फ डिफेंस के टिप्स देते हुए कहा कि अपने अधिकारों का प्रयोग करते हुए बेटियां निडर होकर हर क्षेत्र में बुलंदियों पर पहुंचे। उन्होंने छात्राओं को अपनी सुरक्षा के प्रति सतर्क रहने का आह्वान किया। छात्राओं को हेल्पलाइन 1090, 181, 100, 1098 व 112 नंबर की विस्तार से जानकारी दी। बेटी व बेटे एक समान होते हैं। शिक्षा के साथ-साथ उन्हें संस्कारों की भी आवश्यकता है। सरकार भी बेटी और बेटे में फर्क नहीं कर रही है। दोनों को अधिकार बराबर है।
विज्ञापन
बुढ़ाना। अमर उजाला फाउंडेशन की अनूठी पहल अपराजिता-100 मिलियन स्माइल के तहत डीएवी पब्लिक स्कूल में आयोजित बालिका सुरक्षा जागरूकता कार्यक्रम में वक्ताओं ने बेटियों से निडर होकर आगे बढ़ाने का आह्वान किया।
एसडीएम दीपक कुमार ने छात्राओं को सरकारी सुविधाओं की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि बेटियां बेटों से कम नहीं हो सकतीं। बेटियों को कभी भी कम नहीं आंकना चाहिए। सीओ विजय प्रकाश सिंह ने छात्राओं को विश्वास दिलाते हुए कहा कि वे अकेली निडर होकर घर से स्कूल आएं। रास्ते में आनी वाली समस्याओं के लिए वे हर समय बेटियों के साथ खड़े मिलेंगे। उन्होंने सेल्फ डिफेंस के टिप्स देते हुए कहा कि अपने अधिकारों का प्रयोग करते हुए बेटियां निडर होकर हर क्षेत्र में बुलंदियों पर पहुंचे। उन्होंने छात्राओं को अपनी सुरक्षा के प्रति सतर्क रहने का आह्वान किया। छात्राओं को हेल्पलाइन 1090, 181, 100, 1098 व 112 नंबर की विस्तार से जानकारी दी। बेटी व बेटे एक समान होते हैं। शिक्षा के साथ-साथ उन्हें संस्कारों की भी आवश्यकता है। सरकार भी बेटी और बेटे में फर्क नहीं कर रही है। दोनों को अधिकार बराबर है।
विज्ञापन