फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Muzaffarnagar News ›   Muzaffarnagar: 3 including Paras Jain acquitted in Raja Valmiki murder case, shooter Raju Valmiki convicted

Muzaffarnagar: राजा वाल्मीकि हत्याकांड में पारस जैन समेत तीन दोषमुक्त, शूटर राजू वाल्मीकि दोषी करार

Mon, 09 Dec 2024 08:24 PM IST
मोहम्मद मुस्तकीम अमर उजाला नेटवर्क, मुजफ्फरनगर
अमर उजाला नेटवर्क, मुजफ्फरनगर Published by: मोहम्मद मुस्तकीम Updated Mon, 09 Dec 2024 08:24 PM IST
सार

राजा वाल्मीकि की 2017 में हत्या कर दी गई थी। उनके भाई ने राजू वाल्मीकि, गोरा उर्फ गौरव, पूर्व चेयरमैन पारस जैन और दो अज्ञात के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई थी। 

विज्ञापन
Muzaffarnagar: 3 including Paras Jain acquitted in Raja Valmiki murder case, shooter Raju Valmiki convicted
कोर्ट (प्रतीकात्मक फोटो) - फोटो : ANI

विस्तार

खतौली के भाजपा नेता राजा वाल्मीकि की हत्या के मामले में पूर्व चेयरमैन पारस जैन समेत तीन आरोपी साक्ष्य के अभाव में दोषमुक्त करार दिए गए। शूटर राजू वाल्मीकि पर दोष सिद्ध हुआ। सजा के प्रश्न पर मंगलवार को सुनवाई होगी। मेरठ मेडिकल कॉलेज से वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिए पूर्व चेयरमैन की पेशी हुई।
विज्ञापन

खतौली के कारोबारी एवं भाजपा कार्यकर्ता राजा वाल्मीकि की होली चौक स्थित दुकान पर पांच अप्रैल 2017 को गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। मृतक के भाई राणा प्रताप ने कस्बे के मोहल्ला देवीदास निवासी राजू वाल्मीकि, गोरा उर्फ गौरव, पूर्व चेयरमैन पारस जैन और दो अज्ञात लोगों को आरोपी बनाया था। पुलिस की जांच के बाद दानिश और विपुल खूनी का नाम प्रकाश में आया। अदालत से गैर हाजिर रहने के कारण विपुल खूनी की पत्रावली अलग कर दी गई। 
बचाव पक्ष के अधिवक्ता अनिल जिंदल ने बताया कि सोमवार को विशेष न्यायालय एससी/एसटी कोर्ट के पीठासीन अधिकारी अशोक कुमार ने सुनवाई की। साक्ष्य के अभाव में पारस जैन, दानिश और गोरा उर्फ गौरव को दोषमुक्त करा दिया गया। जबकि राजू वाल्मीकि पर दोष सिद्ध हुआ। सजा के प्रश्न पर मंगलवार को सुनवाई होगी।
 
विज्ञापन
विज्ञापन

पारस जैन ने सुप्रीम कोर्ट तक लड़ी लड़ाई
पुलिस ने जांच के बाद पूर्व चेयरमैन पारस जैन को क्लीन चिट दे दी थी। पीड़ित पक्ष ने प्रार्थनापत्र देकर एससी/एसटी कोर्ट में पूर्व चेयरमैन को तलब कराया था, लेकिन आरोपी को जमानत मिल गई थी। जमानत के खिलाफ वादी हाईकोर्ट गए। हाईकोर्ट ने पारस जैन की जमानत खारिज कर दी और जैन को लोअर कोर्ट में सरेंडर करने का समय दिया गया था। पारस जैन राहत पाने के लिए सुप्रीम कोर्ट गया। सुप्रीम कोर्ट ने हाईकोर्ट का फैसला बरकरार रखते हुए पारस जैन को 17 मई तक जिला कोर्ट में पेश होने का समय दिया गया था। इसके बाद पारस जैन सरेंडर कर जेल चला गया था।

दिल की बीमारी के चलते मेरठ में उपचार
जिला कारागार में दिल की बीमारी बढ़ने के कारण पिछले महीने पारस जैन को मेरठ मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया था। फैसले के दौरान वीडियो कांफ्रेंसिंग से ही पेशी हुई।
 
विज्ञापन

उमेश मलिक कोर्ट में पेश, तीन आरोपियों के गैर जमानती वारंट

मुजफ्फरनगर दंगे से पहले सोरम गांव के चर्चित सांप्रदायिक झगड़े में पूर्व विधायक उमेश मलिक कोर्ट में पेश हुए। गैरहाजिर तीन आरोपियों के गैर जमानती वारंट जारी कर दिए गए।
शाहपुर थाना क्षेत्र के सोरम गांव में 20 अगस्त 2013 को दो पक्षों के बीच झगड़ा हो गया था। लंबे समय तक गांव में तनाव बना रहा। राजनीतिक लोगों के हस्तक्षेप के कारण यह मामला सुर्खियों में रहा था। वादी वाजिद की ओर से पूर्व विधायक उमेश मलिक के अलावा सुधीर, सम्राट, मनीष, राजपाल, बिजेंद्र और नौराज के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया था। प्रकरण की सुनवाई विशेष एमपी एमएलए कोर्ट में चल रही है। सोमवार को पूर्व विधायक कोर्ट में पेश हुए। बयान मुल्जिम के लिए आरोपी रामपाल, बिजेंद्र और नौरोज कोर्ट में पेश नहीं हुए। अदालत ने तीनों आरोपियों के गैर जमानती वारंट जारी कर दिए।


 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed