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विधायक विक्रम सैनी मारपीट के मुकदमे में बरी
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कोर्ट में पेश होने के बाद बाहर आते खतौली विधायक विक्रम सैनी।
- फोटो : MUZAFFARNAGAR
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विधायक विक्रम सैनी मारपीट के मुकदमे में बरी
मुजफ्फरनगर। कवाल निवासी खतौली से भाजपा विधायक विक्रम सैनी को मारपीट और धमकी देने के एक मुकदमे में एमपी-एमएलए स्पेशल कोर्ट ने बरी कर दिया। 14 साल पुराने मामले में गांव के ही एक ग्रामीण ने यह वाद दायर किया था।
जानसठ थाना क्षेत्र के गांव कवाल निवासी असलम के साथ पांच दिसंबर 2007 में हुई नोकझोंक और विवाद में असलम ने विक्रम सैनी के खिलाफ वाद दायर कराया था। उस समय विक्रम सैनी कवाल गांव के प्रधान थे। असलम ने जान से मारने की धमकी, जानलेवा हमला, गाली गलौज और मारपीट करने के आरोप लगाए थे। यह मुकदमा एमपी-एमएलए स्पेशल कोर्ट एडीजे-4 गोपाल उपाध्याय के समक्ष सुना गया। तारीख होने पर बृहस्पतिवार को विधायक विक्रम सैनी और वादी असलम कोर्ट में पेश हुए।
विधायक के अधिवक्ता भारतवीर अहलावत ने बताया कि इस मामले में दोनों पक्षों में समझौता हो गया। विशेष लोक अभियोजक नरेंद्र शर्मा ने बताया कि अदालत ने विधायक विक्रम सैनी को इस मुकदमे से बरी कर दिया है। अदालत की कार्रवाई के चलते विधायक विक्रम सैनी भी करीब चार घंटे तक कोर्ट में मौजूद रहे। कोर्ट से बरी होकर विधायक ने साथ आए असलम और ग्रामीणों को शुक्रिया अदा किया। विधायक विक्रम सैनी के अन्य मुकदमों में कोर्ट में तारीख तीन सितंबर की लगी है।
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मुजफ्फरनगर। कवाल निवासी खतौली से भाजपा विधायक विक्रम सैनी को मारपीट और धमकी देने के एक मुकदमे में एमपी-एमएलए स्पेशल कोर्ट ने बरी कर दिया। 14 साल पुराने मामले में गांव के ही एक ग्रामीण ने यह वाद दायर किया था।
जानसठ थाना क्षेत्र के गांव कवाल निवासी असलम के साथ पांच दिसंबर 2007 में हुई नोकझोंक और विवाद में असलम ने विक्रम सैनी के खिलाफ वाद दायर कराया था। उस समय विक्रम सैनी कवाल गांव के प्रधान थे। असलम ने जान से मारने की धमकी, जानलेवा हमला, गाली गलौज और मारपीट करने के आरोप लगाए थे। यह मुकदमा एमपी-एमएलए स्पेशल कोर्ट एडीजे-4 गोपाल उपाध्याय के समक्ष सुना गया। तारीख होने पर बृहस्पतिवार को विधायक विक्रम सैनी और वादी असलम कोर्ट में पेश हुए।
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विधायक के अधिवक्ता भारतवीर अहलावत ने बताया कि इस मामले में दोनों पक्षों में समझौता हो गया। विशेष लोक अभियोजक नरेंद्र शर्मा ने बताया कि अदालत ने विधायक विक्रम सैनी को इस मुकदमे से बरी कर दिया है। अदालत की कार्रवाई के चलते विधायक विक्रम सैनी भी करीब चार घंटे तक कोर्ट में मौजूद रहे। कोर्ट से बरी होकर विधायक ने साथ आए असलम और ग्रामीणों को शुक्रिया अदा किया। विधायक विक्रम सैनी के अन्य मुकदमों में कोर्ट में तारीख तीन सितंबर की लगी है।
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