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संधावली फ्लाईओवर की राह से हटेगा धार्मिक स्थल
ब्यूरो, अमर उजाला/मुजफ्फरनगर
Updated Thu, 18 Jan 2018 12:19 AM IST
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पीडब्लूडी गेस्ट हाउस में बैठक करते सांसद और अन्य अधिकारी।
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
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दिल्ली-देहरादून नेशनल हाइवे पर सात साल से अधूरे पड़े संधावली फ्लाईओवर की राह में रोड़ा बने एक धार्मिक स्थल को हटाने का फैसला लिया गया है। खूनी बन चुके इस फ्लाईओवर पर 50 से ज्यादा लोगों की मौत हो चुकी हैं। केंद्रीय भूतल परिवहन मंत्रालय ने मुजफ्फरनगर से मेरठ के बीच अधूरे पड़े कार्यों के लिए 210 करोड़ का बजट जारी किया है। पूर्व केंद्रीय मंत्री एवं सांसद डॉ संजीव बालियान ने संधावली पुल के निर्माण को लेकर अफसरों के साथ बैठक की, जिसमें एक हफ्ते में अधूरे फ्लाईओवर का निर्माण शुरू करने पर सहमति बनी।
एनएच-58 पर संधावली फ्लाईओवर पिछले सात साल से मौत का जंक्शन बना हुआ था, क्योंकि फ्लाईओवर पर एक लेन ही बन पाई थी। नेशनल हाइवे पर फर्राटा दौड़ते वाहन जब संधावली पुल पर पहुंचते तो उन्हें एक ही लेन में निकलना पड़ता था। हाईस्पीड गाड़ियां कंट्रोल नहीं होने से हादसे का शिकार हो रही थीं।
सरकारी आंकड़ों के मुताबिक इस पुल पर अभी तक हुए हादसों में 50 से ज्यादा लोगों की मौत हो चुकी हैं। संधावली गांव में सड़क किनारे बनी मस्जिद और मदरसे की वजह से नेशनल हाइवे अथॉरिटी पुल को कंपलीट नहीं कर पा रही थी। पिछले सात साल से यह मांग लगातार उठ रही थी, लेकिन धार्मिक स्थल से जुड़ी कमेटी मामले में सहमति नहीं जता रही थी। पूर्व केंद्रीय मंत्री एवं सांसद डॉ संजीव बालियान ने केंद्रीय परिवहन मंत्री नितिन गड़करी के समक्ष संधावली पुल पर बढ़ती दुर्घटनाओं का मामला उठाया था।
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सांसद की पहल पर डेढ़ साल पहले जिले में आए गडकरी ने खुद संधावली पुल का निरीक्षण किया था। पूरा मामला केंद्रीय मंत्रालय के समक्ष रखे जाने के बाद संधावली फ्लाईओवर को प्राथमिकता के आधार पर तैयार करने के निर्देश दिए गए थे। इसके लिए मुजफ्फरनगर और मेरठ के बीच दिल्ली-दून हाइवे पर अधूरे पड़े निर्माण कार्यों के लिए 210 करोड़ रुपये की स्वीकृति दी गई थी।
नेशनल हाइवे अथॉरिटी के अधिकारियों और जिला प्रशासन के बीच संधावली फ्लाईओवर के निर्माण कार्य को तत्काल पूरा करने की योजना तैयार कर ली गई, मगर धार्मिक स्थल और मदरसे से जुड़ी कमेटी को मनाने की चुनौती थी। लोनिवि डाक बंगले पर बुधवार को सांसद डॉ संजीव बालियान ने अफसरों के साथ बैठक की। एडीएम वित्त सियाराम मौर्य और एसएसपी अनंत देव तिवारी ने बालियान को मामले की प्रगति की जानकारी दी।
एनएच के अफसरों ने बताया कि धार्मिक स्थल को शिफ्ट करने के लिए कमेटी के लोग तैयार हो गए हैं। संधावली फ्लाईओवर के निर्माण की पूरी प्रक्रिया पर मंथन किया गया। बैठक के बाद बालियान ने बताया कि एक सप्ताह में संधावली पुल का निर्माण कार्य शुरू हो जाएगा। संधावली फ्लाईओवर क्षेत्र की बड़ी समस्या बनी हुई थी। सड़क दुर्घटनाओं में लोगों को जान से हाथ धोना पड़ रहा था।
22 लाख का मुआवजा स्वीकृत
मुजफ्फरनगर। संधावली फ्लाईओवर के निर्माण को लेकर जो योजना बनी है, उसमें संबंधित धार्मिक स्थल और मदरसे को दूसरी जगह शिफ्ट किया जाएगा। प्रशासन के मुताबिक एनएच 58 की सीमा में आए धार्मिक स्थल के पुन: निर्माण के लिए अथॉरिटी ने 22 लाख का मुआवजा स्वीकृत किया है। शीघ्र ही यह धनराशि कमेटी के खाते में ट्रांसफर कर दी जाएगी।
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एनएच-58 पर संधावली फ्लाईओवर पिछले सात साल से मौत का जंक्शन बना हुआ था, क्योंकि फ्लाईओवर पर एक लेन ही बन पाई थी। नेशनल हाइवे पर फर्राटा दौड़ते वाहन जब संधावली पुल पर पहुंचते तो उन्हें एक ही लेन में निकलना पड़ता था। हाईस्पीड गाड़ियां कंट्रोल नहीं होने से हादसे का शिकार हो रही थीं।
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सरकारी आंकड़ों के मुताबिक इस पुल पर अभी तक हुए हादसों में 50 से ज्यादा लोगों की मौत हो चुकी हैं। संधावली गांव में सड़क किनारे बनी मस्जिद और मदरसे की वजह से नेशनल हाइवे अथॉरिटी पुल को कंपलीट नहीं कर पा रही थी। पिछले सात साल से यह मांग लगातार उठ रही थी, लेकिन धार्मिक स्थल से जुड़ी कमेटी मामले में सहमति नहीं जता रही थी। पूर्व केंद्रीय मंत्री एवं सांसद डॉ संजीव बालियान ने केंद्रीय परिवहन मंत्री नितिन गड़करी के समक्ष संधावली पुल पर बढ़ती दुर्घटनाओं का मामला उठाया था।
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सांसद की पहल पर डेढ़ साल पहले जिले में आए गडकरी ने खुद संधावली पुल का निरीक्षण किया था। पूरा मामला केंद्रीय मंत्रालय के समक्ष रखे जाने के बाद संधावली फ्लाईओवर को प्राथमिकता के आधार पर तैयार करने के निर्देश दिए गए थे। इसके लिए मुजफ्फरनगर और मेरठ के बीच दिल्ली-दून हाइवे पर अधूरे पड़े निर्माण कार्यों के लिए 210 करोड़ रुपये की स्वीकृति दी गई थी।
नेशनल हाइवे अथॉरिटी के अधिकारियों और जिला प्रशासन के बीच संधावली फ्लाईओवर के निर्माण कार्य को तत्काल पूरा करने की योजना तैयार कर ली गई, मगर धार्मिक स्थल और मदरसे से जुड़ी कमेटी को मनाने की चुनौती थी। लोनिवि डाक बंगले पर बुधवार को सांसद डॉ संजीव बालियान ने अफसरों के साथ बैठक की। एडीएम वित्त सियाराम मौर्य और एसएसपी अनंत देव तिवारी ने बालियान को मामले की प्रगति की जानकारी दी।
एनएच के अफसरों ने बताया कि धार्मिक स्थल को शिफ्ट करने के लिए कमेटी के लोग तैयार हो गए हैं। संधावली फ्लाईओवर के निर्माण की पूरी प्रक्रिया पर मंथन किया गया। बैठक के बाद बालियान ने बताया कि एक सप्ताह में संधावली पुल का निर्माण कार्य शुरू हो जाएगा। संधावली फ्लाईओवर क्षेत्र की बड़ी समस्या बनी हुई थी। सड़क दुर्घटनाओं में लोगों को जान से हाथ धोना पड़ रहा था।
22 लाख का मुआवजा स्वीकृत
मुजफ्फरनगर। संधावली फ्लाईओवर के निर्माण को लेकर जो योजना बनी है, उसमें संबंधित धार्मिक स्थल और मदरसे को दूसरी जगह शिफ्ट किया जाएगा। प्रशासन के मुताबिक एनएच 58 की सीमा में आए धार्मिक स्थल के पुन: निर्माण के लिए अथॉरिटी ने 22 लाख का मुआवजा स्वीकृत किया है। शीघ्र ही यह धनराशि कमेटी के खाते में ट्रांसफर कर दी जाएगी।