{"_id":"6236278953b0020b66578308","slug":"islamic-education-is-the-biggest-message-of-humanity-dilshad-muzaffarnagar-news-mrt5810314191","type":"story","status":"publish","title_hn":"इस्लामी शिक्षा इंसानियत का सबसे बड़ा पैगाम: दिलशाद","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
इस्लामी शिक्षा इंसानियत का सबसे बड़ा पैगाम: दिलशाद
विज्ञापन
नगर के केवलपुरी मदरसा के वर्षिकोत्सव को संबोधित करते अतिथि।
- फोटो : MUZAFFARNAGAR
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मुजफ्फरनगर। मौलाना दिलशाद ने कहा कि इस्लामी शिक्षा इंसानियत का सबसे बड़ा पैगाम है। उन्होंने कहा कि मुसलमान अपने बच्चों को अफसर बनाएं, डॉक्टर, इंजीनियर बनाए, लेकिन एक अच्छा इंसान बनाने के लिए मजहब की शिक्षा जरूर दें।
मोहल्ला केवलपुरी में मदरसा इस्लामिया अरबिया फैजुल कुरान के सालाना जलसे की सरपरस्ती मुफ्ती खलीलुर्रहमान, अध्यक्षता मौलाना जमशेद व संचालन मुफ्ती जाहिद ने किया। जलसे की शुरुआत कारी जैद हुसैन की तिलावते कुरान से हुई। मौलाना जुबैर ने कहा कि बच्चों की शिक्षा पर जरूर ध्यान दें। मदरसे के मोहतमिम कारी दिलशाद अहमद ने कहा कि कुरआन और इस्लामी शिक्षा इंसानियत का बड़ा पैगाम है। इसको हासिल करने वाला हमेशा इंसानियत की भलाई के लिए कदम आगे बढ़ाता है।
जलसे में इस साल हिफ्ज करने वाली एक हफिजा व सात हाफिजों को पगड़ी पहनाई गयी। जलसे में शिरकत करने वाले मुफ्ती अब्दुल्ला, मुफ्ती गुफरान, मौलाना मौहम्मद कासिम, मौलाना गालिब, कारी शाहिद हुसैनी, कारी अब्दुल सलाम, मौलाना जुबेर रहमानी, मौलाना मौहम्मद हसन, साजिद हसन आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
मोहल्ला केवलपुरी में मदरसा इस्लामिया अरबिया फैजुल कुरान के सालाना जलसे की सरपरस्ती मुफ्ती खलीलुर्रहमान, अध्यक्षता मौलाना जमशेद व संचालन मुफ्ती जाहिद ने किया। जलसे की शुरुआत कारी जैद हुसैन की तिलावते कुरान से हुई। मौलाना जुबैर ने कहा कि बच्चों की शिक्षा पर जरूर ध्यान दें। मदरसे के मोहतमिम कारी दिलशाद अहमद ने कहा कि कुरआन और इस्लामी शिक्षा इंसानियत का बड़ा पैगाम है। इसको हासिल करने वाला हमेशा इंसानियत की भलाई के लिए कदम आगे बढ़ाता है।
विज्ञापन
जलसे में इस साल हिफ्ज करने वाली एक हफिजा व सात हाफिजों को पगड़ी पहनाई गयी। जलसे में शिरकत करने वाले मुफ्ती अब्दुल्ला, मुफ्ती गुफरान, मौलाना मौहम्मद कासिम, मौलाना गालिब, कारी शाहिद हुसैनी, कारी अब्दुल सलाम, मौलाना जुबेर रहमानी, मौलाना मौहम्मद हसन, साजिद हसन आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन