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Muzaffarnagar News: आंध्र प्रदेश में बाग लगाने के नाम पर 69.23 लाख रुपये की ठगी
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मुजफ्फरनगर। नगर निवासी एक व्यक्ति से चंडीगढ़ निवासी व्यक्ति ने आंध्र प्रदेश में बाग लगाने के नाम पर 69.23 लाख रुपये की ठगी कर ली। आरोपी ने सरकारी जमीन का अवैध रूप से बैनामा भी करा दिया। आरोपी के वर्तमान में जिला मुजफ्फरनगर जेल में बंद होने का आरोप लगाया गया है।
नई मंडी क्षेत्र के मोहल्ला पटेलनगर निवासी सचिन गर्ग ने 29 सितंबर को एसएसपी अभिषेक सिंह को प्रार्थनापत्र देकर बताया था कि उनके जानकार सोनीपत हरियाणा के गांव सैंदल कलां निवासी नवीन बोस और द्वारिकापुरी मुजफ्फरनगर निवासी अमित कुमार ने 16 सितंबर 2015 को शहर के होटल ओमेगा में चंंडीगढ़ निवासी पुनीत नंदा से मिलवाया था।
पुनीत ने बताया था कि वह आंध्र प्रदेश के जिला अनंतपुर नया में अपनी कंपनी कर्ल्स बिल्ड टैक प्रा. लि.के माध्यम से कृषि योग्य जमीन खरीदने और बेचने का काम करता है। वह सह निदेशक और राजेन्द्र अग्रवाल मुख्य निदेशक हैं। भूमि खरीद कर उसे कृषि योग्य बनाकर उस पर फलों का बाग लगाते हैं। पैसा लगाने पर वह एक एकड़ फसल के लिए 9375 रुपये प्रतिमाह की दर से मुनाफा देंगे। विश्वास कर जमीन खरीदने की बात कर चार लाख रुपये बतौर पेशगी पुनीत नंदा को दिए। 2017 तक 81.50 लाख रुपये का भुगतान कर दिया गया। पुनीत नंदा ने 12 लाख 26 हजार 985 रुपये कीमत की 9.19 एकड़ सरकारी भूमि बैनामा अवैध तरीके से उसके नाम करा दिया गया।
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आरोप है कि तय करने के बाद प्रतिमाह दिया जाने वाला पैसा भी जनवरी 2019 से देना बंद कर दिया। आरोपी पुनीत नंदा आंध्र प्रदेश से अपनी संपत्ति बेचकर भाग आया। उसने पैसा देने से भी इनकार कर दिया। उसने धमकी भी दी है। पता चला कि पुनीत के खिलाफ पहले भी मुजफ्फरनगर, सहारनपुर, मेरठ और शामली में 15-20 मुकदमे दर्ज हैं। वह वर्तमान में मुजफ्फरनगर कारागार में ही बंद है। एसएसपी के आदेश पर सीओ मंडी रूपाली राय ने जांच की। इसके बाद नई मंडी कोतवाली में मुकदमा दर्ज किया गया हैं। सीओ मंडी रुपाली राय ने बताया कि पुलिस ने कार्रवाई शुरू कर दी है।
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नई मंडी क्षेत्र के मोहल्ला पटेलनगर निवासी सचिन गर्ग ने 29 सितंबर को एसएसपी अभिषेक सिंह को प्रार्थनापत्र देकर बताया था कि उनके जानकार सोनीपत हरियाणा के गांव सैंदल कलां निवासी नवीन बोस और द्वारिकापुरी मुजफ्फरनगर निवासी अमित कुमार ने 16 सितंबर 2015 को शहर के होटल ओमेगा में चंंडीगढ़ निवासी पुनीत नंदा से मिलवाया था।
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पुनीत ने बताया था कि वह आंध्र प्रदेश के जिला अनंतपुर नया में अपनी कंपनी कर्ल्स बिल्ड टैक प्रा. लि.के माध्यम से कृषि योग्य जमीन खरीदने और बेचने का काम करता है। वह सह निदेशक और राजेन्द्र अग्रवाल मुख्य निदेशक हैं। भूमि खरीद कर उसे कृषि योग्य बनाकर उस पर फलों का बाग लगाते हैं। पैसा लगाने पर वह एक एकड़ फसल के लिए 9375 रुपये प्रतिमाह की दर से मुनाफा देंगे। विश्वास कर जमीन खरीदने की बात कर चार लाख रुपये बतौर पेशगी पुनीत नंदा को दिए। 2017 तक 81.50 लाख रुपये का भुगतान कर दिया गया। पुनीत नंदा ने 12 लाख 26 हजार 985 रुपये कीमत की 9.19 एकड़ सरकारी भूमि बैनामा अवैध तरीके से उसके नाम करा दिया गया।
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आरोप है कि तय करने के बाद प्रतिमाह दिया जाने वाला पैसा भी जनवरी 2019 से देना बंद कर दिया। आरोपी पुनीत नंदा आंध्र प्रदेश से अपनी संपत्ति बेचकर भाग आया। उसने पैसा देने से भी इनकार कर दिया। उसने धमकी भी दी है। पता चला कि पुनीत के खिलाफ पहले भी मुजफ्फरनगर, सहारनपुर, मेरठ और शामली में 15-20 मुकदमे दर्ज हैं। वह वर्तमान में मुजफ्फरनगर कारागार में ही बंद है। एसएसपी के आदेश पर सीओ मंडी रूपाली राय ने जांच की। इसके बाद नई मंडी कोतवाली में मुकदमा दर्ज किया गया हैं। सीओ मंडी रुपाली राय ने बताया कि पुलिस ने कार्रवाई शुरू कर दी है।