{"_id":"60e0aa1d8ebc3e4aeb5f9cc5","slug":"everything-from-polling-to-counting-of-votes-was-captured-on-camera-muzaffarnagar-news-mrt5457316155","type":"story","status":"publish","title_hn":"मतदान से मतगणना तक सब कुछ कैमरे में कैद","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
मतदान से मतगणना तक सब कुछ कैमरे में कैद
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मतदान से मतगणना तक सब कुछ कैमरे में कैद
मुजफ्फरनगर। जिला पंचायत अध्यक्ष के चुनाव को लेकर जिला प्रशासन पूरी तरह संवेदनशील नजर आया। मतदान से लेकर मतगणना तक सब कुछ कैमरे में कैद रहा। कलक्ट्रेट के सभी मुख्यद्वारों पर भी सीसीटीवी लगे थे। पूरी प्रक्रिया को पारदर्शी बनाया गया था। कलक्ट्रेट को इस तरह सील किया गया था कि परिंदा भी पर न मार सके।
किसी भी तरह के आरोप प्रत्यारोप से बचने के लिए जिला प्रशासन ने जिला पंचायत अध्यक्ष के चुनाव को पूरी तरह पारदर्शी रखने का प्रयास किया। कलक्ट्रेट को पूरी तरह सील किया गया था और किसी भी बाहरी व्यक्ति का प्रवेश प्रतिबंधित रहा। कचहरी में चप्पे-चप्पे पर पुलिस लगी थी। एक-एक वोटर की वोट डालने की पूरी प्रक्रिया कैमरे में कैद हुई। कंट्रोल रूम में बैठकर जहां आसानी से प्रक्रिया देखी जा रही थी वहीं इसे ऑनलाइन भी किया गया था। चुनाव आयोग के अधिकारी चुनाव पर सीधे नजर रखे हुए थे। चुनाव पर्यवेक्षक योगेंद्र सिंह पूरी प्रक्रिया होने तक डीएम कोर्ट में मौजूद रहे। मतदान से मतगणना तक की समस्त प्रक्रिया उन्हीं के सामने हुई। प्रकाश चौक पर जो हंगामा हुआ वह भी कैमरे में पूरी तरह कैद रहा। विपक्ष ने धांधली का जो आरोप लगाया प्रशासन ने उसका पूरी तरह खंडन किया। एडीएम प्रशासन अमित सिंह ने कहा कि पूरी प्रक्रिया को आराम से देखा जा सकता है, जो पूरी तरह रिकार्ड है।
विज्ञापन
मुजफ्फरनगर। जिला पंचायत अध्यक्ष के चुनाव को लेकर जिला प्रशासन पूरी तरह संवेदनशील नजर आया। मतदान से लेकर मतगणना तक सब कुछ कैमरे में कैद रहा। कलक्ट्रेट के सभी मुख्यद्वारों पर भी सीसीटीवी लगे थे। पूरी प्रक्रिया को पारदर्शी बनाया गया था। कलक्ट्रेट को इस तरह सील किया गया था कि परिंदा भी पर न मार सके।
किसी भी तरह के आरोप प्रत्यारोप से बचने के लिए जिला प्रशासन ने जिला पंचायत अध्यक्ष के चुनाव को पूरी तरह पारदर्शी रखने का प्रयास किया। कलक्ट्रेट को पूरी तरह सील किया गया था और किसी भी बाहरी व्यक्ति का प्रवेश प्रतिबंधित रहा। कचहरी में चप्पे-चप्पे पर पुलिस लगी थी। एक-एक वोटर की वोट डालने की पूरी प्रक्रिया कैमरे में कैद हुई। कंट्रोल रूम में बैठकर जहां आसानी से प्रक्रिया देखी जा रही थी वहीं इसे ऑनलाइन भी किया गया था। चुनाव आयोग के अधिकारी चुनाव पर सीधे नजर रखे हुए थे। चुनाव पर्यवेक्षक योगेंद्र सिंह पूरी प्रक्रिया होने तक डीएम कोर्ट में मौजूद रहे। मतदान से मतगणना तक की समस्त प्रक्रिया उन्हीं के सामने हुई। प्रकाश चौक पर जो हंगामा हुआ वह भी कैमरे में पूरी तरह कैद रहा। विपक्ष ने धांधली का जो आरोप लगाया प्रशासन ने उसका पूरी तरह खंडन किया। एडीएम प्रशासन अमित सिंह ने कहा कि पूरी प्रक्रिया को आराम से देखा जा सकता है, जो पूरी तरह रिकार्ड है।
विज्ञापन