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अलविदा जुमे और ईद की नमाज पांच आदमी से ज्यादा अदा न करें
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जानसठ के मोलाना नजीर अहमद कासमी।
- फोटो : KHATAULI
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अलविदा जुमे और ईद की नमाज पांच आदमी से ज्यादा अदा न करें
जानसठ। कस्बे के मदरसा तालीम उल कुरान के मौलाना नजीर अहमद कासमी ने वीडियो के माध्यम से रोजेदारों से आह्वान किया कि कोरोना वायरस की वजह से दो माह से पूरा मुल्क परेशान है। इसलिए लॉकडाउन चल रहा है। जिस तरह से रोजेदार अब तक रमजान के दिनों में अपने घरों में ही नमाज अदा करते आए हैं। उसी तरह से अलविदा जुमे और ईद की नमाज पांच आदमी से ज्यादा अदा न करें। मस्जिदों और ईदगाह में ही भी पांच ही आदमी नमाज अदा करें, भीड़ कतई जमा न करें। कहीं भी पांच से ज्यादा आदमी जमा न हो, अपने घरों के अंदर पांच-पांच आदमी ही नमाज अदा करें। शीघ्र ही हम इस कोरोना महामारी से निजात पाएंगे। फिर से हम खुशहाली के साथ अपने बाजारों और अपने कार्य करने जा सकेंगे। थोड़ा और सब्र कर लीजिए।
अलविदा जुमे की नमाज घर में पढ़ें
मोरना। मस्जिदों में एलान कर ग्रामीणों को अलविदा जुमे की नमाज को घर में ही रहकर पढ़ने के लिए जागरूक किया गया। वहीं, ईद की नमाज भी घरों में ही पढ़ने की अपील की गई। गांव ककरौली, तेवड़ा, खुजेड़ा, रुड़कली, खाईखेड़ा, बेहड़ा सादात, चौरावाला, मोरना, भोकरहेड़ी, सीकरी, भोपा, जोली, खेड़ी फिरोजाबाद, नगला बुजुर्ग, किशनपुर आदि गांवों में मस्जिद के मौलवी ने लाउडस्पीकर से एलान कर ग्रामीणों को कोरोना महामारी से बचाव रखने के लिए अलविदा जुमे की नमाज घरों में अदा करने का आह्वान किया।
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जानसठ। कस्बे के मदरसा तालीम उल कुरान के मौलाना नजीर अहमद कासमी ने वीडियो के माध्यम से रोजेदारों से आह्वान किया कि कोरोना वायरस की वजह से दो माह से पूरा मुल्क परेशान है। इसलिए लॉकडाउन चल रहा है। जिस तरह से रोजेदार अब तक रमजान के दिनों में अपने घरों में ही नमाज अदा करते आए हैं। उसी तरह से अलविदा जुमे और ईद की नमाज पांच आदमी से ज्यादा अदा न करें। मस्जिदों और ईदगाह में ही भी पांच ही आदमी नमाज अदा करें, भीड़ कतई जमा न करें। कहीं भी पांच से ज्यादा आदमी जमा न हो, अपने घरों के अंदर पांच-पांच आदमी ही नमाज अदा करें। शीघ्र ही हम इस कोरोना महामारी से निजात पाएंगे। फिर से हम खुशहाली के साथ अपने बाजारों और अपने कार्य करने जा सकेंगे। थोड़ा और सब्र कर लीजिए।
अलविदा जुमे की नमाज घर में पढ़ें
मोरना। मस्जिदों में एलान कर ग्रामीणों को अलविदा जुमे की नमाज को घर में ही रहकर पढ़ने के लिए जागरूक किया गया। वहीं, ईद की नमाज भी घरों में ही पढ़ने की अपील की गई। गांव ककरौली, तेवड़ा, खुजेड़ा, रुड़कली, खाईखेड़ा, बेहड़ा सादात, चौरावाला, मोरना, भोकरहेड़ी, सीकरी, भोपा, जोली, खेड़ी फिरोजाबाद, नगला बुजुर्ग, किशनपुर आदि गांवों में मस्जिद के मौलवी ने लाउडस्पीकर से एलान कर ग्रामीणों को कोरोना महामारी से बचाव रखने के लिए अलविदा जुमे की नमाज घरों में अदा करने का आह्वान किया।
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