{"_id":"629a54aa47a2964b81194989","slug":"divya-kakran-won-gold-medal-in-almaty-muzaffarnagar-news-mrt591425034","type":"story","status":"publish","title_hn":"अल्माटी में दिव्या काकरान ने जीता स्वर्ण पदक","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
अल्माटी में दिव्या काकरान ने जीता स्वर्ण पदक
विज्ञापन
मुजफ्फरनगर : दिव्या काकरान।
- फोटो : MUZAFFARNAGAR
मुजफ्फरनगर। दुनिया भर में अपनी प्रतिभा का लोहा मनवा चुकी अर्जुन अवार्डी पहलवान दिव्या काकरान ने एक बार फिर स्वर्णिम प्रदर्शन किया। कजाकिस्तान में आयोजित वर्ल्ड रैंकिंग प्रतियोगिता के 68 किलो भार वर्ग में दिव्या ने स्वर्ण पदक जीता।
मंसूरपुर क्षेत्र के गांव पुरबालियान की बेटी ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर फिर चमक बिखेरी। अर्जुन अवार्डी के पिता सूरज पहलवान ने बताया कि दिव्या का मुकाबला फाइनल में मंगोलिया की पहलवान के साथ हुआ। दिव्या ने दमदार खेल दिखाते हुए स्वर्ण पदक जीत लिया। शुक्रवार को दिव्या ने अपने भार वर्ग की तीनों कुश्ती जीती। फाइनल में पहुंचते ही गांव में खुशी का माहौल बन गया था। देर शाम फाइनल मुकाबले पर सबकी निगाह टिकी हुई थी। दिव्या ने मुकाबला जीता तो गांव और घर में खुशियां छा गई। इंग्लैंड के बर्मिंघम में 28 जुलाई से खेली जाने वाली कॉमनवेल्थ चैंपियनशिप और एशियन चैंपियनशिप के लिए भी दिव्या का चयन हो चुका है। दिव्या ने कहा कि ओलंपिक पदक जीतना लक्ष्य है, इसके लिए वह तैयारी में जुटी है।
सगाई के बाद पहली प्रतियोगिता
दिव्या काकरान की पिछले महीने सगाई हुई थी। सगाई के बाद पहली बार अंतरराष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिता में शिरकत करने पहुंची और स्वर्ण पदक जीता।
पिता ने कहा, बेटी पर नाज
दिव्या के पिता सूरज पहलवान ने कहा कि उन्हें अपनी बेटी पर नाज है। एयरपोर्ट से रवाना होते हुए दिव्या ने पदक का भरोसा दिया था। उन्हें उम्मीद है कि बेटी ओलंपिक का पदक भी जरूरत जीतेगी।
विज्ञापन
विज्ञापन
मंसूरपुर क्षेत्र के गांव पुरबालियान की बेटी ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर फिर चमक बिखेरी। अर्जुन अवार्डी के पिता सूरज पहलवान ने बताया कि दिव्या का मुकाबला फाइनल में मंगोलिया की पहलवान के साथ हुआ। दिव्या ने दमदार खेल दिखाते हुए स्वर्ण पदक जीत लिया। शुक्रवार को दिव्या ने अपने भार वर्ग की तीनों कुश्ती जीती। फाइनल में पहुंचते ही गांव में खुशी का माहौल बन गया था। देर शाम फाइनल मुकाबले पर सबकी निगाह टिकी हुई थी। दिव्या ने मुकाबला जीता तो गांव और घर में खुशियां छा गई। इंग्लैंड के बर्मिंघम में 28 जुलाई से खेली जाने वाली कॉमनवेल्थ चैंपियनशिप और एशियन चैंपियनशिप के लिए भी दिव्या का चयन हो चुका है। दिव्या ने कहा कि ओलंपिक पदक जीतना लक्ष्य है, इसके लिए वह तैयारी में जुटी है।
विज्ञापन
सगाई के बाद पहली प्रतियोगिता
दिव्या काकरान की पिछले महीने सगाई हुई थी। सगाई के बाद पहली बार अंतरराष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिता में शिरकत करने पहुंची और स्वर्ण पदक जीता।
पिता ने कहा, बेटी पर नाज
दिव्या के पिता सूरज पहलवान ने कहा कि उन्हें अपनी बेटी पर नाज है। एयरपोर्ट से रवाना होते हुए दिव्या ने पदक का भरोसा दिया था। उन्हें उम्मीद है कि बेटी ओलंपिक का पदक भी जरूरत जीतेगी।

दिव्या काकरान।- फोटो : MUZAFFARNAGAR
विज्ञापन