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डॉग स्क्वॉड की मदद से मिली चिकित्सक की लाश
Sun, 13 Jan 2019 12:05 AM IST
Deepak Sharma
मुजफ्फरनगर/अमर उजाला/ब्यूरो
मुजफ्फरनगर/अमर उजाला/ब्यूरो
Published by: Deepak Sharma
Updated Sun, 13 Jan 2019 12:05 AM IST
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crime
- फोटो : अमर उजाला
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भोपा/मोरना। डॉ सतीश मलिक के हत्यारोपी कामिल ने पूछताछ में रात भर पुलिस को बरगलाने के बाद शनिवार तड़के उसकी हत्या का राज उगल दिया था। डॉक्टर की लाश को गांव चुड़ियाला निवासी सुपारी किलर द्वारा ठिकाने लगाने के लिए ले जाए जाने के बाद पुलिस उसे लेकर चुड़ियाला पहुंची, जहां रेहड़ा तो मिल गया, लेकिन हत्यारोपी हत्थे नहीं चढ़े।
इसके बाद पुलिस घंटों कामिल को साथ लेकर चुड़ियाला के साथ ही भेड्डाहेड़ी, चौरावाला व मोरना सहित आधा दर्जन गांवों के जंगलों की खाक छानती रही। आखिरकार शाम होते-होते कामिल ने लाश को दौलतपुर के जंगल में फेंके जाने की बात कही, लेकिन सही जगह उसे नहीं पता थी। इसके चलते डॉग स्क्वॉड की मदद ली गई, जिसे डॉ सतीश के स्लब्ध सुंघाए गए। इसके बाद ही प्रशिक्षित डॉग सरकारी ट्यूबवेल के पीछे ईख के खेत में पहुंचे, जहां से बोरे में बंद डॉक्टर की लाश बरामद की गई।
जाम में गाड़ियां छोड़कर पैदल थाने पहुंचे कप्तान
शनिवार सुबह पशु चिकित्सक की हत्या कर दिए जाने की सूचना फैलते ही कई गांवों के आक्रोशित ग्रामीण थाने जा पहुंचे। डॉक्टर की लाश बरामदगी की मांग करते हुए थाने में हंगामे के साथ ही भोपा गंगनहर पुल के साथ ही अधिकांश संपर्क मार्गों पर भी जाम लगा दिया गया। इसी दौरान एसएसपी सुधीर कुमार सिंह व एसपी सिटी ओमवीर सिंह भी भोपा जाने के लिए गंगनहर पुल पर पहुंचे।
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काफिले में तैनात पुलिसकर्मियों ने जाम लगाए ग्रामीणों से एसएसपी व एसपी सिटी के होने का हवाला देते हुए रास्ता देने की मांग की, लेकिन गुस्साई भीड़ ने उनके लिए भी रास्ता खोलने से इंकार कर दिया। काफी देर बाद एसएसपी व एसपी सिटी को अपनी गाड़ियां गंगनहर पर ही छोड़नी पड़ीं, जिसके बाद वे वहां से पैदल ही भोपा थाने तक पहुंचे। इसी दौरान, जाम में एक एंबुलेंस भी काफी देर तक फंसी रही, जिसे बाद में ग्रामीणों ने रास्ता खुलवाकर निकलवाया। इनके अलावा गंगनहर पटरी मार्ग के रास्ते बाहर से आने वाली दर्जनों गाड़ियां भी भोपा गंगनहर पर लगाए गए जाम में फंसी रहीं, जिन्हें घंटों जाम न खुलने पर बैरंग लौटकर वैकल्पिक रास्तों से निकलना पड़ा।
सास-बहू समेत सात के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज
डॉ सतीश की हत्या के मामले में उसके भाई विनोद मलिक ने मुख्य हत्यारोपी कामिल के साथ ही उसकी मां सरवरी, पत्नी सोनम, पिता अय्यूब और गांव चुड़ियाला निवासी तीन लोगों के खिलाफ घटना की तहरीर दी है। पुलिस ने तहरीर के आधार पर हत्या और लाश छिपाने सहित अन्य संगीन धाराओं में रिपोर्ट दर्ज कर फरार हत्यारोपियों की तलाश शुरू
वारदात पल दर पल
- सुबह आठ बजे: हत्यारोपी कामिल से हुई पूछताछ की जानकारी लेने डॉ सतीश मलिक के परिजन थाने पहुंचे।
- सुबह नौ बजे: कामिल द्वारा पूछताछ में डॉ की हत्या किए जाने की सूचना परिजनों को मिली।
- सुबह दस बजे: डॉ सतीश मलिक की हत्या किए जाने की जानकारी मिलते ही भोपा, मोरना, भेड्डाहेड़ी, ककराला समेत आसपास के गांवों से सैकड़ों लोग थाने जा पहुंचे।
- सुबह 10.30 बजे: आक्रोशित भीड़ गंगनहर पुल पर पहुंची और जाम लगाया।
- सुबह 11 बजे: मुख्यमार्गों के साथ ही संपर्क मार्गों पर भी भीड़ द्वारा लगा दिया गया जाम।
- सुबह 11.30 बजे: लगातार बिगड़ते हालात के बीच अफसरों का भोपा-मोरना पहुंचना शुरू। आसपास के थानों से भी फोर्स को बुलाया गया।
- दोपहर 12 बजे: मोरना में उग्र भीड़ ने बाजार बंद कराना शुरू किया, अफरातफरी मची।
- शाम करीब पांच बजे: दौलतपुर गांव के जंगल से डॉ सतीश मलिक की बोरे में बंद लाश बरामद।
- शाम छह बजे: लाश बरामद होने के बाद ग्रामीण पीछे हटे, जाम खोला गया। हालात काफी हद तक काबू में आए।
लेनदेन को लेकर हत्या की बात सामने आ रही है। मुख्य आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है। कुछ नाम हत्या करने में सामने आए हैं, जिनकी तलाश में कई टीमें बनाकर लगातार उनके ठिकानों पर दबिशें दी जा रहीं हैं। - सुधीर कुमार सिंह, एसएसपी।
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इसके बाद पुलिस घंटों कामिल को साथ लेकर चुड़ियाला के साथ ही भेड्डाहेड़ी, चौरावाला व मोरना सहित आधा दर्जन गांवों के जंगलों की खाक छानती रही। आखिरकार शाम होते-होते कामिल ने लाश को दौलतपुर के जंगल में फेंके जाने की बात कही, लेकिन सही जगह उसे नहीं पता थी। इसके चलते डॉग स्क्वॉड की मदद ली गई, जिसे डॉ सतीश के स्लब्ध सुंघाए गए। इसके बाद ही प्रशिक्षित डॉग सरकारी ट्यूबवेल के पीछे ईख के खेत में पहुंचे, जहां से बोरे में बंद डॉक्टर की लाश बरामद की गई।
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जाम में गाड़ियां छोड़कर पैदल थाने पहुंचे कप्तान
शनिवार सुबह पशु चिकित्सक की हत्या कर दिए जाने की सूचना फैलते ही कई गांवों के आक्रोशित ग्रामीण थाने जा पहुंचे। डॉक्टर की लाश बरामदगी की मांग करते हुए थाने में हंगामे के साथ ही भोपा गंगनहर पुल के साथ ही अधिकांश संपर्क मार्गों पर भी जाम लगा दिया गया। इसी दौरान एसएसपी सुधीर कुमार सिंह व एसपी सिटी ओमवीर सिंह भी भोपा जाने के लिए गंगनहर पुल पर पहुंचे।
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काफिले में तैनात पुलिसकर्मियों ने जाम लगाए ग्रामीणों से एसएसपी व एसपी सिटी के होने का हवाला देते हुए रास्ता देने की मांग की, लेकिन गुस्साई भीड़ ने उनके लिए भी रास्ता खोलने से इंकार कर दिया। काफी देर बाद एसएसपी व एसपी सिटी को अपनी गाड़ियां गंगनहर पर ही छोड़नी पड़ीं, जिसके बाद वे वहां से पैदल ही भोपा थाने तक पहुंचे। इसी दौरान, जाम में एक एंबुलेंस भी काफी देर तक फंसी रही, जिसे बाद में ग्रामीणों ने रास्ता खुलवाकर निकलवाया। इनके अलावा गंगनहर पटरी मार्ग के रास्ते बाहर से आने वाली दर्जनों गाड़ियां भी भोपा गंगनहर पर लगाए गए जाम में फंसी रहीं, जिन्हें घंटों जाम न खुलने पर बैरंग लौटकर वैकल्पिक रास्तों से निकलना पड़ा।
सास-बहू समेत सात के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज
डॉ सतीश की हत्या के मामले में उसके भाई विनोद मलिक ने मुख्य हत्यारोपी कामिल के साथ ही उसकी मां सरवरी, पत्नी सोनम, पिता अय्यूब और गांव चुड़ियाला निवासी तीन लोगों के खिलाफ घटना की तहरीर दी है। पुलिस ने तहरीर के आधार पर हत्या और लाश छिपाने सहित अन्य संगीन धाराओं में रिपोर्ट दर्ज कर फरार हत्यारोपियों की तलाश शुरू
वारदात पल दर पल
- सुबह आठ बजे: हत्यारोपी कामिल से हुई पूछताछ की जानकारी लेने डॉ सतीश मलिक के परिजन थाने पहुंचे।
- सुबह नौ बजे: कामिल द्वारा पूछताछ में डॉ की हत्या किए जाने की सूचना परिजनों को मिली।
- सुबह दस बजे: डॉ सतीश मलिक की हत्या किए जाने की जानकारी मिलते ही भोपा, मोरना, भेड्डाहेड़ी, ककराला समेत आसपास के गांवों से सैकड़ों लोग थाने जा पहुंचे।
- सुबह 10.30 बजे: आक्रोशित भीड़ गंगनहर पुल पर पहुंची और जाम लगाया।
- सुबह 11 बजे: मुख्यमार्गों के साथ ही संपर्क मार्गों पर भी भीड़ द्वारा लगा दिया गया जाम।
- सुबह 11.30 बजे: लगातार बिगड़ते हालात के बीच अफसरों का भोपा-मोरना पहुंचना शुरू। आसपास के थानों से भी फोर्स को बुलाया गया।
- दोपहर 12 बजे: मोरना में उग्र भीड़ ने बाजार बंद कराना शुरू किया, अफरातफरी मची।
- शाम करीब पांच बजे: दौलतपुर गांव के जंगल से डॉ सतीश मलिक की बोरे में बंद लाश बरामद।
- शाम छह बजे: लाश बरामद होने के बाद ग्रामीण पीछे हटे, जाम खोला गया। हालात काफी हद तक काबू में आए।
लेनदेन को लेकर हत्या की बात सामने आ रही है। मुख्य आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है। कुछ नाम हत्या करने में सामने आए हैं, जिनकी तलाश में कई टीमें बनाकर लगातार उनके ठिकानों पर दबिशें दी जा रहीं हैं। - सुधीर कुमार सिंह, एसएसपी।