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बालिका की हत्या में उम्रकैद
अमर उजाला ब्यूरो, मुजफ्फरनगर
Updated Sat, 01 Oct 2016 12:52 AM IST
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कोर्ट का फैसला
- फोटो : अमर उजाला
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मुजफ्फरनगर में बालिका का अपहरण कर उसकी हत्या करने के मामले में कोर्ट ने एक हत्यारे को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। हत्यारा सात साल से जेल में है।
अभियोजन पक्ष के अनुसार नई मंडी कोतवाली पर गांव चांदपुर निवासी आनंद पुत्र सुखदेव ने 8 जनवरी 2009 को मुकदमा दर्ज कराया था। बताया था कि उसी मां घसीटी और 11 वर्षीय बहन जोनी दोपहर तीन बजे जंगल में घास लेने गई थीं।
मां ने बताया कि मोनू उर्फ भारतवीर पुत्र राजेंद्र, पिंकू निवासी चांदपुर जोनी का अपहरण कर ले गए हैं। परिजनों ने जोनी की तलाश की तो गन्ने के खेत में जोनी की लाश मिली।
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न्यायाधीश ने दोनों पक्षों को सुनते हुए अभियुक्त मोनू उर्फ भारतवीर को अपहरण व हत्या का दोषी करार देते हुए धारा 302 के तहत आजीवन कारावास व 10 हजार रुपये जुर्माना, धारा 364 के तहत आजीवन कारावास, 10 हजार रुपये जुर्माना, धारा 3(2 बी ) एससी/एसटी एक्ट के तहत आजीवन कारावास, 10 हजार रुपये जुर्माना, धारा 307 के तहत 10 वर्ष का कारावास और 5 हजार रुपये जुर्माना की सजा सुनाई है।
सह अभियुक्त पिंकू की सुनवाई के दौरान मौत हो गई थी।
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अभियोजन पक्ष के अनुसार नई मंडी कोतवाली पर गांव चांदपुर निवासी आनंद पुत्र सुखदेव ने 8 जनवरी 2009 को मुकदमा दर्ज कराया था। बताया था कि उसी मां घसीटी और 11 वर्षीय बहन जोनी दोपहर तीन बजे जंगल में घास लेने गई थीं।
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मां ने बताया कि मोनू उर्फ भारतवीर पुत्र राजेंद्र, पिंकू निवासी चांदपुर जोनी का अपहरण कर ले गए हैं। परिजनों ने जोनी की तलाश की तो गन्ने के खेत में जोनी की लाश मिली।
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न्यायाधीश ने दोनों पक्षों को सुनते हुए अभियुक्त मोनू उर्फ भारतवीर को अपहरण व हत्या का दोषी करार देते हुए धारा 302 के तहत आजीवन कारावास व 10 हजार रुपये जुर्माना, धारा 364 के तहत आजीवन कारावास, 10 हजार रुपये जुर्माना, धारा 3(2 बी ) एससी/एसटी एक्ट के तहत आजीवन कारावास, 10 हजार रुपये जुर्माना, धारा 307 के तहत 10 वर्ष का कारावास और 5 हजार रुपये जुर्माना की सजा सुनाई है।
सह अभियुक्त पिंकू की सुनवाई के दौरान मौत हो गई थी।