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किशोरी के अपहरण में दो को पांच साल की सजा, अर्थदंड की सजा सुनाई
अमर उजाला ब्यूरो, मुजफ्फरनगर
Updated Sun, 16 Oct 2016 04:39 PM IST
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कोर्ट का फैसला।
- फोटो : प्रतीकात्मक फोटो
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मुजफ्फरनगर। किशोरी के अपहरण के मामले में कोर्ट ने दो अभियुक्तों को पांच-पांच साल के कारावास और 10-10 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई है। एफटीसी द्वितीय की जज पूनम राजपूत ने इसका निर्णय सुनाया।
अभियोजन पक्ष के अनुसार बाबरी थाना क्षेत्र के गांव रोहनी हरजीपुर निवासी ग्रामीण ने तीन मई 2008 को थाना बाबरी पर अपहरण का मुकदमा दर्ज कराया था। बताया था कि उसकी 13 साल की बेटी का गांव के ही शमशाद उर्फ टीटू अपने साथी मोहम्मद रजा निवासी गांव हलवाना, गंगोह के साथ मिलकर अपहरण कर ले गया है। किशोरी को मुजफ्फरनगर स्टेशन से बरामद कर आरोपियों को जेल भेजा था, जो बाद में जमानत पर छूट गए थे।
यह मुकदमा न्यायाधीश पूनम राजपूत की अदालत एफटीसी द्वितीय में चला। एडीजीसी रीतू चौधरी ने कोर्ट में आठ गवाह पेश किए। कोर्ट ने दोनों पक्षों को सुनते हुए अपहरण के मामले में दोनों आरोपियों शमशाद और मोहम्मद रजा को दोषी ठहराते हुए पांच वर्ष की सजा और 10-10 हजार का जुर्माना किया। दोनों को जेल भेज दिया गया। उल्लेखनीय है कि पीड़िता किशोरी की मुकदमे के ट्रायल के दौरान बीमारी के कारण मौत हो गई थी, जिस कारण कोर्ट में उसके बयान भी नहीं हो सके थे।
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अभियोजन पक्ष के अनुसार बाबरी थाना क्षेत्र के गांव रोहनी हरजीपुर निवासी ग्रामीण ने तीन मई 2008 को थाना बाबरी पर अपहरण का मुकदमा दर्ज कराया था। बताया था कि उसकी 13 साल की बेटी का गांव के ही शमशाद उर्फ टीटू अपने साथी मोहम्मद रजा निवासी गांव हलवाना, गंगोह के साथ मिलकर अपहरण कर ले गया है। किशोरी को मुजफ्फरनगर स्टेशन से बरामद कर आरोपियों को जेल भेजा था, जो बाद में जमानत पर छूट गए थे।
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यह मुकदमा न्यायाधीश पूनम राजपूत की अदालत एफटीसी द्वितीय में चला। एडीजीसी रीतू चौधरी ने कोर्ट में आठ गवाह पेश किए। कोर्ट ने दोनों पक्षों को सुनते हुए अपहरण के मामले में दोनों आरोपियों शमशाद और मोहम्मद रजा को दोषी ठहराते हुए पांच वर्ष की सजा और 10-10 हजार का जुर्माना किया। दोनों को जेल भेज दिया गया। उल्लेखनीय है कि पीड़िता किशोरी की मुकदमे के ट्रायल के दौरान बीमारी के कारण मौत हो गई थी, जिस कारण कोर्ट में उसके बयान भी नहीं हो सके थे।
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