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मदरसों में पढ़ने वाले छात्रों के नाम-पते होंगे तस्दीक
Updated Sun, 18 Nov 2018 11:44 PM IST
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बाहरी छात्रों के नाम-पते होंगे तस्दीक
मुजफ्फरनगर। जिला महिला अस्पताल के आधार कार्ड सेंटर पर पश्चिम बंगाल का निवासी दर्शाकर आधार कार्ड बनवाने के प्रयास के मामले के बाद इंटेलीजेंस ने एक बार फिर जनपद के अल्पसंख्यक संस्थानों में पढ़ने वाले बाहरी छात्रों के नाम-पते खंगालने शुरू कर दिए हैं।
करीब सवा साल पूर्व चरथावल के गांव कुटेसरा स्थित मदरसे से बांग्लादेशी आतंकी अब्दुल्लाह अलमामून की गिरफ्तारी और अब बागोवाली स्थित मदरसे में पढ़ने वाले एक संदिग्ध छात्र द्वारा आधार कार्ड बनवाने के प्रयास संबंधी मामला प्रकाश में आने के बाद खुफिया एजेंसियां हरकत में आ गईं हैं। सूत्रों के अनुसार छात्र ने खुद को पश्चिम बंगाल का निवासी बताया था, जिसके बाद उससे पूछताछ करते हुए इस बाबत पश्चिम बंगाल सरकार को पत्र लिखकर भी छात्र के नाम-पते की तस्दीक की जा रही है। वहीं, जनपद के अल्पसंख्यक संस्थानों में पढ़ने वाले बाहरी छात्रों की पहचान जांच करने की कवायद भी नए सिरे से शुरू कर दी गई है। इस बाबत अभियान चलाते हुए संदिग्ध छात्रों को चिह्नित कर उनके नाम-पते तस्दीक करने की कार्रवाई की जाएगी।
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मुजफ्फरनगर। जिला महिला अस्पताल के आधार कार्ड सेंटर पर पश्चिम बंगाल का निवासी दर्शाकर आधार कार्ड बनवाने के प्रयास के मामले के बाद इंटेलीजेंस ने एक बार फिर जनपद के अल्पसंख्यक संस्थानों में पढ़ने वाले बाहरी छात्रों के नाम-पते खंगालने शुरू कर दिए हैं।
करीब सवा साल पूर्व चरथावल के गांव कुटेसरा स्थित मदरसे से बांग्लादेशी आतंकी अब्दुल्लाह अलमामून की गिरफ्तारी और अब बागोवाली स्थित मदरसे में पढ़ने वाले एक संदिग्ध छात्र द्वारा आधार कार्ड बनवाने के प्रयास संबंधी मामला प्रकाश में आने के बाद खुफिया एजेंसियां हरकत में आ गईं हैं। सूत्रों के अनुसार छात्र ने खुद को पश्चिम बंगाल का निवासी बताया था, जिसके बाद उससे पूछताछ करते हुए इस बाबत पश्चिम बंगाल सरकार को पत्र लिखकर भी छात्र के नाम-पते की तस्दीक की जा रही है। वहीं, जनपद के अल्पसंख्यक संस्थानों में पढ़ने वाले बाहरी छात्रों की पहचान जांच करने की कवायद भी नए सिरे से शुरू कर दी गई है। इस बाबत अभियान चलाते हुए संदिग्ध छात्रों को चिह्नित कर उनके नाम-पते तस्दीक करने की कार्रवाई की जाएगी।
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