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शिविर में बच्चों व शिक्षकों को योगाभ्यास कराया
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शिविर में बच्चों व शिक्षकों को योगाभ्यास कराया
मुजफ्फरनगर। दिल्ली पब्लिक स्कूल में बच्चों के स्वास्थ्य को उत्तम बनाने के लिए योग शिविर का आयोजन किया गया। शिविर में बच्चों तथा शिक्षकों को योगाभ्यास कराया गया।
शिविर में मुंबई से आए योगाचार्य योग कोमल के द्वारा विद्यालय प्रांगण में सभी छात्र छात्राओं एवं शिक्षकों को योगाभ्यास करवाया गया। उन्होंने बताया कि योग से शरीर और मस्तिष्क को एक साथ संतुलित करके प्रकृति से जुड़ने का सबसे सुरक्षित माध्यम है। यह व्यायाम का एक प्रकार है. जिसमें शरीर संतुलन और आहार, सांस की क्रिया के साथ शारीरिक आकृति को भी नियंत्रित करना आवश्यक है। योग के महत्व को बताने के पश्चात उन्होंने सभी को विभिन्न योगासनों से परिचित कराया। मुख्य रूप से प्राणायाम, नाड़ीशोधन, भ्रामरी, वज्रासन, भुजंगासन, सर्वांगासन, शवासन आदि का अभ्यास कराया। ध्यान मुद्रा के द्वारा बच्चों को अपनी शिक्षा एवं जीवन के प्रति सकारात्मक सोच रखते हुए ध्यान केंद्रित करने के लिए जोर दिया। प्रधानाचार्या अनीता दत्ता ने उपहार भेंट कर उनका अभिवादन करते हुए कहा कि योग हमारी दिनचर्या का अभिन्न अंग है। इसे हम नजर अंदाज नहीं कर सकते, जिस प्रकार जीवन के लिए भोजन आवश्यक है। इसी प्रकार स्वस्थ जीवन के लिए योग आवश्यक है। अंत में प्रधानाचार्या ने योगी कोमल का आभार व्यक्त किया।
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मुजफ्फरनगर। दिल्ली पब्लिक स्कूल में बच्चों के स्वास्थ्य को उत्तम बनाने के लिए योग शिविर का आयोजन किया गया। शिविर में बच्चों तथा शिक्षकों को योगाभ्यास कराया गया।
शिविर में मुंबई से आए योगाचार्य योग कोमल के द्वारा विद्यालय प्रांगण में सभी छात्र छात्राओं एवं शिक्षकों को योगाभ्यास करवाया गया। उन्होंने बताया कि योग से शरीर और मस्तिष्क को एक साथ संतुलित करके प्रकृति से जुड़ने का सबसे सुरक्षित माध्यम है। यह व्यायाम का एक प्रकार है. जिसमें शरीर संतुलन और आहार, सांस की क्रिया के साथ शारीरिक आकृति को भी नियंत्रित करना आवश्यक है। योग के महत्व को बताने के पश्चात उन्होंने सभी को विभिन्न योगासनों से परिचित कराया। मुख्य रूप से प्राणायाम, नाड़ीशोधन, भ्रामरी, वज्रासन, भुजंगासन, सर्वांगासन, शवासन आदि का अभ्यास कराया। ध्यान मुद्रा के द्वारा बच्चों को अपनी शिक्षा एवं जीवन के प्रति सकारात्मक सोच रखते हुए ध्यान केंद्रित करने के लिए जोर दिया। प्रधानाचार्या अनीता दत्ता ने उपहार भेंट कर उनका अभिवादन करते हुए कहा कि योग हमारी दिनचर्या का अभिन्न अंग है। इसे हम नजर अंदाज नहीं कर सकते, जिस प्रकार जीवन के लिए भोजन आवश्यक है। इसी प्रकार स्वस्थ जीवन के लिए योग आवश्यक है। अंत में प्रधानाचार्या ने योगी कोमल का आभार व्यक्त किया।
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