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किसानों को एकजुट होकर संघर्ष करने पड़ेगा-टिकैत
Updated Sun, 03 Jun 2018 11:20 PM IST
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किसानों को एकजुट होकर संघर्ष करना पड़ेगा : टिकैत
जानसठ। गांव राठौर में भाकियू की पंचायत में राष्ट्रीय प्रवक्ता राकेश टिकैत ने किसानों से जाति, धर्म और जात पात को भुलाकर एकजुट होने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि किसानों की एकजुटता नहीं होने के कारण ही प्रदेश सरकार किसानों का शोषण करती आई है।
रविवार को गांव राठौर में योगेश बालियान के निवास स्थान पर भाकियू की पंचायत आयोजित की गई। बैठक में राष्ट्रीय प्रवक्ता राकेश टिकैत ने कहा कि किसान का गन्ने का भुगतान समय पर नहीं होने सेे आर्थिक परेशानियों से जूझ रहा है। किसान आर्थिक परेशानी के चलते आत्महत्या करने को मजबूर है, वहीं प्रदेश सरकार किसानों के लिए छोटी-छोटी योजनाओं पर खर्च कर वाहवाही लूटने का काम कर रही है। किसानों का शुगर मिलों या प्रदेश सरकार पर पड़ा सोलह सौ करोड़ रुपये का भुगतान नहीं हो रहा है। उन्होंने भूमि अधिग्रहण बिल पूर्व की तरह रहने, आपदा ग्रस्त फसलों का मुआवजा क्षतिपूर्ति के बराबर देने, व निजी नलकूपों के विद्युत बिल माफ करने तथा रवि की फसल के लिए लिया गया किसानों का ऋण माफ होना चाहिए। उन्होंने कहा कि किसानों को जाति, धर्म भुलाकर एकजुट होकर संघर्ष करने का आह्वान किया। इस अवसर पर योगेंद्र बालियान ने दर्जनों समर्थकों के साथ यूनियन की सदस्यता ग्रहण की है। पंचायत की अध्यक्षता चेयरमैन नरेंद्र चौधरी और संचालन ओमप्रकाश शर्मा ने किया। पंचायत में मुख्य रूप से यूनियन के जिलाध्यक्ष राजू अहलावत, प्रदेश सचिव सतीश रॉयल, अशोक घटायन, बिट्टू ठाकुर, चौधरी चंद्रशेखर, प्रधान प्रधान जाकिर, रेशू गोयल, मीरापुर अध्यक्ष आलोक गोयल, सुधीर बालियान, विकास राठी कार्यकर्ता सहित किसान मौजूद रहे।
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जानसठ। गांव राठौर में भाकियू की पंचायत में राष्ट्रीय प्रवक्ता राकेश टिकैत ने किसानों से जाति, धर्म और जात पात को भुलाकर एकजुट होने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि किसानों की एकजुटता नहीं होने के कारण ही प्रदेश सरकार किसानों का शोषण करती आई है।
रविवार को गांव राठौर में योगेश बालियान के निवास स्थान पर भाकियू की पंचायत आयोजित की गई। बैठक में राष्ट्रीय प्रवक्ता राकेश टिकैत ने कहा कि किसान का गन्ने का भुगतान समय पर नहीं होने सेे आर्थिक परेशानियों से जूझ रहा है। किसान आर्थिक परेशानी के चलते आत्महत्या करने को मजबूर है, वहीं प्रदेश सरकार किसानों के लिए छोटी-छोटी योजनाओं पर खर्च कर वाहवाही लूटने का काम कर रही है। किसानों का शुगर मिलों या प्रदेश सरकार पर पड़ा सोलह सौ करोड़ रुपये का भुगतान नहीं हो रहा है। उन्होंने भूमि अधिग्रहण बिल पूर्व की तरह रहने, आपदा ग्रस्त फसलों का मुआवजा क्षतिपूर्ति के बराबर देने, व निजी नलकूपों के विद्युत बिल माफ करने तथा रवि की फसल के लिए लिया गया किसानों का ऋण माफ होना चाहिए। उन्होंने कहा कि किसानों को जाति, धर्म भुलाकर एकजुट होकर संघर्ष करने का आह्वान किया। इस अवसर पर योगेंद्र बालियान ने दर्जनों समर्थकों के साथ यूनियन की सदस्यता ग्रहण की है। पंचायत की अध्यक्षता चेयरमैन नरेंद्र चौधरी और संचालन ओमप्रकाश शर्मा ने किया। पंचायत में मुख्य रूप से यूनियन के जिलाध्यक्ष राजू अहलावत, प्रदेश सचिव सतीश रॉयल, अशोक घटायन, बिट्टू ठाकुर, चौधरी चंद्रशेखर, प्रधान प्रधान जाकिर, रेशू गोयल, मीरापुर अध्यक्ष आलोक गोयल, सुधीर बालियान, विकास राठी कार्यकर्ता सहित किसान मौजूद रहे।
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