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एनएच-907 एडी की पैमाइश, डायरेक्टर को घेरा
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व्यापारियों ने किया प्रोजेक्ट डायरेक्टर का घेराव
जानसठ। राष्ट्रीय राजमार्ग एनएच-907 एडी के प्रोजेक्ट डायरेक्टर एसके मिश्रा, पूर्व वीसी वीके सिंह, तहसीलदार पुष्कर नाथ चौधरी और राजस्व टीम ने राष्ट्रीय राजमार्ग चौड़ीकरण को लेकर कस्बे में मुख्य मार्ग की पैमाइश की। उन्होंने बताया कि जहां निर्माण आसान होगा। वहीं सड़क बनाई जाएगी। अब पैमाइश कर इसकी जांच की जा रही है। साथ ही इसकी रिपोर्ट बनाकर सरकार को भेजी जाएगी। पैमाइश के दौरान अधिवक्ता और व्यापारियों ने प्रोजेक्ट डायरेक्टर का घेराव किया। विरोध करते हुए कस्बे के बीच हाईवे निकालने की मांग की है। अधिवक्ताओं और व्यापारियों का कहना था कि हाईवे कस्बे के बीच से निकलने का वे समर्थन करते हैं। अन्य किसी जगह हाईवे निकालने का विरोध करेंगे।
हाईवे को लेकर व्यापारी और ग्रामीण आमने सामने
हाईवे बनाने को लेकर कस्बावासी व ग्रामीण दो गुटों में हैं। जहां एक गुट बाईपास बनाने को लेकर बैठक कर रहा है। तो दूसरा गुट विरोध में हैं। पानीपत खटीमा राजमार्ग पर राष्ट्रीय राजमार्ग एनएच-907 एडी कस्बे से होकर गुजरने की घोषणा की थी। लेकिन कुछ समय बाद ही जानसठ से बाईपास निकालने का पता चलने पर कस्बावासियों ने इसका विरोध करना शुरू कर दिया। कस्बे के व्यापारियों ने बाईपास बनाने के विरोध में रैली निकालकर प्रदर्शन किया। वहीं, कस्बे से ही बाईपास बनाने की मांग की गई। व्यापारियों का कहना है कि बाईपास निकलने से कस्बे का विकास बाधित होगा। रैली निकालने वालों में व्यापार मंडल अध्यक्ष अजीत सिंह, सभासद अब्दुल्ला कुरैशी, विभा सिंह, अरशद खान, शारिक फरीदी, सतवीर, सलाउद्दीन, राहुल कंसल, अमित पाल, अमित सैनी आदि रहे। वहीं, दूसरी ओर गांव तालड़ा, वाजिदपुर के ग्रामीणों ने तालड़ा गांव में बैठक कर बाईपास बनाए जाने का समर्थन किया। बैठक में सपा नेता हारुन खान ने कहा कि सरकार पर दबाव बनाकर कुछ लोग ग्रामीण क्षेत्र का विकास रोक रहे हैं। जिसके चलते वे गांव से गुजरने वाले बाईपास का विरोध हो रहा है। कस्बे के बीच से हाईवे बनने पर दुर्घटना का खतरा बना रहेगा। ग्रामीणों ने कहा कि बाईपास नहीं बनने से इसका खामियाजा सरकार को भुगतना पड़ेगा। बैठक में ग्राम प्रधान रतन सिंह, अभिषेक पाल, अंशुल राणा, सौरभ काकरान, गौरव सिंह, विवेक पाल, तेजपाल सिंह, ललित कुमार, विजेंद्र सिंह, मांगेराम सैनी, हरिसिंह, राजकुमार, धर्म सिंह, आसिफ खान, लोकेंद्र पाल आदि रहे।
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जानसठ। राष्ट्रीय राजमार्ग एनएच-907 एडी के प्रोजेक्ट डायरेक्टर एसके मिश्रा, पूर्व वीसी वीके सिंह, तहसीलदार पुष्कर नाथ चौधरी और राजस्व टीम ने राष्ट्रीय राजमार्ग चौड़ीकरण को लेकर कस्बे में मुख्य मार्ग की पैमाइश की। उन्होंने बताया कि जहां निर्माण आसान होगा। वहीं सड़क बनाई जाएगी। अब पैमाइश कर इसकी जांच की जा रही है। साथ ही इसकी रिपोर्ट बनाकर सरकार को भेजी जाएगी। पैमाइश के दौरान अधिवक्ता और व्यापारियों ने प्रोजेक्ट डायरेक्टर का घेराव किया। विरोध करते हुए कस्बे के बीच हाईवे निकालने की मांग की है। अधिवक्ताओं और व्यापारियों का कहना था कि हाईवे कस्बे के बीच से निकलने का वे समर्थन करते हैं। अन्य किसी जगह हाईवे निकालने का विरोध करेंगे।
हाईवे को लेकर व्यापारी और ग्रामीण आमने सामने
हाईवे बनाने को लेकर कस्बावासी व ग्रामीण दो गुटों में हैं। जहां एक गुट बाईपास बनाने को लेकर बैठक कर रहा है। तो दूसरा गुट विरोध में हैं। पानीपत खटीमा राजमार्ग पर राष्ट्रीय राजमार्ग एनएच-907 एडी कस्बे से होकर गुजरने की घोषणा की थी। लेकिन कुछ समय बाद ही जानसठ से बाईपास निकालने का पता चलने पर कस्बावासियों ने इसका विरोध करना शुरू कर दिया। कस्बे के व्यापारियों ने बाईपास बनाने के विरोध में रैली निकालकर प्रदर्शन किया। वहीं, कस्बे से ही बाईपास बनाने की मांग की गई। व्यापारियों का कहना है कि बाईपास निकलने से कस्बे का विकास बाधित होगा। रैली निकालने वालों में व्यापार मंडल अध्यक्ष अजीत सिंह, सभासद अब्दुल्ला कुरैशी, विभा सिंह, अरशद खान, शारिक फरीदी, सतवीर, सलाउद्दीन, राहुल कंसल, अमित पाल, अमित सैनी आदि रहे। वहीं, दूसरी ओर गांव तालड़ा, वाजिदपुर के ग्रामीणों ने तालड़ा गांव में बैठक कर बाईपास बनाए जाने का समर्थन किया। बैठक में सपा नेता हारुन खान ने कहा कि सरकार पर दबाव बनाकर कुछ लोग ग्रामीण क्षेत्र का विकास रोक रहे हैं। जिसके चलते वे गांव से गुजरने वाले बाईपास का विरोध हो रहा है। कस्बे के बीच से हाईवे बनने पर दुर्घटना का खतरा बना रहेगा। ग्रामीणों ने कहा कि बाईपास नहीं बनने से इसका खामियाजा सरकार को भुगतना पड़ेगा। बैठक में ग्राम प्रधान रतन सिंह, अभिषेक पाल, अंशुल राणा, सौरभ काकरान, गौरव सिंह, विवेक पाल, तेजपाल सिंह, ललित कुमार, विजेंद्र सिंह, मांगेराम सैनी, हरिसिंह, राजकुमार, धर्म सिंह, आसिफ खान, लोकेंद्र पाल आदि रहे।
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