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बिना सिमरण के यह जीवन व्यर्थ
Updated Sun, 10 Jun 2018 12:12 AM IST
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बिना सिमरण के यह जीवन व्यर्थ
मुजफ्फरनगर।
गांधी कॉलोनी स्थित अद्वैत स्वरूप आश्रम नंगली कुटिया में श्रीमद्भागवत कथा सप्ताह का आयोजन हुआ। धार्मिक समारोह की अगुवाई संत बेअंतपुरी, विश्वासपुरी, शिवपुरी और सर्वानदंपुरी ने संयुक्त रूप से की। कथा व्यास श्री श्री 1008 महा मंडलेश्वर स्वामी मैत्रेयी गिरि जी महाराज ने भक्तों को निहाल किया।
संत बेअंतपुरी और विश्वासपुरी महाराज ने बताया कि कथा 13 जून तक चलेगी। शनिवार को कथा व्यास महामंडलेश्वर स्वामी मैत्रेयी गिरि जी ने कहा कि कलियुग में हर कोई टेंशन में है और टेंशन ही सबसे बड़ी सिरदर्द बनी हुई है। इस टेंशन को खत्म करने वाली एक मात्र दवा है और वह राम नाम का सिमरण। उन्होंने कहा कि बिना सिमरण के यह जीवन व्यर्थ है। श्रीमद्भागवत कथा मनुष्य को उसके जीवन का असली परिचय करवाती है। साथ ही जीवन को कैसे जीना चाहिए, इस बात का ज्ञान भी देती है। कथा को सुनना और सुनाना दोनों ही बडे़ भाग्य की बात है। उन्होंने कहा कि बेटियों को बेटों से कम नही आंकना चाहिए। मंच का संचालन मुलखराज ने किया। इस मौके पर संजय, अमर , अनिल, कवल, अमृत, विजय, राजू, राजेश, नीलम, सुदेश, कंचन, शशी, रितिका, संयुक्ता, सलौनी खुशबू, तरुणा रघुवंशी, चेतन, ममता आदि उपस्थित रहे।
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मुजफ्फरनगर।
गांधी कॉलोनी स्थित अद्वैत स्वरूप आश्रम नंगली कुटिया में श्रीमद्भागवत कथा सप्ताह का आयोजन हुआ। धार्मिक समारोह की अगुवाई संत बेअंतपुरी, विश्वासपुरी, शिवपुरी और सर्वानदंपुरी ने संयुक्त रूप से की। कथा व्यास श्री श्री 1008 महा मंडलेश्वर स्वामी मैत्रेयी गिरि जी महाराज ने भक्तों को निहाल किया।
संत बेअंतपुरी और विश्वासपुरी महाराज ने बताया कि कथा 13 जून तक चलेगी। शनिवार को कथा व्यास महामंडलेश्वर स्वामी मैत्रेयी गिरि जी ने कहा कि कलियुग में हर कोई टेंशन में है और टेंशन ही सबसे बड़ी सिरदर्द बनी हुई है। इस टेंशन को खत्म करने वाली एक मात्र दवा है और वह राम नाम का सिमरण। उन्होंने कहा कि बिना सिमरण के यह जीवन व्यर्थ है। श्रीमद्भागवत कथा मनुष्य को उसके जीवन का असली परिचय करवाती है। साथ ही जीवन को कैसे जीना चाहिए, इस बात का ज्ञान भी देती है। कथा को सुनना और सुनाना दोनों ही बडे़ भाग्य की बात है। उन्होंने कहा कि बेटियों को बेटों से कम नही आंकना चाहिए। मंच का संचालन मुलखराज ने किया। इस मौके पर संजय, अमर , अनिल, कवल, अमृत, विजय, राजू, राजेश, नीलम, सुदेश, कंचन, शशी, रितिका, संयुक्ता, सलौनी खुशबू, तरुणा रघुवंशी, चेतन, ममता आदि उपस्थित रहे।
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