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युष मंत्रालय ने मांगा डिस्पेंसरी का ब्यौरा
Updated Sun, 25 Mar 2018 12:24 AM IST
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मुजफ्फरनगर। भारत सरकार के आयुष मंत्रालय ने जनपद में संचालित सरकारी आयुर्वेदिक अस्पताल, डिस्पेंसरी के साथ चिकित्सकों का ब्योरा मांगा है। डीएम को पत्र भेजकर मंत्रालय ने एक सप्ताह में सूची भेजने के निर्देश दिए हैं। इसको लेकर स्थानीय आयुष विभाग में खलबली मची हुई है।
केंद्र और प्रदेश स्तर पर आयुष और ऐलोपैथ को एक छत के नीचे रखकर आम लोगों को उपचार दिए जाने की योजना तैयार की गई है। इसके चलते प्रदेश सरकार ने आयुष विंग के उन अस्पतालों पर ताले लगाने के निर्देश दिए हैं, जो किराये की बिल्डिंग में संचालित है। यहां की डिस्पेंसरी को नजदीकी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र और पीएचसी पर संबद्ध किया जाएगा। वहीं, केंद्र सरकार आयुष पद्धत्ति से उपचार पर जोर दे रही है। आयुर्वेदिक इलाज को बेहतर बनाने का प्रयास किया जा रहा है। इसको लेकर जेनरिक दवाओं के स्टोर खोले जा रहे हैं।
इस अभियान को लेकर केंद्रीय आयुष मंत्रालय ने जनपद में आयुर्वेदिक के अस्पतालों, डिस्पेंसरी के साथ तैनात चिकित्सकों की सूची मांगी है। इसको लेकर डीएम को पत्र भेजा गया है। डीएम ने विभागीय अधिकारियों को पत्र भेजकर एक सप्ताह में पूरा ब्योरा उपलब्ध कराने के निर्देश दिए हैं। क्षेत्रीय आयुष एवं यूनानी अधिकारी डॉ आशा बजाज ने बताया कि जो ब्योरा मांगा गया था, वह भेज दिया गया है। इसमें सभी चिकित्सकों, अस्पतालों की सूची भेजी गई है।
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केंद्र और प्रदेश स्तर पर आयुष और ऐलोपैथ को एक छत के नीचे रखकर आम लोगों को उपचार दिए जाने की योजना तैयार की गई है। इसके चलते प्रदेश सरकार ने आयुष विंग के उन अस्पतालों पर ताले लगाने के निर्देश दिए हैं, जो किराये की बिल्डिंग में संचालित है। यहां की डिस्पेंसरी को नजदीकी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र और पीएचसी पर संबद्ध किया जाएगा। वहीं, केंद्र सरकार आयुष पद्धत्ति से उपचार पर जोर दे रही है। आयुर्वेदिक इलाज को बेहतर बनाने का प्रयास किया जा रहा है। इसको लेकर जेनरिक दवाओं के स्टोर खोले जा रहे हैं।
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इस अभियान को लेकर केंद्रीय आयुष मंत्रालय ने जनपद में आयुर्वेदिक के अस्पतालों, डिस्पेंसरी के साथ तैनात चिकित्सकों की सूची मांगी है। इसको लेकर डीएम को पत्र भेजा गया है। डीएम ने विभागीय अधिकारियों को पत्र भेजकर एक सप्ताह में पूरा ब्योरा उपलब्ध कराने के निर्देश दिए हैं। क्षेत्रीय आयुष एवं यूनानी अधिकारी डॉ आशा बजाज ने बताया कि जो ब्योरा मांगा गया था, वह भेज दिया गया है। इसमें सभी चिकित्सकों, अस्पतालों की सूची भेजी गई है।
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