{"_id":"5ad8ec714f1c1b80028b57e6","slug":"191524165745-muzaffarnagar-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"वेंटीलेटर पर शहर के एटीएम","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
वेंटीलेटर पर शहर के एटीएम
Updated Fri, 20 Apr 2018 12:52 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
जिले में आधे से अधिक एटीएम में कैश नहीं
मुजफ्फरनगर।
जिले में आधे से अधिक एटीएम लगातार बंद पड़े हुए हैं। 40 प्रतिशत एटीएम ऐसे हैं, जो कि घंटों के हिसाब से चलाए जा रहे हैं। केवल कुछ ही एटीएम ऐेसे हैं, जो लगातार चल पा रहे हैं। एटीएम तो क्या जिले के बैंकों के करेंसी चेस्ट की हालत भी पतली है।
बीते एक सप्ताह से जिले में बैंकों में नकदी की समस्या बनी है। शहर के बैंकों में तो नकदी को मना नहीं किया जा रहा है, लेकिन एटीएम मानो दम तोड़ चुके हैं। 50 प्रतिशत एटीएम जिनमें एसबीआई, पीएनबी, केनरा बैंक, यूनियन बैंक, इंडियन बैंक, एक्सिस बैंक आदि शामिल हैं लगातार बंद चल रहे हैं। 40 प्रतिशत एटीएम की हालत शहर में ये है कि उन्हें दिन में कुछ घंटों के लिए खोला जाता है। इतना कम कैश होता है कि कुछ ही देर में खाली हो जाता है। केवल दस प्रतिशत एटीएम जो बैंकों की मुख्य शाखाओं से जुड़े हैं, उनमें ही लगातार पैसा ग्राहकों को मिल रहा है। ऐसे एटीएम पर लंबी कतारें लगनी प्रारंभ हो चुकी है। सुबह और शाम के समय अधिक रस है। एटीएम जहां नकदी के संकट से जूझ रहे हैं, वहीं बैंकों के करेंसी चेस्ट की हालत भी पतली है। आवश्यकता के मुकाबले पैसा काफी कम है। लीड बैंक मैनेजर शशिकुमार जैन के अनुसार ऊपर से कम पैसा आने के कारण यह हालत बनी है। स्थिति में जल्द ही सुधार की बात कही गई है।
विज्ञापन
मुजफ्फरनगर।
जिले में आधे से अधिक एटीएम लगातार बंद पड़े हुए हैं। 40 प्रतिशत एटीएम ऐसे हैं, जो कि घंटों के हिसाब से चलाए जा रहे हैं। केवल कुछ ही एटीएम ऐेसे हैं, जो लगातार चल पा रहे हैं। एटीएम तो क्या जिले के बैंकों के करेंसी चेस्ट की हालत भी पतली है।
बीते एक सप्ताह से जिले में बैंकों में नकदी की समस्या बनी है। शहर के बैंकों में तो नकदी को मना नहीं किया जा रहा है, लेकिन एटीएम मानो दम तोड़ चुके हैं। 50 प्रतिशत एटीएम जिनमें एसबीआई, पीएनबी, केनरा बैंक, यूनियन बैंक, इंडियन बैंक, एक्सिस बैंक आदि शामिल हैं लगातार बंद चल रहे हैं। 40 प्रतिशत एटीएम की हालत शहर में ये है कि उन्हें दिन में कुछ घंटों के लिए खोला जाता है। इतना कम कैश होता है कि कुछ ही देर में खाली हो जाता है। केवल दस प्रतिशत एटीएम जो बैंकों की मुख्य शाखाओं से जुड़े हैं, उनमें ही लगातार पैसा ग्राहकों को मिल रहा है। ऐसे एटीएम पर लंबी कतारें लगनी प्रारंभ हो चुकी है। सुबह और शाम के समय अधिक रस है। एटीएम जहां नकदी के संकट से जूझ रहे हैं, वहीं बैंकों के करेंसी चेस्ट की हालत भी पतली है। आवश्यकता के मुकाबले पैसा काफी कम है। लीड बैंक मैनेजर शशिकुमार जैन के अनुसार ऊपर से कम पैसा आने के कारण यह हालत बनी है। स्थिति में जल्द ही सुधार की बात कही गई है।
विज्ञापन