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ऑटोमैटिक लॉक हो जाएगी टिकट मशीन
Updated Sat, 09 Sep 2017 12:45 AM IST
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ईटीआईएम लेते ही आधा घंटे में चलेगी बस
मुजफ्फरनगर। बसों की लेटलतीफी और चालक-परिचालकों की मनमानी अब यात्रियों पर भारी नहीं पड़ेेगी। डिपो से राइट टाइम बसों को रूट पर उतारने के लिए टिकट मशीन मुख्य भूमिका निभाएगी। परिचालक के टिकट मशीन लेने के 30 मिनट के भीतर चालक को बस चलानी पड़ेगी। ऐसा नहीं करने पर टिकट मशीन ऑटोमेटिक लॉक हो जाएगी। इस पर चालक-परिचालक पर कार्रवाई की जाएगी।
यूपी सड़क परिवहन निमग की बसें डिपो से अब सही समय पर रवाना होंगी। इसके लिए विशेष योजना तैयार की गई है। बसों के टाइम से चलने के साथ निर्धारित रूट पर ही चलाई जाएंगी। परिवहन निगम ने डिपो में अनुज त्यागी को कंप्यूटर कोआर्डिनेटर नियुक्त किया है, इन्हें बसों के टाइम शेड्यूल, फास्टटैग के साथ ड्यूटी स्लिप की जिम्मेदारी दी गई है। अब तक रोडवेज में चालक-परिचालक मनमाने समय पर बस चलाते थे। ऐसे में कई मर्तबा यात्रियों और चालकों में बहस भी होने की घटनाएं हुई हैं। इन शिकायतों को ध्यान में रखते हुए यह योजना बनी है। डिपो में प्रत्येक इलेक्ट्रिक टिकट इश्यूइंग मशीन (ईटीआईएम) में बस संख्या, रूट के साथ टाइम अपलोड किया गया है। ईटीआईएम में फीड रूट पर ही बस चलाई जा सकेगी। इसके अलग बस रूट पर जाएगी तो परिचालक टिकट नहीं बना सकेंगे।
इतना ही नहीं, ईटीआईएम बैग रखकर इधर-उधर गप्पे हांकना भी भारी पड़ेगा। डिपो से परिचालक बस के नंबर से ईटीआईएम जारी होने के 30 मिनट के भीतर बस चलानी होगी। टिकट मशीन में कंप्यूटर से समय फीड किया जाएगा। यदि 30 मिनट से अधिक समय हुआ तो टिकट मशीन ऑटोमेटिक लॉक हो जाएगी। जिससे बस रूट पर नहीं जाएगी और चालक-परिचालक को कार्रवाई का सामना करना पड़ेगा। कोआर्डिनेटर अनुज त्यागी ने बताया कि परिवहन की बसों में लगे फास्टटैग की भी टोल प्लाजा से सूचना ली जाएगी। अब ईटीआईएम में बदलाव किया गया है, जिससे बसों के संचालन में समयबद्धता आने के साथ परिचालकों की मनमानी पर रोक लगेगी।
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ट्रैक माय बस बताएगा आपकी बस
मुजफ्फरनगर। यूपी एसआरटीसी बसों का भी समय, रूट ऑनलाइन करने में लगा है। ट्रैक माय बस साफ्टवेयर पर प्रदेशभर के डिपो की बसों का टाइमिंग, रूट फीड किया जा रहा है। जिसके माध्यम से एक क्लिक कर अपनी बस के बारे में जानकारी की जा सकेगी। इसके लिए डिपो की सभी बसों के नंबर समेत यहां से रूट मुख्यालय मांगे गए हैं।
अनुबंधित को भी कंप्यूटर स्लिप
मुजफ्फरनगर। डिपो पर लगी अनुबंधित रोडवेज बसों के चालक-परिचालकों को ड्यूटी स्लिप कंप्यूटराइज्ड मिलेगी। अभी तक हाथ से बनी स्लिप पर अनुबंधित बसों का संचालन होता था, जिससे स्लिप में छेड़छाड़ और काट-छांट की आशंका रहती थी, अब ऐसा नहीं रहेगा।
डिपो पर एक नजर:
विषय---------संख्या
निगम की बस-----138
अनुबंधित बस------68
निगम के चालक-----70
संविदा चालक------235
निगम के परिचालक---72
संविदा परिचालक----306
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मुजफ्फरनगर। बसों की लेटलतीफी और चालक-परिचालकों की मनमानी अब यात्रियों पर भारी नहीं पड़ेेगी। डिपो से राइट टाइम बसों को रूट पर उतारने के लिए टिकट मशीन मुख्य भूमिका निभाएगी। परिचालक के टिकट मशीन लेने के 30 मिनट के भीतर चालक को बस चलानी पड़ेगी। ऐसा नहीं करने पर टिकट मशीन ऑटोमेटिक लॉक हो जाएगी। इस पर चालक-परिचालक पर कार्रवाई की जाएगी।
यूपी सड़क परिवहन निमग की बसें डिपो से अब सही समय पर रवाना होंगी। इसके लिए विशेष योजना तैयार की गई है। बसों के टाइम से चलने के साथ निर्धारित रूट पर ही चलाई जाएंगी। परिवहन निगम ने डिपो में अनुज त्यागी को कंप्यूटर कोआर्डिनेटर नियुक्त किया है, इन्हें बसों के टाइम शेड्यूल, फास्टटैग के साथ ड्यूटी स्लिप की जिम्मेदारी दी गई है। अब तक रोडवेज में चालक-परिचालक मनमाने समय पर बस चलाते थे। ऐसे में कई मर्तबा यात्रियों और चालकों में बहस भी होने की घटनाएं हुई हैं। इन शिकायतों को ध्यान में रखते हुए यह योजना बनी है। डिपो में प्रत्येक इलेक्ट्रिक टिकट इश्यूइंग मशीन (ईटीआईएम) में बस संख्या, रूट के साथ टाइम अपलोड किया गया है। ईटीआईएम में फीड रूट पर ही बस चलाई जा सकेगी। इसके अलग बस रूट पर जाएगी तो परिचालक टिकट नहीं बना सकेंगे।
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इतना ही नहीं, ईटीआईएम बैग रखकर इधर-उधर गप्पे हांकना भी भारी पड़ेगा। डिपो से परिचालक बस के नंबर से ईटीआईएम जारी होने के 30 मिनट के भीतर बस चलानी होगी। टिकट मशीन में कंप्यूटर से समय फीड किया जाएगा। यदि 30 मिनट से अधिक समय हुआ तो टिकट मशीन ऑटोमेटिक लॉक हो जाएगी। जिससे बस रूट पर नहीं जाएगी और चालक-परिचालक को कार्रवाई का सामना करना पड़ेगा। कोआर्डिनेटर अनुज त्यागी ने बताया कि परिवहन की बसों में लगे फास्टटैग की भी टोल प्लाजा से सूचना ली जाएगी। अब ईटीआईएम में बदलाव किया गया है, जिससे बसों के संचालन में समयबद्धता आने के साथ परिचालकों की मनमानी पर रोक लगेगी।
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ट्रैक माय बस बताएगा आपकी बस
मुजफ्फरनगर। यूपी एसआरटीसी बसों का भी समय, रूट ऑनलाइन करने में लगा है। ट्रैक माय बस साफ्टवेयर पर प्रदेशभर के डिपो की बसों का टाइमिंग, रूट फीड किया जा रहा है। जिसके माध्यम से एक क्लिक कर अपनी बस के बारे में जानकारी की जा सकेगी। इसके लिए डिपो की सभी बसों के नंबर समेत यहां से रूट मुख्यालय मांगे गए हैं।
अनुबंधित को भी कंप्यूटर स्लिप
मुजफ्फरनगर। डिपो पर लगी अनुबंधित रोडवेज बसों के चालक-परिचालकों को ड्यूटी स्लिप कंप्यूटराइज्ड मिलेगी। अभी तक हाथ से बनी स्लिप पर अनुबंधित बसों का संचालन होता था, जिससे स्लिप में छेड़छाड़ और काट-छांट की आशंका रहती थी, अब ऐसा नहीं रहेगा।
डिपो पर एक नजर:
विषय---------संख्या
निगम की बस-----138
अनुबंधित बस------68
निगम के चालक-----70
संविदा चालक------235
निगम के परिचालक---72
संविदा परिचालक----306