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मिशन इंद्रधनुष की निगरानी करेगी डीटीएफ
Updated Sat, 30 Dec 2017 11:54 PM IST
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मुजफ्फरनगर।
मिशन इंद्रधनुष को लेकर प्रशासन पूरी तरह से सक्रिय हो गया है। एडीएम ने मिशन में लगे 124 अधिकारियों के साथ अभियान की रूपरेखा तैयार की है। सेक्टर मजिस्ट्रेट और जोनल मजिस्ट्रेट के साथ सेक्टर प्रभारियों को ड्यूटी सौंपी गई है। दस दिन चलने वाले अभियान की निगरानी के लिए डिस्ट्रिक टॉस्क फोर्स (डीटीएफ) का गठन किया गया है, जो प्रत्येक क्षेत्र में जाकर जांच-पड़ताल करेगी।
नववर्ष पर बड़े पैमाने पर मिशन इंद्रधनुष अभियान चलेगा। जिसमें बच्चों और गर्भवती महिलाओं को सात बीमारियों से बचाने के लिए टीके लगाए जाएंगे। अभी तक स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी, कर्मचारी अभियान को अंजाम देते थे, अब ऐसा नहीं होगा। जिला स्तर पर चलने वाले अभियान में 124 अधिकारियों की टीम बनाई गई है। इसमें सबसे महत्वपूर्ण डिस्ट्रिक टॉस्क फोर्स (डीटीएफ) है। डीटीएफ पूरे अभियान पर नजर रखेगी। इसके लिए एडीएम प्रशासन हरीशचंद्र ने स्वास्थ्य विभाग और प्रशासनिक अधिकारियों की मीटिंग ली है। मीटिंग में प्रत्येक अधिकारी और कर्मचारी को उसकी ड्यूटी बताई गई है। आठ जनवरी से 18 जनवरी तक अभियान चलेगा। जिसमें बुधवार, शनिवार और रविवार को टीकाकरण नहीं होगा। अभियान में वैक्सीन की जांच, टीम का कार्य और कर्मचारियों की अनुपस्थिति की अलग से जांच होगी। इसके साथ ही अधिकारियों की टीम उन परिवारों को समझाएगी, जो टीकाकरण का विरोध करते हैं। इन्हें समझाकर टीकाकरण कराया जाएगा। एसीएमओ डॉ एसके अग्रवाल ने बताया कि अभियान की पूरी तैयारियां कर ली गई है। आठ जनवरी से अभियान के तहत टीकाकरण प्रारंभ होगा। किस अधिकारी, कर्मचारी को क्या करना है? इसका ब्यौरा बनाकर ड्यूटी सौंपी गई है।
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मिशन इंद्रधनुष को लेकर प्रशासन पूरी तरह से सक्रिय हो गया है। एडीएम ने मिशन में लगे 124 अधिकारियों के साथ अभियान की रूपरेखा तैयार की है। सेक्टर मजिस्ट्रेट और जोनल मजिस्ट्रेट के साथ सेक्टर प्रभारियों को ड्यूटी सौंपी गई है। दस दिन चलने वाले अभियान की निगरानी के लिए डिस्ट्रिक टॉस्क फोर्स (डीटीएफ) का गठन किया गया है, जो प्रत्येक क्षेत्र में जाकर जांच-पड़ताल करेगी।
नववर्ष पर बड़े पैमाने पर मिशन इंद्रधनुष अभियान चलेगा। जिसमें बच्चों और गर्भवती महिलाओं को सात बीमारियों से बचाने के लिए टीके लगाए जाएंगे। अभी तक स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी, कर्मचारी अभियान को अंजाम देते थे, अब ऐसा नहीं होगा। जिला स्तर पर चलने वाले अभियान में 124 अधिकारियों की टीम बनाई गई है। इसमें सबसे महत्वपूर्ण डिस्ट्रिक टॉस्क फोर्स (डीटीएफ) है। डीटीएफ पूरे अभियान पर नजर रखेगी। इसके लिए एडीएम प्रशासन हरीशचंद्र ने स्वास्थ्य विभाग और प्रशासनिक अधिकारियों की मीटिंग ली है। मीटिंग में प्रत्येक अधिकारी और कर्मचारी को उसकी ड्यूटी बताई गई है। आठ जनवरी से 18 जनवरी तक अभियान चलेगा। जिसमें बुधवार, शनिवार और रविवार को टीकाकरण नहीं होगा। अभियान में वैक्सीन की जांच, टीम का कार्य और कर्मचारियों की अनुपस्थिति की अलग से जांच होगी। इसके साथ ही अधिकारियों की टीम उन परिवारों को समझाएगी, जो टीकाकरण का विरोध करते हैं। इन्हें समझाकर टीकाकरण कराया जाएगा। एसीएमओ डॉ एसके अग्रवाल ने बताया कि अभियान की पूरी तैयारियां कर ली गई है। आठ जनवरी से अभियान के तहत टीकाकरण प्रारंभ होगा। किस अधिकारी, कर्मचारी को क्या करना है? इसका ब्यौरा बनाकर ड्यूटी सौंपी गई है।
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