{"_id":"5af493a84f1c1be2798b8c14","slug":"151525978024-muzaffarnagar-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"चकरोड़ व सिंचाई नाली को कब्जामुक्त कराया","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
चकरोड़ व सिंचाई नाली को कब्जामुक्त कराया
Updated Fri, 11 May 2018 12:17 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
चकरोड व सिंचाई नाली को कब्जामुक्त कराया
मोरना। तहसील की टीम ने चकरोड व नाली को कब्जामुक्त कराया। मौके पर ही विवाद का निस्तारण कर चकरोड को तैयार किया गया। गांव बहुपुरा निवासी विपिन पुत्र किशनदास ने बताया कि वे 1990 से लगातार जानसठ तहसील में चकरोड व सिंचाई की नाली को कब्जामुक्त कराने को लेकर चक्कर काटता रहा है। पांच बार मौके पर पहुंची तहसील की टीम ने चकरोड की पैमाइश कर निशानदेही तो की, किंतु कभी चकरोड को कब्जामुक्त नहीं कराया गया था। वहीं भोपा क्षेत्र के राजस्व निरीक्षक ओमप्रकाश चौहान ने बताया कि एसडीएम के आदेश पर गांव शुक्रतारी के जंगल में मोरना व बहुपुरा मार्ग पर खसरा नंबर 996, 1004, 1006 पर चकरोड को लेकर व खसरा नंबर 1005 में सिंचाई नाली के विवाद को लेकर की गई शिकायत पर कार्रवाई करते हुए लेखपाल सोमपाल सिंह, नवीन, गौतम, संतोष कुमार, पिंटू कुमार, संजय कुमार द्वारा मौके पर पहुंचकर भूमि पैमाइश कर निशानदेही की गई व चकरोड तथा सिंचाई नाली को कब्जामुक्त कराया गया है। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि चकरोड़ सन् 1950 के बंद थी। इस मौके पर सुरेन्द्र सिंह, नैपाल सिंह, रामबीर सिंह, आनन्द कुमार आदि मौजूद रहे।
छात्र के अपहरण का मुकदमा दर्ज
मोरना। भोपा क्षेत्र के गांव निवासी ने पुलिस को तहरीर देकर बताया कि उसकी पुत्री जो कक्षा 11 की छात्रा है। परिजनों ने गांव के ही युवक पर छात्रा का अपहरण करने का आरोप लगाया। पुलिस ने आरोपी विरुद्ध अपहरण का मुकदमा दर्जकर उसकी तलाश प्रारंभ कर दी है।
विज्ञापन
मोरना। तहसील की टीम ने चकरोड व नाली को कब्जामुक्त कराया। मौके पर ही विवाद का निस्तारण कर चकरोड को तैयार किया गया। गांव बहुपुरा निवासी विपिन पुत्र किशनदास ने बताया कि वे 1990 से लगातार जानसठ तहसील में चकरोड व सिंचाई की नाली को कब्जामुक्त कराने को लेकर चक्कर काटता रहा है। पांच बार मौके पर पहुंची तहसील की टीम ने चकरोड की पैमाइश कर निशानदेही तो की, किंतु कभी चकरोड को कब्जामुक्त नहीं कराया गया था। वहीं भोपा क्षेत्र के राजस्व निरीक्षक ओमप्रकाश चौहान ने बताया कि एसडीएम के आदेश पर गांव शुक्रतारी के जंगल में मोरना व बहुपुरा मार्ग पर खसरा नंबर 996, 1004, 1006 पर चकरोड को लेकर व खसरा नंबर 1005 में सिंचाई नाली के विवाद को लेकर की गई शिकायत पर कार्रवाई करते हुए लेखपाल सोमपाल सिंह, नवीन, गौतम, संतोष कुमार, पिंटू कुमार, संजय कुमार द्वारा मौके पर पहुंचकर भूमि पैमाइश कर निशानदेही की गई व चकरोड तथा सिंचाई नाली को कब्जामुक्त कराया गया है। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि चकरोड़ सन् 1950 के बंद थी। इस मौके पर सुरेन्द्र सिंह, नैपाल सिंह, रामबीर सिंह, आनन्द कुमार आदि मौजूद रहे।
छात्र के अपहरण का मुकदमा दर्ज
मोरना। भोपा क्षेत्र के गांव निवासी ने पुलिस को तहरीर देकर बताया कि उसकी पुत्री जो कक्षा 11 की छात्रा है। परिजनों ने गांव के ही युवक पर छात्रा का अपहरण करने का आरोप लगाया। पुलिस ने आरोपी विरुद्ध अपहरण का मुकदमा दर्जकर उसकी तलाश प्रारंभ कर दी है।
विज्ञापन