{"_id":"59aefa484f1c1b69078b471d","slug":"111504639560-muzaffarnagar-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"मदरसा शिक्षकों का प्रदर्शन, वेतन मांगा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
मदरसा शिक्षकों का प्रदर्शन, वेतन मांगा
Updated Wed, 06 Sep 2017 01:04 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मदरसा शिक्षकों का प्रदर्शन, चार साल से नहीं मिल रहा वेतन
मुजफ्फरनगर। चार साल से वेतन नहीं मिलने पर आधुनिक मदरसा शिक्षकों ने कलक्ट्रेट में प्रदर्शन किया। वेतन नहीं मिलने पर मदरसों में शिक्षकों ने पढ़ाने से इंकार करने की चेतावनी दी है। इसके बाद डीएम के नाम ज्ञापन सौंपा गया।
ऑल इंडिया मदरसा मॉडर्न टीचर्स एसोसिएशन के बैनरतले डीएम कार्यालय पर पहुंचे शिक्षकों ने प्रदर्शन किया। पदाधिकारियों ने कहा कि मानव संसाधन विकास मंत्रालय द्वारा संचालित एसपीक्यूईएम योजना के तहत कार्यरत मदरसा आधुनिक शिक्षकों की समस्याओं के निस्तारण के लिए कोई कदम नहीं उठाया गया है। प्रदेश में करीब 30 हजार शिक्षक-शिक्षिकाएं मदरसों में कार्यरत हैं। यूजी वर्ग वाले शिक्षक को छह हजार और पीजी वर्ग को 12 हजार रुपये प्रतिमाह मानदेय दिया जाना तय है, लेकिन पिछले चार साल से मानदेय नहीं दिया गया। इससे शिक्षकों के समक्ष आर्थिक संकट खड़ा हो गया है। वक्ताओं ने मदरसा बोर्ड के शिक्षकों को नियमित करने, ड्रेस, किताबें, मिड-डे-मील, मदरसा शिक्षकों को भी चिकित्सा की सुविधा सरकारी स्तर पर दिए जाने मांग की है। इस दौरान डीएम के नाम ज्ञापन सौंपा। इस मौके पर नोमान मलिक, मोहम्मद आदिल, मोहम्मद सलीम, सलीमुद्दीन, शादाब अहमद, धर्मेंद्र कुमार, फिरोज अहमद, रैयान हुसैन, फैज मोहम्मद, गजाला परवीन, बिलकीस जहां, रुख्सार परवीन आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन
मुजफ्फरनगर। चार साल से वेतन नहीं मिलने पर आधुनिक मदरसा शिक्षकों ने कलक्ट्रेट में प्रदर्शन किया। वेतन नहीं मिलने पर मदरसों में शिक्षकों ने पढ़ाने से इंकार करने की चेतावनी दी है। इसके बाद डीएम के नाम ज्ञापन सौंपा गया।
ऑल इंडिया मदरसा मॉडर्न टीचर्स एसोसिएशन के बैनरतले डीएम कार्यालय पर पहुंचे शिक्षकों ने प्रदर्शन किया। पदाधिकारियों ने कहा कि मानव संसाधन विकास मंत्रालय द्वारा संचालित एसपीक्यूईएम योजना के तहत कार्यरत मदरसा आधुनिक शिक्षकों की समस्याओं के निस्तारण के लिए कोई कदम नहीं उठाया गया है। प्रदेश में करीब 30 हजार शिक्षक-शिक्षिकाएं मदरसों में कार्यरत हैं। यूजी वर्ग वाले शिक्षक को छह हजार और पीजी वर्ग को 12 हजार रुपये प्रतिमाह मानदेय दिया जाना तय है, लेकिन पिछले चार साल से मानदेय नहीं दिया गया। इससे शिक्षकों के समक्ष आर्थिक संकट खड़ा हो गया है। वक्ताओं ने मदरसा बोर्ड के शिक्षकों को नियमित करने, ड्रेस, किताबें, मिड-डे-मील, मदरसा शिक्षकों को भी चिकित्सा की सुविधा सरकारी स्तर पर दिए जाने मांग की है। इस दौरान डीएम के नाम ज्ञापन सौंपा। इस मौके पर नोमान मलिक, मोहम्मद आदिल, मोहम्मद सलीम, सलीमुद्दीन, शादाब अहमद, धर्मेंद्र कुमार, फिरोज अहमद, रैयान हुसैन, फैज मोहम्मद, गजाला परवीन, बिलकीस जहां, रुख्सार परवीन आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन