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छेड़खानी से तंग आकर जान देने वाली छात्रा ने सुसाइड नोट में लिखा कुछ ऐसा, कांप जाएगा कलेजा
Wed, 22 Mar 2023 02:12 PM IST
ranjeett ranjeett
अमर उजाला ब्यूरो मुरादाबाद
अमर उजाला ब्यूरो मुरादाबाद
Published by: ranjeett ranjeett
Updated Wed, 22 Mar 2023 02:12 PM IST
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सांकेतिक तस्वीर
- फोटो : सोशल मीडिया
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मुरादाबाद। मेरी मौत के लिए जिम्मेदार हरज्ञान, इमरत हैं, मैंने सबके सामने हाथ पैर जोड़ लिए लेकिन हम गरीब लोगों की किसी ने भी नहीं सुनी, यह लोग पैसे देकर सबसे मना कर देते हैं। हमने प्रार्थना पत्र भी दिया और कुछ भी नहीं हुआ इनका। यह हम पर हंसते हैं। इसलिए मजबूर होकर मुझे यह कदम उठाना पड़ रहा है। यह दर्द छेड़खानी और पुलिस के रवैये से आहत होकर जान देने वाली छात्रा ने अपने दो पेज के सुसाइड पेज पर बयां किया।
और अब मैं चाहती हूूं मेरे जीते जी इन्हें सजा नहीं मिली इन्हें मेरे मरने के बाद सजा मिलनी चाहिए। इन्होंने हमारी मजबूरी का फायदा उठाकर हमें फंसाया है और हां लोग, फोन से क्या-क्या नहीं बना सकते हैं वैसे ही इन्होंने पता नहीं मेरे बारे भी क्या-क्या बना रखा है और रही लेटर की बात तो एक लड़की जो मेरी बहुत पक्की दोस्त थी और मेरे पास आकर बैठकर पता नहींं क्या-क्या लिखवाती थी। मैं लिख देती थी और उसने लिखवाकर विकेश नाम के लड़के को दे देती थी।
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हमें पता है कि हमारे माता-पिता ने कैसे दुखों और मुसीबतों में पढ़ाया है। मेरा सपना भी पूरा नहीं होने दिया। इन लोगों ने हमें जीते जी मार डाला। यह अमीर लोग हैं। इसका सामना करने की हिम्मत अब और नहीं रही मेरे अंदर, लेकिन मेरे घर वालों पर कोई आंच नहीं आनी चाहिए। इसलिए अब तो कोई सुनेगा मेरी बात। मरने के बाद इन्हें ऐसी सजा देना कि गरीब घर की लड़कियां भी जी सकें और अपना सपना पूरा कर सके। इन लोगों ने विकेश नाम के लड़के की वजह से मुझे मारने की कोशिश की। जब मैं स्कूल जा रही थी। इनकी वजह से मैंने स्कूल जाना छोड़ दिया था।
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इन्होंने कहा था कि अगर तुने घर में कुछ भी बताया तो तेरे घर वालों को भी मार देंगे इसलिए हम जैसा कहते हैं वैसा कर। इसलिए मैंने वैसा ही किया डर के मारे और नहीं करती तो ये लोग अपनी छत पर चढ़कर चाकू दिखाते थे और जब मेरे घर वालों को पता चला तो उन्होंने प्रार्थना पत्र दिया लेकिन किसी ने भी कुछ नहीं किया। इसलिए मेरी मौत का सबसे ज्यादा जिम्मेदार हरज्ञान है।