फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Moradabad News ›   The daughter's dolly will rise from the house from where her father's body will rise

जिस घर से उठनी थी बेटी की डोली, वहां से उठेगी पिता की अर्थी

Moradabad  Bureau मुरादाबाद ब्यूरो
Updated Sat, 05 Feb 2022 01:54 AM IST
विज्ञापन
The daughter's dolly will rise from the house from where her father's body will rise
मुरादाबाद। रामपुर के टांडा में हसड़क हादसे में हुई पूरन की मृत्यु के बाद घर के बाहर जमा लोग व विला? - फोटो : CITY
मुरादाबाद। जिस घर में चंद घंटे बाद शहनाई गूंजनी थी। वहां चीख पुकार मची है। बेटी अपने भाग्य को कोस रही है। वह अगले ही दिन डोली में बैठकर घर से ससुराल के लिए विदा होती, लेकिन कन्यादान करने वाले उसके पिता ही नहीं रहे। घर से बेटी की डोली की जगह अब उसके पिता की अर्थी उठेगी। हादसे की वजह से पूरे मोहल्ले में गमगीन माहौल है।
विज्ञापन

मझोला थानाक्षेत्र के जयंतीपुर के पूरन दिवाकर फर्म में नौकरी करते थे। उनकी चार बेटियां रेनू, गीता, मोनिका, पूजा और एक बेटा गौरव है। रेनू की शादी हो चुकी है। परिवार के लोगों ने बताया कि पूरन ने अपनी बेटी गीता का रिश्ता उत्तराखंड के ऊधम सिंह नगर के सुल्तानपुर पट्टी निवासी कन्हैया दिवाकर से तय किया था। शुक्रवार रात लगन की रस्में पूरी करने के बाद पूरन दिवाकर अपने रिश्तेदारों और परिचितों के साथ सुल्तानपुर पट्टी से घर लौट रहे थे। मुरादाबाद-बाजपुर मार्ग पर सीकमपुर गांव के पास इनका वाहन पलट गया। इस हादसे में पूरन समेत पांच लोगों की मौत हो गई।
विज्ञापन

घर में उनके लौटने का इंतजार चल रहा था। इसी बीच एक कॉल आई। जिसे सुनकर घर में चीख पुकार मच गई। कॉल करने वाले ने बताया कि मारुति ईको वाहन सवार लोग हादसे शिकार हो गए हैं। जिसमें पांच लोगों की मौत हो गई है। कुछ ही देर में हादसे की जानकारी मोहल्ले में फैल गई और पूरन के घर भीड़ जुट गई।
विज्ञापन
विज्ञापन

हम निकल गए हैं, जल्द घर पहुंच जाएंगे
बेटी की लगन की रस्में पूरी करने के बाद पूरन दिवाकर ने अपनी पत्नी सरोज को कॉल की थी। उन्होंने कहा था कि यहां सभी रस्में पूरी हो गई हैं। हम लोग वाहन में सवार हो गए हैं। जल्द ही घर पहुंच जाएंगे। पूरन ने अपनी पत्नी के अलावा बेटियों से भी फोन पर बात की थी। पूरा परिवार बहुत खुश था।
घर में चल रही थीं बरात के स्वागत की तैयारियां
लगन समारोह में जाते समय पूरन ने कुछ रिश्तेदार और परिवार के लोगों को घर की छोड़ दिया था। ताकि शनिवार को आने वाली बरात के स्वागत और खाने की तैयारियां पूरी कर हो जाएं। पूरन के घर को सजाया जा रहा था। घर के पास ही बरात को ठहराने के लिए टेंट लगाया गया था।

हादसे में पूरन के तीन पड़ोसियों की गई जान
हादसे में जान गंवाने वाले देवेंद्र सिंह तोमर (45), मुकेश वर्मा और परमवीर सिंह ठाकुर (30) पूरन के पड़ोसी हैं। पूरन तीनों पड़ोसियों को अपने साथ ही मारुति ईको में बैठाकर ले गए थे। पूरन ने अपने साले विनोद को भी ईको में ही बैठा लिया था। देवेंद्र सिंह फर्म में काम करते थे। परमवीर पल्लेदारी और मुकेश वेल्डर थे। हादसे के बाद से इनके घरों में भी कोहराम मचा है।

मुरादाबाद। मृतक पुरन दिवाकर के घर पर दो दिन पहले बनाया गया था र्ब्थडे । संवाद

मुरादाबाद। मृतक पुरन दिवाकर के घर पर दो दिन पहले बनाया गया था र्ब्थडे । संवाद- फोटो : CITY

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed