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Moradabad News: थैलेसीमिया पीड़ितों को जिला अस्पताल में मिलेगी आयरन चिलेटिंग टैबलेट
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मुरादाबाद।
थैलेसीमिया के रोगियों को जिला अस्पताल से रक्त निशुल्क मिलता है। इन मरीजों को अब आयरन चिलेटिंग टैबलेट भी जिला अस्पताल में ही मिल जाएगी। इसके लिए अस्पताल को बजट दिया गया है। रोगियों को अब निजी मेडिकल स्टोर से महंगी दवा नहीं खरीदनी पड़ेगी। यह दवा रोगियों के दिल व गुर्दे के पास जमा अतिरिक्त खून को हटाएगी।
डॉक्टरों का कहना है कि थैलेसीमिया पीड़ितों को हर 15 दिन में रक्त चढ़ाना पड़ता है। ऐसे में उनके शरीर में इंफेक्शन होने की आशंका बढ़ जाती है। आयरन चिलेटिंग टैबलेट्स से यह खतरा समाप्त होता है। साथ ही मरीजों के लिए ल्यूको बैग्स की व्यवस्था भी सरकारी सप्लाई में की जा रही है। इन बैग्स में ल्यूकोसाइट्स की मात्रा कम होती है। रक्त चढ़ाने के दौरान कुछ जटिलताओं को कम करने में यह काम आते हैं। इनके जरिये आरबीसी को रक्त से अलग करके भी चढ़ाया जा सकता है।
जिला अस्पताल के चिकित्साधीक्षक डॉ. राजेंद्र कुमार का कहना है कि अस्पताल के ब्लड बैंक में 80 से अधिक थैलेसीमिया पीड़ित पंजीकृत हैं। इनमें लगभग 60 मरीज हर महीने दो बार निशुल्क रक्त प्राप्त करते हैं। आयरन चिलेटिंग टैबलेट की सप्लाई शुरू होने से इन मरीजों को बहुत लाभ होगा। शरीर में इंफेक्शन की आशंका नहीं रहेगी।
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थैलेसीमिया के रोगियों को जिला अस्पताल से रक्त निशुल्क मिलता है। इन मरीजों को अब आयरन चिलेटिंग टैबलेट भी जिला अस्पताल में ही मिल जाएगी। इसके लिए अस्पताल को बजट दिया गया है। रोगियों को अब निजी मेडिकल स्टोर से महंगी दवा नहीं खरीदनी पड़ेगी। यह दवा रोगियों के दिल व गुर्दे के पास जमा अतिरिक्त खून को हटाएगी।
डॉक्टरों का कहना है कि थैलेसीमिया पीड़ितों को हर 15 दिन में रक्त चढ़ाना पड़ता है। ऐसे में उनके शरीर में इंफेक्शन होने की आशंका बढ़ जाती है। आयरन चिलेटिंग टैबलेट्स से यह खतरा समाप्त होता है। साथ ही मरीजों के लिए ल्यूको बैग्स की व्यवस्था भी सरकारी सप्लाई में की जा रही है। इन बैग्स में ल्यूकोसाइट्स की मात्रा कम होती है। रक्त चढ़ाने के दौरान कुछ जटिलताओं को कम करने में यह काम आते हैं। इनके जरिये आरबीसी को रक्त से अलग करके भी चढ़ाया जा सकता है।
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जिला अस्पताल के चिकित्साधीक्षक डॉ. राजेंद्र कुमार का कहना है कि अस्पताल के ब्लड बैंक में 80 से अधिक थैलेसीमिया पीड़ित पंजीकृत हैं। इनमें लगभग 60 मरीज हर महीने दो बार निशुल्क रक्त प्राप्त करते हैं। आयरन चिलेटिंग टैबलेट की सप्लाई शुरू होने से इन मरीजों को बहुत लाभ होगा। शरीर में इंफेक्शन की आशंका नहीं रहेगी।
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