{"_id":"63e5f07513d3222f390eda5e","slug":"take-expert-s-help-in-understanding-the-topic-don-t-let-hesitation-dominate-2023-02-10","type":"story","status":"publish","title_hn":"टॉपिक समझने में लें विशेषज्ञ की सहायता, संकोच को न होने दें हावी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
टॉपिक समझने में लें विशेषज्ञ की सहायता, संकोच को न होने दें हावी
Fri, 10 Feb 2023 12:51 PM IST
ranjeett ranjeett
अमर उजाला ब्यूरो मुरादाबाद
अमर उजाला ब्यूरो मुरादाबाद
Published by: ranjeett ranjeett
Updated Fri, 10 Feb 2023 12:51 PM IST
विज्ञापन
Board Exam Tips
- फोटो : अमर उजाला ग्राफिक्स
मुरादाबाद। बोर्ड परीक्षाओं में अब एक सप्ताह से भी कम का समय रह गया है। ऐसे में अभी भी कोई टॉपिक समझ में नहीं आ रहा है तो विशेषज्ञों से सहायता लेने में संकोच न करें। अपनी परेशानियों को परिजनों को भी स्पष्ट रूप से बताएं, ताकि वह समय रहते उसका समाधान करवा सकें। ये बातें मंडलीय मनोविज्ञान विभाग के अधिकारी डॉ. कुमार मंगलम सारस्वत ने विद्यार्थियों से कहीं।
केस एक : कंजरी सराय निवासी कक्षा 10 की छात्रा ने बताया कि पारिवारिक समस्याओं की वजह से वह साल भर ठीक से पढ़ाई नहीं कर पाई है। अब जैसे-जैसे बोर्ड परीक्षा का समय निकट आ रहा है तो उसको फेल होने का डर सता रहा है। इसकी वजह से किसी काम में उसका मन नहीं लगता और बेचैनी बनी रहती है। इससे निजात पाने के लिए वह क्या करे।
सुझाव : क्लास में शिक्षकों द्वारा आसान भाषा में लिखाए गए नोट्स से पढ़ाई करें
महत्वपूर्ण प्रश्नों के संक्षिप्त नोट्स बना कर याद करें
भयभीत होने के बजाय अपना पूरा ध्यान पढ़ाई पर केंद्रित करें
व्यर्थ के कार्यों में समय बिल्कुल भी नष्ट न करें
टॉपिक समझ में न आने पर विशेषज्ञ की सहायता लें।
केस दो : मसेरी रसूलपुर के छात्र ने बताया कि दसवीं में वह प्रोन्नत हुआ था। अब कुछ ही दिन में कक्षा 12वीं की परीक्षा देनी होगी। वह प्रतिदिन सुबह चार बजे जगकर पढ़ाई करता है और रात दस बजे तक पढ़ता है, लेकिन मन में बेचैनी रहती है। पास होने को लेकर डर लग रहा है।
विज्ञापन
सुझाव :
यह परीक्षा भी अब तक दी गई परीक्षाओं की तरह ही होगी, इसलिए डरने की कोई बात नहीं है
प्रतिदिन मॉक टेस्ट देंगे तो समय प्रबंधन की आदत हो जाएगी
एक प्रश्नपत्र हल करके शिक्षकों से उसका मूल्यांकन करवाएं, इससे आत्मविश्वास बढ़ेगा
लिखकर और बोलकर याद करें, इससे भूलने की आशंका कम हो जाएगी।
केस तीन : प्रकाश नगर निवासी कक्षा 12 की छात्रा ने बताया कि उसका घर गांव में होने के कारण वह शहर में अपने रिश्तेदार के घर रह कर पढ़ाई कर रही है। यहां पर उसको काफी घरेलू काम करना पड़ता है। इसकी वजह से पढ़ाई के लिए उसको समय निकालना मुश्किल हो रहा है। ऐसे में वह क्या करे।
सुझाव :
परिजनों को अपनी समस्या स्पष्ट रूप से बताएं
घरेलू कार्य करने में घर के सभी सदस्यों का सहयोग लें
ज्यादा से ज्यादा पढ़ाई सुबह चार बजे से और रात दस बजे तक करने का प्रयास करें
मस्तिष्क को शांत रखें और समायोजन का प्रयास करें
यदि संभव हो तो बोर्ड परीक्षा के समाप्त होने तक किसी घरेलू सहायिका को रखने के लिए कहें।
विज्ञापन
केस एक : कंजरी सराय निवासी कक्षा 10 की छात्रा ने बताया कि पारिवारिक समस्याओं की वजह से वह साल भर ठीक से पढ़ाई नहीं कर पाई है। अब जैसे-जैसे बोर्ड परीक्षा का समय निकट आ रहा है तो उसको फेल होने का डर सता रहा है। इसकी वजह से किसी काम में उसका मन नहीं लगता और बेचैनी बनी रहती है। इससे निजात पाने के लिए वह क्या करे।
विज्ञापन
सुझाव : क्लास में शिक्षकों द्वारा आसान भाषा में लिखाए गए नोट्स से पढ़ाई करें
महत्वपूर्ण प्रश्नों के संक्षिप्त नोट्स बना कर याद करें
भयभीत होने के बजाय अपना पूरा ध्यान पढ़ाई पर केंद्रित करें
व्यर्थ के कार्यों में समय बिल्कुल भी नष्ट न करें
टॉपिक समझ में न आने पर विशेषज्ञ की सहायता लें।
केस दो : मसेरी रसूलपुर के छात्र ने बताया कि दसवीं में वह प्रोन्नत हुआ था। अब कुछ ही दिन में कक्षा 12वीं की परीक्षा देनी होगी। वह प्रतिदिन सुबह चार बजे जगकर पढ़ाई करता है और रात दस बजे तक पढ़ता है, लेकिन मन में बेचैनी रहती है। पास होने को लेकर डर लग रहा है।
विज्ञापन
सुझाव :
यह परीक्षा भी अब तक दी गई परीक्षाओं की तरह ही होगी, इसलिए डरने की कोई बात नहीं है
प्रतिदिन मॉक टेस्ट देंगे तो समय प्रबंधन की आदत हो जाएगी
एक प्रश्नपत्र हल करके शिक्षकों से उसका मूल्यांकन करवाएं, इससे आत्मविश्वास बढ़ेगा
लिखकर और बोलकर याद करें, इससे भूलने की आशंका कम हो जाएगी।
केस तीन : प्रकाश नगर निवासी कक्षा 12 की छात्रा ने बताया कि उसका घर गांव में होने के कारण वह शहर में अपने रिश्तेदार के घर रह कर पढ़ाई कर रही है। यहां पर उसको काफी घरेलू काम करना पड़ता है। इसकी वजह से पढ़ाई के लिए उसको समय निकालना मुश्किल हो रहा है। ऐसे में वह क्या करे।
सुझाव :
परिजनों को अपनी समस्या स्पष्ट रूप से बताएं
घरेलू कार्य करने में घर के सभी सदस्यों का सहयोग लें
ज्यादा से ज्यादा पढ़ाई सुबह चार बजे से और रात दस बजे तक करने का प्रयास करें
मस्तिष्क को शांत रखें और समायोजन का प्रयास करें
यदि संभव हो तो बोर्ड परीक्षा के समाप्त होने तक किसी घरेलू सहायिका को रखने के लिए कहें।