{"_id":"60187b0d8ebc3e08ba6b8890","slug":"principal-died-in-road-accident-city-news-mbd3781213140","type":"story","status":"publish","title_hn":"हाईवे पर फिर लापरवाही के कारण हादसा, बाइक सवार प्रधानाचार्य की मौत, ट्रक ने मारी भीषण टक्कर","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
हाईवे पर फिर लापरवाही के कारण हादसा, बाइक सवार प्रधानाचार्य की मौत, ट्रक ने मारी भीषण टक्कर
Tue, 02 Feb 2021 03:35 AM IST
मुरादाबाद ब्यूरो
अमर उजाला ब्यूरो, मुरादाबाद
अमर उजाला ब्यूरो, मुरादाबाद
Published by: मुरादाबाद ब्यूरो
Updated Tue, 02 Feb 2021 03:35 AM IST
विज्ञापन
प्रतीकात्मक तस्वीर।
- फोटो : अमर उजाला।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
पाकबड़ा थानाक्षेत्र में निर्माणाधीन ओवर ब्रिज के पास ट्रक ने बाइक सवार निजी स्कूल के प्रधानाचार्य को टक्कर मार दी। इस हादसे में प्रधानाचार्य की मौत हो गई। पुलिस ने पोस्टमार्टम कराने के बाद शव परिजनों की सुपुर्दगी में दे दिया है।
हादसे में जान गंवाने वाले देवराज सिंह पाकबड़ा थानाक्षेत्र के पल्लुपुरा घोसी निवासी थे। देवराज सिंह के परिजनों ने बताया कि देव राज सिंह डिलारी थानाक्षेत्र के सलेम सराय में निजी स्कूल चलाते थे। वह इसी स्कूल में प्रधानाचार्य थे। सोमवार सुबह वह अपने घर से बाइक से कहीं जा रहे थे। पाकबड़ा में हाईवे पर निर्माणाधीन ओवर ब्रिज पर उसकी बाइक को ट्रक ने टक्कर मार दी।
इस हादसे के बाद चालक ट्रक लेकर भाग निकला। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर मृतक की पहचान कराई। इसके बाद शव पोस्टमार्टम के लिए भिजवा दिया। दो साल पहले ही देवराज की संगीता के साथ शादी हुई थी। तीन माह की एक बेटी है। थाना प्रभारी रजनी द्विवेदी ने बताया कि पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों की सुपुर्दगी में दे दिया गया है। ट्रक चालक के खिलाफ केस दर्ज किया गया है।
विज्ञापन
चार माह में चली गईं कई लोगों की जान
पाकबड़ा में हाईवे पर हादसे को रोकने के लिए ओवर ब्रिज का निर्माण किया जा रहा है। इसके लिए डायवर्जन की व्यवस्था की गई है। डायवर्जन लगातार जानलेवा हो रहा है। चार माह पहले काम शुरू हुआ था, लेकिन इन चार माह के दौरान एक दर्जन से ज्यादा लोगों जान गवां चुके हैं। चार माह पहले टीएमयू से ड्यूटी करके लौट रहे एक चिकित्सक की मौत इसी डायवर्जन पर हो गई थी।
इसके बाद दीपावली की छुट्टी मना कर वापस काम पर जा रहे बाइक सवार दंपती रोहित और रेखा की मौत हो गई थी। उसकी मासूम बच्ची दूर जाकर गिरी तो उसकी जान बच गई थी। रामपुर के नगलिया गांव निवासी सत्तार की मौत का कारण भी ये ही डायवर्जन था। डोमघर निवासी हाजिम , महकलपुर निवासी कुमार, मुरादाबाद के हिंदू कालेज के केशव सैनी, सरेंद्र सिंह और लाइनपार निवासी निशांत सैनी सभी की मौत का कारण हाईवे पर खूनी डायवर्जन रहा है। एनएचएआई ने व्यवस्था पूरी किए बिना ही डायवर्जन लागू कर दिया। यह डायवर्जन जानलेवा हो गया है।
पुलिस की छूट पर अतिक्रमण जारी
लगातार निर्माण कार्य के चलते डायवर्जन लागू किया गया है। इससे सड़क छोटी हो गई। बाकी सड़क पर अतिक्रमणकारियों ने अपना कब्जा कर लिया है। पुलिस की छूट पर लगातार अतिक्रमणकारियों ने सड़क पर अपना कब्जा कर लिया है। जिससे सड़क को तंग कर दिया है। लगातार जाम की स्थिति बनी रहती है। लोग पुलिस से शिकायत करते हैं, लेकिन पुलिस शिकायतों के बाद भी कोई कार्रवाई नहीं हो पाई।
विज्ञापन
हादसे में जान गंवाने वाले देवराज सिंह पाकबड़ा थानाक्षेत्र के पल्लुपुरा घोसी निवासी थे। देवराज सिंह के परिजनों ने बताया कि देव राज सिंह डिलारी थानाक्षेत्र के सलेम सराय में निजी स्कूल चलाते थे। वह इसी स्कूल में प्रधानाचार्य थे। सोमवार सुबह वह अपने घर से बाइक से कहीं जा रहे थे। पाकबड़ा में हाईवे पर निर्माणाधीन ओवर ब्रिज पर उसकी बाइक को ट्रक ने टक्कर मार दी।
विज्ञापन
इस हादसे के बाद चालक ट्रक लेकर भाग निकला। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर मृतक की पहचान कराई। इसके बाद शव पोस्टमार्टम के लिए भिजवा दिया। दो साल पहले ही देवराज की संगीता के साथ शादी हुई थी। तीन माह की एक बेटी है। थाना प्रभारी रजनी द्विवेदी ने बताया कि पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों की सुपुर्दगी में दे दिया गया है। ट्रक चालक के खिलाफ केस दर्ज किया गया है।
विज्ञापन
चार माह में चली गईं कई लोगों की जान
पाकबड़ा में हाईवे पर हादसे को रोकने के लिए ओवर ब्रिज का निर्माण किया जा रहा है। इसके लिए डायवर्जन की व्यवस्था की गई है। डायवर्जन लगातार जानलेवा हो रहा है। चार माह पहले काम शुरू हुआ था, लेकिन इन चार माह के दौरान एक दर्जन से ज्यादा लोगों जान गवां चुके हैं। चार माह पहले टीएमयू से ड्यूटी करके लौट रहे एक चिकित्सक की मौत इसी डायवर्जन पर हो गई थी।
इसके बाद दीपावली की छुट्टी मना कर वापस काम पर जा रहे बाइक सवार दंपती रोहित और रेखा की मौत हो गई थी। उसकी मासूम बच्ची दूर जाकर गिरी तो उसकी जान बच गई थी। रामपुर के नगलिया गांव निवासी सत्तार की मौत का कारण भी ये ही डायवर्जन था। डोमघर निवासी हाजिम , महकलपुर निवासी कुमार, मुरादाबाद के हिंदू कालेज के केशव सैनी, सरेंद्र सिंह और लाइनपार निवासी निशांत सैनी सभी की मौत का कारण हाईवे पर खूनी डायवर्जन रहा है। एनएचएआई ने व्यवस्था पूरी किए बिना ही डायवर्जन लागू कर दिया। यह डायवर्जन जानलेवा हो गया है।
पुलिस की छूट पर अतिक्रमण जारी
लगातार निर्माण कार्य के चलते डायवर्जन लागू किया गया है। इससे सड़क छोटी हो गई। बाकी सड़क पर अतिक्रमणकारियों ने अपना कब्जा कर लिया है। पुलिस की छूट पर लगातार अतिक्रमणकारियों ने सड़क पर अपना कब्जा कर लिया है। जिससे सड़क को तंग कर दिया है। लगातार जाम की स्थिति बनी रहती है। लोग पुलिस से शिकायत करते हैं, लेकिन पुलिस शिकायतों के बाद भी कोई कार्रवाई नहीं हो पाई।