फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Moradabad News ›   Panchayatnama: Even after the order of the DM, the officers are reluctant to investigate the disturbances

पंचायतनामा: डीएम के आदेश के बाद भी गड़बड़ी की जांच से कतरा रहे अधिकारी

Moradabad  Bureau मुरादाबाद ब्यूरो
Updated Mon, 11 Oct 2021 02:51 AM IST
विज्ञापन
Panchayatnama: Even after the order of the DM, the officers are reluctant to investigate the disturbances
मुरादाबाद। पंचायतीराज विभाग के अधिकारी डीएम के आदेश का पालन करने से कतरा रहे हैं। ऐसा ही एक मामला विकास खंड डिलारी की ग्राम पंचायत अहमदपुर आनंदपुर में सामने आया है। यहां के ग्रामीणों ने स्वच्छ भारत मिशन के तहत निर्माण कराए जाने वाले शौचालयों के लिए आई रकम को डकारने का आरोप पूर्व प्रधान व सचिव पर लगाया है। डीएम के आदेश पर डीपीआरओ ने चार सदस्यीय जांच टीम का गठन कर जांच के निर्देश भी दिए थे, लेकिन टीम ने अब तक जांच शुरू नहीं की है। इससे पंचायतीराज विभागकी कार्यप्रणाली पर सवालिया निशान लग गया है।
विज्ञापन

ग्राम निवासी मोहम्मद आरिफ, यामीन, दिलशाद, इकरार और इशरत समेत कई ग्रामीणों ने नौ सितंबर 2021 को डीएम के समक्ष उपस्थित होकर उन्हें शिकायती पत्र सौंपा था। इसमें वर्ष 2016-17 और 2017-18 में स्वच्छ भारत मिशन ग्रामीण के अंतर्गत बिना शौचालयों निर्माण के धनराशि निकालने का आरोप तत्कालीन ग्राम प्रधान और सचिव पर लगाया गया था। शपथ पत्र के साथ ग्रामीणों द्वारा की गई इस शिकायत को गंभीरता से लेते हुए डीएम ने डीपीआरओ को चार सदस्यीय समिति गठित कर मामले की जांच करा रिपोर्ट देने को कहा था। डीपीआरओ आलोक प्रियदर्शी ने अपर जिला पंचायत राज अधिकारी अरुण अत्री, सहायक विकास अधिकारी (पंचायत) मुरादाबाद आमोद कुमार शर्मा, एडीओ (पंचायत) डिलारी चंद्रपाल सिंह तथा जिला कंसल्टेंट एसबीएम सुधीर कुमार को 17 सितंबर 2021 को जांच अधिकारी नियुक्त करते हुए टीम से गांव में पहुंच डोर टू डोर शत प्रतिशत सत्यापन करते हुए रिपोर्ट 22 सितंबर 2021 तक सौंपने के आदेश दिए थे, लेकिन टीम ने अभी जांच भी शुरू नहीं की है। जबकि, डीपीआरओ द्वारा रिपोर्ट देने की निर्धारित तिथि को गुजर हुए भी दस दिन हो गए हैं। इससे शिकायतकर्ताओं में रोष है। डीपीआरओ ने जांच में हो रही देरी को गंभीरता से लेते हुए टीम में शामिल अधिकारियों का स्पष्टीकरण तलब किया है। इधर जांच टीम के मुखिया अपर जिला पंचायत राज अधिकारी अरुण अत्री ने बताया कि जांच के लिए संबंधित सचिव से कुछ अभिलेख मांगे थे। जो संबंधित सचिव अभी उपलब्ध नहीं करा सका है। इसी के चलते जांच में कुछ देरी हो रही है। उन्होंने बताया कि जल्द ही टीम ग्राम पंचायत में पहुंच कर मामले की जांच कर रिपोर्ट डीपीआरओ को सौंप देगी।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed