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ईपीसीएच ने की निर्यात इकाइयों में वैक्सीनेशन कैंप लगवाने की मांग
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मुरादाबाद। एक्सपोर्ट्स प्रमोशन काउंसिल फॉर हैंडीक्राफ्ट्स (ईपीसीएच) के अध्यक्ष रवि के पासी ने कहा है कि देश में इस वक्त सबसे बड़ा टीकाकरण कार्यक्रम चल रहा है। 18 साल से अधिक की उम्र वालों का भी टीकाकरण शुरू हो गया है। कोरोना महामारी से लड़ने में यह मौजूदा समय में सबसे व्यवहार्य विकल्प माना जा रहा है, लिहाजा देश का लक्ष्य पूरी आबादी का जल्द से जल्द टीकाकरण करना है। ईपीसीएच के महानिदेशक डा. राकेश कुमार ने कहा कि परिषद ने राज्य सरकार के मुख्य सचिवों और मुरादाबाद, सहारनपुर, जयपुर, जोधपुर और अन्य प्रमुख शिल्प क्लस्टरों के जिलाधिकारियों से इन औद्योगिक क्षेत्रों में शिविर लगाकर टीकाकरण अभियान शुरू कराने की मांग की है।
ईपीसीएच अध्यक्ष ने कहा कि पूरा देश कोरोना वायरस की दूसरी लहर की चपेट में है जो अर्थव्यवस्था को प्रभावित कर रहा है। समूचे देश में इस वक्त हम जरूरी कोविड प्रोटोकॉल का पालन करते हुए बहुत सीमित आर्थिक गतिविधियां चला रहे हैं। उन्होंने कहा कि कोविड प्रोटोकॉल का पालन केवल एक पूर्व सतर्कता संबंधी उपाय है। हालांकि कोरोना से लड़ने के सही मायने में उपाय प्रत्येक व्यक्ति को टीका लगाना है, ताकि हमारे पास स्थायी सुरक्षा हो क्योंकि वैक्सीन न केवल व्यक्ति को संक्रमित होने से रोकता है बल्कि यह बीमारी को तेजी से ठीक करने और उसकी तीव्रता को भी कम करने में मदद करता है।
ईपीसीएच के महानिदेशक डा. राकेश कुमार ने कहा कि परिषद ने राज्य सरकार के मुख्य सचिवों और मुरादाबाद, सहारनपुर, जयपुर, जोधपुर और अन्य प्रमुख शिल्प क्लस्टरों के जिलाधिकारियों से इन औद्योगिक क्षेत्रों में शिविर लगाकर टीकाकरण अभियान शुरू करने का अनुरोध किया है, ताकि प्रत्येक श्रमिकों, कारीगरों का टीकाकरण हो और देश को कोविड मुक्त बनाने में मदद मिले। ईपीसीएच को स्थानीय संघों के साथ टीकाकरण अभियान शुरू करने में स्थानीय प्रशासन के साथ सहयोग कर खुशी होगी। उन्होंने बताया कि ईपीसीएच ने अपने परोक्ष प्रयास के तहत प्रधानमंत्री केयर फंड में 28 लाख रुपये का योगदान दिया है, साथ ही इसके सदस्यों ने विभिन्न शिल्प क्लस्टरों में कारीगरों के बीच कोविड केयर किट्स और फूड पैकेट वितरित किए हैं।
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ईपीसीएच अध्यक्ष ने कहा कि पूरा देश कोरोना वायरस की दूसरी लहर की चपेट में है जो अर्थव्यवस्था को प्रभावित कर रहा है। समूचे देश में इस वक्त हम जरूरी कोविड प्रोटोकॉल का पालन करते हुए बहुत सीमित आर्थिक गतिविधियां चला रहे हैं। उन्होंने कहा कि कोविड प्रोटोकॉल का पालन केवल एक पूर्व सतर्कता संबंधी उपाय है। हालांकि कोरोना से लड़ने के सही मायने में उपाय प्रत्येक व्यक्ति को टीका लगाना है, ताकि हमारे पास स्थायी सुरक्षा हो क्योंकि वैक्सीन न केवल व्यक्ति को संक्रमित होने से रोकता है बल्कि यह बीमारी को तेजी से ठीक करने और उसकी तीव्रता को भी कम करने में मदद करता है।
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ईपीसीएच के महानिदेशक डा. राकेश कुमार ने कहा कि परिषद ने राज्य सरकार के मुख्य सचिवों और मुरादाबाद, सहारनपुर, जयपुर, जोधपुर और अन्य प्रमुख शिल्प क्लस्टरों के जिलाधिकारियों से इन औद्योगिक क्षेत्रों में शिविर लगाकर टीकाकरण अभियान शुरू करने का अनुरोध किया है, ताकि प्रत्येक श्रमिकों, कारीगरों का टीकाकरण हो और देश को कोविड मुक्त बनाने में मदद मिले। ईपीसीएच को स्थानीय संघों के साथ टीकाकरण अभियान शुरू करने में स्थानीय प्रशासन के साथ सहयोग कर खुशी होगी। उन्होंने बताया कि ईपीसीएच ने अपने परोक्ष प्रयास के तहत प्रधानमंत्री केयर फंड में 28 लाख रुपये का योगदान दिया है, साथ ही इसके सदस्यों ने विभिन्न शिल्प क्लस्टरों में कारीगरों के बीच कोविड केयर किट्स और फूड पैकेट वितरित किए हैं।
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