फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Moradabad News ›   Moradabad: Ten years imprisonment former block chief Lalit Kausish, case beating up labourer

Moradabad: पूर्व ब्लॉक प्रमुख ललित कौशिश को दस साल की कारावास, मजदूर को बंधक बना पीटने के मामले में फैसला

Fri, 23 Feb 2024 02:50 PM IST
विमल शर्मा अमर उजाला नेटवर्क, मुरादाबाद
अमर उजाला नेटवर्क, मुरादाबाद Published by: विमल शर्मा Updated Fri, 23 Feb 2024 02:50 PM IST
सार

मुरादाबाद कोर्ट ने मजदूर को बंधक बनाने और मारपीट मामले में भाजपा नेता और पूर्व ब्लॉक प्रमुख ललित कौशिक को सजा सुनाई गई है। ललित कौशिक शहर के बहुचर्चित सीए हत्याकांड, कुशांक गुप्ता मर्डर केस और भाजपा नेता अनुज चौधरी हत्याकांड का मास्टरमाइंड भी है।

विज्ञापन
Moradabad: Ten years imprisonment former block chief Lalit Kausish, case beating up labourer
पूर्व ब्लॉक प्रमुख ललित कौशिक - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

भाजपा नेता और पूर्व ब्लॉक प्रमुख ललित कौशिक को एडीजे पांच ज्ञानेंद्र सिंह यादव की अदालत ने शुक्रवार को ईंट भट्ठा मजदूर ओमप्रकाश के अपहरण और बंधक बनाकर फैक्टरी में रखने के मामले में दोषी करार दिया है। अदालत ने हिस्ट्रीशीटर ललित कौशिक को दस साल की कैद की सजा सुनाई है।

विज्ञापन


उस पर 56 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया है। ललित कौशिक शहर के बहुचर्चित सीए हत्याकांड, कुशांक गुप्ता मर्डर केस और भाजपा नेता अनुज चौधरी हत्याकांड का मास्टरमाइंड भी है। मूंढापांडे निवासी ईंट भट्ठा मजदूर ओमप्रकाश ने मूंढापांडे थाने में 25 मार्च 2023 को मुकदमा दर्ज कराया था।
विज्ञापन


जिसमें उसने बताया था कि सिविल लाइंस के दीन दयाल नगर निवासी ललित कौशिक, मूंढापांडे निवासी सतीश सिंह, मूंढापांडे के प्रधान पति शिवकुमार ने उसका अपहरण कर बंधक बना लिया था। इसके बाद उसके साथ मारपीट करते हुए जान से मारने की धमकी दी थी।
विज्ञापन
विज्ञापन


इस मामले की सुनवाई अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश संख्या पांच ज्ञानेंद्र सिंह यादव की अदालत में हुई। सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता कौशल गुप्ता ने बताया कि इस मामले में अभियोजन पक्ष की ओर से गवाहों ने ललित कौशिक के खिलाफ गवाही दी और अदालत को बताया कि किस प्रकार ललित कौशिक ने एक मजदूर को बंधक बना कर उसे जान से मारने की धमकी दी थी।


अदालत ने इस मामले में पत्रावली पर मौजूद साक्ष्यों के आधार पर ललित कौशिक को दोषी करार देते हुए उसे दस साल के कठोर कारावास की सजा के साथ उस पर 56 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है। सजा सुनाए जाने के बाद ललित कौशिक को न्यायिक हिरासत में वापस बलरामपुर जेल भेज दिया गया है।

 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed