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Moradabad News: डीआईओएस ने दिए जर्जर कक्षाओं को सील करने के निर्देश
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मुरादाबाद। फूलवती देवी कन्या इंटर कॉलेज के जर्जर भवन में चल रहीं कक्षाओं की वजह से डीआईओएस ने प्रबंधक को नोटिस जारी किया है। उन्होंने कहा कि जर्जर भवन में तत्काल शिक्षण कार्य बंद करते हुए जर्जर भवन को चिह्नित कर सील कर दें। साथ ही परिसर में संचालित अन्य विद्यालय के कक्षाओं में विद्यार्थियों के लिए कक्षा-कक्ष आवंटित कर दिए जाएं।
मंगलवार को डीआईओएस रितु तोमर ने पत्र जारी करते हुए कहा कि विद्यालय की छत अत्यंत जर्जर अवस्था में है और कक्षा कक्ष के भवन के गिरने की आशंका है। विद्यालय अशासकीय सहायता प्राप्त है। विद्यालय भवन की अवस्थापना का कार्य प्रबंध समिति के स्तर से किया जाता है। प्रबंधक के मामला संज्ञान में होने के बावजूद उन्हीं कक्षाओं में शिक्षण कार्य कराया जा रहा है। उन्होंने कहा कि भवन निर्माण-मरम्मत के लिए संचालित प्रोजेक्ट अलंकार योजना में भी आवेदन करके भवन की मरम्मत आदि कराई जा सकती है, लेकिन मरम्मत न कराकर जर्जर भवन में शिक्षण कार्य कराया जा रहा है। 30 जून को हुई बैठक के निर्देशों के बावजूद विद्यार्थियों की सुरक्षा को प्राथमिकता नहीं दी गई। उन्होंने कहा कि जर्जर कक्षा-कक्षों में हो रहे शिक्षण कार्य की वजह से यदि कोई अप्रिय घटना होती है तो उसके लिए प्रबंधक जिम्मेदार होंगे। डीआईओएस रितु तोमर ने प्रधानाचार्य को 29 जुलाई को कार्यालय में उपस्थित होकर विद्यार्थियों के शिक्षण कार्य की कार्य योजना उपलब्ध करवाने के निर्देश दिए हैं।
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मंगलवार को डीआईओएस रितु तोमर ने पत्र जारी करते हुए कहा कि विद्यालय की छत अत्यंत जर्जर अवस्था में है और कक्षा कक्ष के भवन के गिरने की आशंका है। विद्यालय अशासकीय सहायता प्राप्त है। विद्यालय भवन की अवस्थापना का कार्य प्रबंध समिति के स्तर से किया जाता है। प्रबंधक के मामला संज्ञान में होने के बावजूद उन्हीं कक्षाओं में शिक्षण कार्य कराया जा रहा है। उन्होंने कहा कि भवन निर्माण-मरम्मत के लिए संचालित प्रोजेक्ट अलंकार योजना में भी आवेदन करके भवन की मरम्मत आदि कराई जा सकती है, लेकिन मरम्मत न कराकर जर्जर भवन में शिक्षण कार्य कराया जा रहा है। 30 जून को हुई बैठक के निर्देशों के बावजूद विद्यार्थियों की सुरक्षा को प्राथमिकता नहीं दी गई। उन्होंने कहा कि जर्जर कक्षा-कक्षों में हो रहे शिक्षण कार्य की वजह से यदि कोई अप्रिय घटना होती है तो उसके लिए प्रबंधक जिम्मेदार होंगे। डीआईओएस रितु तोमर ने प्रधानाचार्य को 29 जुलाई को कार्यालय में उपस्थित होकर विद्यार्थियों के शिक्षण कार्य की कार्य योजना उपलब्ध करवाने के निर्देश दिए हैं।
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