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मुरादाबाद के पीडी के खिलाफ विभागीय कार्रवाई को कमिश्नर ने भेजी रिपोर्ट
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मुरादाबाद। परियोजना निदेशक (डीआरडीए) सतीश मिश्र अनियमितता के आरोप से घिर गए हैं। उन पर एक ब्लाक का प्रभारी कार्यक्रम अधिकारी (मनरेगा) रहते हुए नियम विरुद्ध तरीके से धनराशि का भुगतान करने का आरोप है। मंडलायुक्त ने इसे गंभीरता से लेते हुए उनके खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई की संस्तुति करते हुए लिए शासन को पत्र लिखा है।
शासन के निर्देश के अनुसार पंचायत भवन का निर्माण कार्य प्राथमिकता के आधार पर कराया जाना चाहिए था। लेकिन विकास खंड डिलारी में पंचायत भवन बनवाने के बजाय वहां करीब 50 लाख रुपये लागत का सीसी टायल्स का कार्य करा लिया गया। इसका भुगतान भी कर दिया गया। दूसरी मद में धनराशि खर्च किए जाने से वहां पंचायत भवनों का कार्य पिछड़ गया। इस मामले की शिकायत हुई तो अधिकारियों ने उसे दबा दिया। परियोजना निदेशक सतीश मिश्र के पास मनरेगा के कार्यक्रम अधिकारी का भी चार्ज संबंधित ब्लाक का है। मंडलायुक्त के संज्ञान में मामला आने पर उन्होंने इसकी जांच अपर आयुक्त (प्रशासन) से कराई। जांच में राज्य मुख्यालय के निर्देशों के विपरीत भुगतान किया गया पाया गया। जिसे गंभीर वित्तीय अनियमितता माना गया। साथ ही मामले की शिकायत मिलने पर उसका निस्तारण भी ठीक ढंग से नहीं किया गया। जिसे गंभीरता से लेते हुए मंडलायुक्त आंजनेय कुमार सिंह ने पीडी सतीश मिश्र के खिलाफ विभागीय कार्रवाई के लिए शासन को लिखा है। कमिश्नर ने बताया कि इसी तरह के कुछ अन्य मामले भी प्रकाश में आए हैं। उन सभी की जांच कराई जा रही है। जहां अनियमितता मिलेगी वहां कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
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शासन के निर्देश के अनुसार पंचायत भवन का निर्माण कार्य प्राथमिकता के आधार पर कराया जाना चाहिए था। लेकिन विकास खंड डिलारी में पंचायत भवन बनवाने के बजाय वहां करीब 50 लाख रुपये लागत का सीसी टायल्स का कार्य करा लिया गया। इसका भुगतान भी कर दिया गया। दूसरी मद में धनराशि खर्च किए जाने से वहां पंचायत भवनों का कार्य पिछड़ गया। इस मामले की शिकायत हुई तो अधिकारियों ने उसे दबा दिया। परियोजना निदेशक सतीश मिश्र के पास मनरेगा के कार्यक्रम अधिकारी का भी चार्ज संबंधित ब्लाक का है। मंडलायुक्त के संज्ञान में मामला आने पर उन्होंने इसकी जांच अपर आयुक्त (प्रशासन) से कराई। जांच में राज्य मुख्यालय के निर्देशों के विपरीत भुगतान किया गया पाया गया। जिसे गंभीर वित्तीय अनियमितता माना गया। साथ ही मामले की शिकायत मिलने पर उसका निस्तारण भी ठीक ढंग से नहीं किया गया। जिसे गंभीरता से लेते हुए मंडलायुक्त आंजनेय कुमार सिंह ने पीडी सतीश मिश्र के खिलाफ विभागीय कार्रवाई के लिए शासन को लिखा है। कमिश्नर ने बताया कि इसी तरह के कुछ अन्य मामले भी प्रकाश में आए हैं। उन सभी की जांच कराई जा रही है। जहां अनियमितता मिलेगी वहां कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
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