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Moradabad News: परिषदीय विद्यालयों के दस मेधावी बच्चे नहीं बता पाए बीईओ, वेतन रोकने के निर्देश

Moradabad  Bureau मुरादाबाद ब्यूरो
Updated Thu, 22 Aug 2024 06:56 AM IST
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BEO could not tell about ten meritorious students of council schools, instructions to stop salary
मुरादाबाद। बेसिक शिक्षा विभाग के खंड शिक्षा अधिकारी (बीईओ) अपने विद्यालयों के दस मेधावी बच्चे नहीं बता पाए। इसको लेकर सीडीओ ने सभी के वेतन रोकने के निर्देश दिए हैं। इसके साथ ही नीलामी की धनराशि का ब्यौरा न देने पर डीसी कायाकल्प की संविदा समाप्त करने की भी चेतावनी दी है।
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मंगलवार को विकास भवन में जिला टॉस्क फोर्स की समीक्षा बैठक आयोजित की गई थी। बैठक के दौरान सीडीओ सुमित यादव ने मुरादाबाद के आठ ब्लॉक और दो नगर क्षेत्र के खंड शिक्षा अधिकारियों ने परिषदीय विद्यालयों में पढ़ने वाले दस-दस मेधावी विद्यार्थियों के नाम पूछे थे, ताकि छात्रवृत्ति परीक्षाओं के लिए उनकी अलग से तैयारी करवाई जा सके। सीडीओ के अनुसार बार-बार पूछने पर नगर क्षेत्र के खंड शिक्षा अधिकारी मनोज बोस ही कुछ मेधावियों के नाम बता सके, लेकिन अन्य नौ बीईओ कोई जानकारी नहीं दे सके। इसके अलावा संबंधित खंड शिक्षा अधिकारियों ने निपुण अभियान में खराब प्रदर्शन करने वाले स्कूलों की भी जानकारी मांगी गई थी, लेकिन इस मामले में भी उनके पास कोई जवाब नहीं था। बीईओ के इस व्यवहार से लगता है कि शिक्षा के स्तर को सुधारने के लिए उनके द्वारा सकारात्मक प्रयास नहीं किए जा रहे हैं। इसलिए सभी नौ बीईओ को स्पष्टीकरण जारी करने के साथ ही वेतन रोकने के निर्देश दिए गए हैं।
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लगातार दो बैठकों में पूछने के बाद भी नहीं है ब्यौरा
सीडीओ सुमित यादव का कहना है कि डीसी कायाकल्प से विद्यालयों में अब तक बाउंड्री वाल न बनने, दिव्यांग शौचालय न बनने का कारण पूछा था। इसके साथ ही नीलामी की धनराशि एसएमसी के खातों में जमा होने की भी जानकारी ली गई थी, लेकिन वह कोई संतोषजनक उत्तर नहीं दे सकते। इसके साथ ही डीसी कायाकल्प से पिछली दो बैठकों में स्कूलों में हुई नीलामी की धनराशि का ब्यौरा मांगा जा रहा है। पर वह अब तक नहीं दे सके हैं। इसकी वजह से उनकी संविदा समाप्त करने के लिए नोटिस जारी करने को कहा है।
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