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मुरादाबाद का कुशांक गुप्ता हत्याकांड तो याद होगा: कोर्ट ने आरोपी की जमानत अर्जी की खारिज, जानें वजह

Fri, 30 Jun 2023 07:43 PM IST
अनुज कुमार अमर उजाला नेटवर्क, मुरादाबाद
अमर उजाला नेटवर्क, मुरादाबाद Published by: अनुज कुमार Updated Fri, 30 Jun 2023 07:43 PM IST
सार

12 जनवरी 2022 को रामगंगा विहार में स्पोर्ट्स सामान के कारोबारी कुशांक गुप्ता की हत्या कर दी गई थी। जिला जज की अदालत ने जमानत अर्जी खारिज कर दी थी। केस में पूर्व ब्लॉक प्रमुख ललित कौशिक भी आरोपी है।

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Bail application of henchman Bhim Chaudhary involved in famous Kushank Gupta murder case rejected
सांकेतिक तस्वीर - फोटो : फाइल फोटो

विस्तार

बहुचर्चित कुशांक गुप्ता हत्याकांड में शामिल रहे ललित कौशिक के खास गुर्गे भीम चौधरी की जमानत अर्जी जिला जज की अदालत से खारिज हो गई है। इस केस में पूर्व ब्लॉक प्रमुख ललित कौशिक समेत चार आरोपी हैं।

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सिविल लाइंस के रामगंगा कॉलोनी में 12 जनवरी 2022 की रात स्पोर्ट्स सामान के कारोबारी कुशांक गुप्ता की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। इस मामले में कुशांक के पिता अशोक कुमार गुप्ता ने बिजनौर के नूरपुर निवासी प्रियाशु गोयल और उनके भाई हिमांशु गोयल के खिलाफ केस दर्ज कराया था। तीन माह बाद दोनों भाई कोर्ट से जमानत मिलने पर रिहा हो गए थे। मुकदमे की विवेचना के दौरान पाया गया कि इस मामले में कुशांक गुप्ता का विवाद ललित कौशिक के साथ हुआ था। 
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ललित कौशिक ने दुकान में घुसकर कुशांक को धमकी दी थी। जिसके बाद सुपारी देकर कुशांक की हत्या करा दी थी। भोजपुर के हिमांयूपुर निवासी खुशवंत सिंह उर्फ भीम चौधरी बाइक पर बैठाकर पाकबड़ा के गिंदौड़ा निवासी केशव सरण शर्मा को कुशांक की दुकान के पास छोड़कर आया था। केशव ने गोली मारकर कुशांक की हत्या कर दी थी। कुछ दूरी पर चलने के बाद फिर से केशव को भीम ने अपनी बाइक पर बैठा कर लिया था। इसके बाद वह केशव को शहर से बाहर छोड़कर आया था। 
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आरोपी खुशवंत सिंह उर्फ भीम ने अपने अधिवक्ता के जरिए जमानत के लिए बुधवार को जनपद न्यायाधीश डॉ. अजय कुमार की अदालत में अर्जी पेश की थी। जिला शासकीय अधिवक्ता नितिन गुप्ता और सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता संजीव अग्रवाल ने बताया कि जनपद न्यायाधीश ने दोनों पक्षों की बहस सुनने के बाद प्रथम दृष्टया आरोपी को जमानत देने का पर्याप्त आधार न मानते हुए उसकी जमानत अर्जी खारिज कर दी है।

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