{"_id":"6a4187f2aec063992f0c7576","slug":"agriculture-minister-appears-concerned-over-scanty-rainfall-advises-farmers-to-cultivate-low-water-consuming-crops-moradabad-news-c-15-1-mbd1061-935581-2026-06-29","type":"story","status":"publish","title_hn":"Moradabad News: कम बारिश से चिंतित दिखे कृषि मंत्री, बोले-किसान कम पानी वाली फसलें लगाएं","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Moradabad News: कम बारिश से चिंतित दिखे कृषि मंत्री, बोले-किसान कम पानी वाली फसलें लगाएं
विज्ञापन
मुरादाबाद। खेत बचाओ अभियान को लेकर ठाकुरद्वारा स्थित कृषि विज्ञान केंद्र में किसान गोष्ठी करने के बाद मुरादाबाद सर्किट हाउस पहुंचे कृषि मंत्री सूर्य प्रताप शाही कम बरसात से चिंतित दिखे। अवर्षण की स्थिति को देखते हुए उन्होंने कृषि, उद्यान, पशुपालन, नलकूप, सहकारिता, सिंचाई आदि विभागों के अफसरों के साथ बैठक में इस वर्ष कम वर्षा होने को लेकर किसानों को धान की फसल की बजाय कम पानी वाली वैकल्पिक फसलों की बोआई के लिए प्रोत्साहित करने की बात कही। उनके साथ कृषि निदेशक पंकज त्रिपाठी मौजूद रहे।
कृषि मंत्री सूर्यप्रताप शाही ने कहा कि इस साल अवर्षण की स्थिति है, पिछले साल जून के महीने में अब तक 89.3 एमएम बारिश हो चुकी थी लेकिन इस साल अब तक सिर्फ 27.9 एमएम ही बारिश हुई है, जो करीब 43 प्रतिशत कम है। इसका सीधा असर नहरों और भूगर्भ जल स्तर पर पड़ेगा। भूजल स्तर नीचे जा सकता है। इस साल खरीफ अभियान के तहत 110 लाख हेक्टेयर का लक्ष्य रखा है लेकिन अब किसानों को मौजूदा कम बारिश की स्थिति को देखते हुए धान की फसल कम लगाकर इसके विकल्प में अरहर, मूंग, उड़द आदि दलहनी और मूंगफली, ज्वार बाजरा फसलों को लगाना चाहिए। मुरादाबाद मंडल में 5118 क्विंटल बीज में अब तक 4152 क्विंटल बांटा जा चुका है। धान की सीधी रोपाई करें तो अच्छा होगा। खाद की कोई कमी नहीं है। प्रदेश में 20.80 लाख एमटी रसायनिक खाद की व्यवस्था है, मुरादाबाद मंडल में 87420 एमटी यूरिया, 17646 एमटी डीएपी व 45239 एमटी एनपीके उपलब्ध है। मंडल की सभी 336 सहकारी समितियों पर भी खाद उपलब्ध है, जिन पर नहीं है, उन पर तत्काल खाद उपलब्ध कराने को कहा गया है। तुमरिया डैम आदि बारिश पर आधारित है, इससे जुड़ी नहरों में तभी पानी मिल पाएगा, जब बारिश होगी, इसलिए किसान कम पानी वाली फसलें लगाएं, प्राकृतिक खेती अपनाएं। सिंचाई विभाग को पुराने एवं क्षतिग्रस्त ट्यूबवेलों की शीघ्र मरम्मत कराकर चालू करने के निर्देश दिए गए।
इससे पहले वह सर्किट भाजपा के पदाधिकारियों से मिले। इसके बाद उन्होंने मनोहरपुर में एकीकृत फसल प्रणाली के मॉडल को देखा। वहीं पद्म श्री किसान सम्मान से सम्मानित किसान रघुपत की पत्नी और बेटे को भी सम्मानित किया।
विज्ञापन
-- -
धरती माता हो रही बीमार, अब न लगाओ रसायन, कीटनाशक
- कृषि मंत्री सूर्य प्रताप शाही ने किसानों से अपील की कि अंधाधुंध रसायनिक खादों, कीटनाशकों के प्रयोग से धरती मां बीमार हो रही हैं, फसलों के माध्यम से यह विषाक्त पदार्थ मानव शरीर में जा रहे हैं, जिनसे स्वास्थ्य खराब हो रहा है। इनसे बचें और प्राकृतिक खेती के माध्यम से कम पानी में अच्छी खेती करें। सभी सरकारी विभाग मदद करेंगे।
विज्ञापन
कृषि मंत्री सूर्यप्रताप शाही ने कहा कि इस साल अवर्षण की स्थिति है, पिछले साल जून के महीने में अब तक 89.3 एमएम बारिश हो चुकी थी लेकिन इस साल अब तक सिर्फ 27.9 एमएम ही बारिश हुई है, जो करीब 43 प्रतिशत कम है। इसका सीधा असर नहरों और भूगर्भ जल स्तर पर पड़ेगा। भूजल स्तर नीचे जा सकता है। इस साल खरीफ अभियान के तहत 110 लाख हेक्टेयर का लक्ष्य रखा है लेकिन अब किसानों को मौजूदा कम बारिश की स्थिति को देखते हुए धान की फसल कम लगाकर इसके विकल्प में अरहर, मूंग, उड़द आदि दलहनी और मूंगफली, ज्वार बाजरा फसलों को लगाना चाहिए। मुरादाबाद मंडल में 5118 क्विंटल बीज में अब तक 4152 क्विंटल बांटा जा चुका है। धान की सीधी रोपाई करें तो अच्छा होगा। खाद की कोई कमी नहीं है। प्रदेश में 20.80 लाख एमटी रसायनिक खाद की व्यवस्था है, मुरादाबाद मंडल में 87420 एमटी यूरिया, 17646 एमटी डीएपी व 45239 एमटी एनपीके उपलब्ध है। मंडल की सभी 336 सहकारी समितियों पर भी खाद उपलब्ध है, जिन पर नहीं है, उन पर तत्काल खाद उपलब्ध कराने को कहा गया है। तुमरिया डैम आदि बारिश पर आधारित है, इससे जुड़ी नहरों में तभी पानी मिल पाएगा, जब बारिश होगी, इसलिए किसान कम पानी वाली फसलें लगाएं, प्राकृतिक खेती अपनाएं। सिंचाई विभाग को पुराने एवं क्षतिग्रस्त ट्यूबवेलों की शीघ्र मरम्मत कराकर चालू करने के निर्देश दिए गए।
विज्ञापन
इससे पहले वह सर्किट भाजपा के पदाधिकारियों से मिले। इसके बाद उन्होंने मनोहरपुर में एकीकृत फसल प्रणाली के मॉडल को देखा। वहीं पद्म श्री किसान सम्मान से सम्मानित किसान रघुपत की पत्नी और बेटे को भी सम्मानित किया।
विज्ञापन
धरती माता हो रही बीमार, अब न लगाओ रसायन, कीटनाशक
- कृषि मंत्री सूर्य प्रताप शाही ने किसानों से अपील की कि अंधाधुंध रसायनिक खादों, कीटनाशकों के प्रयोग से धरती मां बीमार हो रही हैं, फसलों के माध्यम से यह विषाक्त पदार्थ मानव शरीर में जा रहे हैं, जिनसे स्वास्थ्य खराब हो रहा है। इनसे बचें और प्राकृतिक खेती के माध्यम से कम पानी में अच्छी खेती करें। सभी सरकारी विभाग मदद करेंगे।