{"_id":"5c12b22c42c7925cec4643e5","slug":"154472917112-chandausi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"प्रधानमंत्री आवास योजना में भ्रष्टाचार का आरोप","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
प्रधानमंत्री आवास योजना में भ्रष्टाचार का आरोप
Updated Fri, 14 Dec 2018 01:00 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
चंदौसी। तहसील के ब्लाक बहजोई के गांव मऊ कठैर की अनुसूचित जाति की महिलाओं ने परियोजना निदेशक पर प्रधानमंत्री आवास योजना में सुविधा शुल्क मांगे जाने का आरोप लगाया है। सुविधा शुल्क न देने पर पात्र की सूची से नाम हटाने की शिकायत जिलाधिकारी से की है।
प्रधानमंत्री आवास योजना में लगातार धांधली की शिकायतें सामने आ रही हैं। कहीं पर अधिकारी धांधली कर रहे तो कहीं पर आवेदन कर्ता फर्जीवाड़ा कर रहे हैं। ग्राम मऊ कठेर में भी ऐसा ही मामला सामने आया है।
गांव की रीना पत्नी शानू, अमरवती पत्नी जसवीर, लज्जावती पत्नी श्रीपाल, आशा पत्नी पिंटू, कविता पत्नी ब्रजवीर का आरोप है कि वह जाति से अनुसूचित की उपजाति में आती हैं। न तो उनके पास रहने के लिए आवास हैं और ना ही अन्य संसाधन, सभी ने प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत आवेदन किया था।
विज्ञापन
आरोप है कि उनका नाम पात्रता सूची में आ गया, लेकिन इसी बीच परियोजना निदेशक ने उनसे तीस-तीस हजार रुपये सुविधा शुल्क मांगा। महिलाओं को आरोप है कि सुविधा शुल्क न देने से अधिकारी ने पक्का मकान दर्शाकर नाम पात्र की श्रेणी से हटा दिया है, जिससे महिलाएं आवास की सुविधा नहीं ले पा रही है।
ऐसा ही आरोप ब्लाक बहजोई के गांव सुल्तानपुर निवासी कमलेश पत्नी भारत ने ग्राम पंचायत सचिव पर लगाया है। सभी महिलाओं ने मामले की शिकायत जिलाधिकारी से की है। उन्होंने जिलाधिकारी से जांच कर कार्रवाई की मांग की है।
फील्ड ऑफिसर पर लगाया सुविधा शुल्क मांगने का आरोप
चंदौसी। ऋण की फाइल पास कराने के नाम पर एक व्यक्ति ने बैंक के फील्ड ऑफिसर पर सुविधा शुल्क मांगने व दलित उत्पीड़न का आरोप लगाया है। उसने फील्ड ऑफिसर के खिलाफ पुलिस अधीक्षक को तहरीर दी है।
खुर्जा गेट निवासी अनुभव सिंह का आरोप है कि उसने प्रधानमंत्री योजना के तहत ऋण के चार फार्म भरवाए थे। जब फाइल बैंक पहुंची तो उस बैंक का फील्ड आफीसर सुविधा शुल्क मांगने लगा। आरोप है कि मना करने पर उसने अनुभव को जाति सूचक शब्दों से अपमानित कर भगा दिया। अनुभव फील्ड ऑफिसर के खिलाफ पुलिस अधीक्षक को तहरीर दी है।
विज्ञापन
प्रधानमंत्री आवास योजना में लगातार धांधली की शिकायतें सामने आ रही हैं। कहीं पर अधिकारी धांधली कर रहे तो कहीं पर आवेदन कर्ता फर्जीवाड़ा कर रहे हैं। ग्राम मऊ कठेर में भी ऐसा ही मामला सामने आया है।
विज्ञापन
गांव की रीना पत्नी शानू, अमरवती पत्नी जसवीर, लज्जावती पत्नी श्रीपाल, आशा पत्नी पिंटू, कविता पत्नी ब्रजवीर का आरोप है कि वह जाति से अनुसूचित की उपजाति में आती हैं। न तो उनके पास रहने के लिए आवास हैं और ना ही अन्य संसाधन, सभी ने प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत आवेदन किया था।
विज्ञापन
आरोप है कि उनका नाम पात्रता सूची में आ गया, लेकिन इसी बीच परियोजना निदेशक ने उनसे तीस-तीस हजार रुपये सुविधा शुल्क मांगा। महिलाओं को आरोप है कि सुविधा शुल्क न देने से अधिकारी ने पक्का मकान दर्शाकर नाम पात्र की श्रेणी से हटा दिया है, जिससे महिलाएं आवास की सुविधा नहीं ले पा रही है।
ऐसा ही आरोप ब्लाक बहजोई के गांव सुल्तानपुर निवासी कमलेश पत्नी भारत ने ग्राम पंचायत सचिव पर लगाया है। सभी महिलाओं ने मामले की शिकायत जिलाधिकारी से की है। उन्होंने जिलाधिकारी से जांच कर कार्रवाई की मांग की है।
फील्ड ऑफिसर पर लगाया सुविधा शुल्क मांगने का आरोप
चंदौसी। ऋण की फाइल पास कराने के नाम पर एक व्यक्ति ने बैंक के फील्ड ऑफिसर पर सुविधा शुल्क मांगने व दलित उत्पीड़न का आरोप लगाया है। उसने फील्ड ऑफिसर के खिलाफ पुलिस अधीक्षक को तहरीर दी है।
खुर्जा गेट निवासी अनुभव सिंह का आरोप है कि उसने प्रधानमंत्री योजना के तहत ऋण के चार फार्म भरवाए थे। जब फाइल बैंक पहुंची तो उस बैंक का फील्ड आफीसर सुविधा शुल्क मांगने लगा। आरोप है कि मना करने पर उसने अनुभव को जाति सूचक शब्दों से अपमानित कर भगा दिया। अनुभव फील्ड ऑफिसर के खिलाफ पुलिस अधीक्षक को तहरीर दी है।