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तीन माह बाद भी पुल नहीं बना

Mon, 09 Jan 2017 12:27 AM IST
ब्यूरो/ अमर उजाला/ मिर्जापुर
ब्यूरो/ अमर उजाला/ मिर्जापुर Updated Mon, 09 Jan 2017 12:27 AM IST
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Three months after the bridge make
अधूरा पुल

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जो पुल अक्टूबर महीने में शुरू हो जाना चाहिए था, वह विभागीय लापरवाही के चलते अब तक नहीं बन पाया है। छानबे इलाके में गैपुरा-रामपुर घाट पर पीपा पुल अधबने हाल में है। महज दो-तीन पीपे का काम होना है। इसके चलते लोगों को शहर जाने के लिए 40 किलोमीटर का लंबा चक्कर काटना पड़ रहा है।  


 गैपुरा-रामपुर घाट पर नेता पक्का पुल बनवाने का आश्वासन देते नहीं थकते हैं। पक्का पुल कौन कहे हर साल बनने वाला पांटून ब्रिज भी अबकी नहीं बन पाया है। पुल अक्तूबर माह में बन जाना चाहिए था लेकिन कार्यदायी संस्था और लोक निर्माण विभाग की मनमानी के चलते काम अभी पूरा नहीं हो पाया है। इस पुल को लेकर राजनीति भी खूब हुई। भाजपा, कांग्रेस व सपा कार्यकर्ता भी कई बार अधिकारियाें से मिले। बावजूद इसके काम नहीं पूरा हुआ। 
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यह इलाका मिर्जापुर विधानसभा क्षेत्र में आता है, जिसका प्रतिनिधित्व राज्यमंत्री कैलाश चौरसिया करते हैं। ग्रामीणों का कहना है कि विधायक की उदासीनता के चलते ही यह नौबत आई है। पीपा पुल नहीं बनने से चार किमी की यात्रा शास्त्री पुल से होते हुए 40 किमी दूरी तय करके पूरी करनी पड़ रही है। समय व पैसे दोनाें की बर्बादी हो रही है। क्षेत्र के अखिलेश सिंह, गोवर्धन सिंह, केशराज यादव, सुरेश दूबे, रिंकू पांडेय, प्रेमशंकर मिश्र, संतोषधर दूबे, शशि भूषण पाठक, प्रमोद पाठक, मोहन सरोज, भास्कर सिंह, नरेंद्र मिश्र, जनार्दन पाठक, शशि शंकर मिश्र ने डीएम से पीपा पुल चालू कराने की मांग की है। 
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