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अपने कार्यकर्ताओं को सीख दें मायावती : अनुप्रिया
ब्यूरो, अमर उजाला, मिर्जापुर।
Updated Mon, 25 Jul 2016 12:37 AM IST
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अनुप्रिया पटेल
केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण राज्यमंत्री अनुप्रिया पटेल ने रविवार को कहा कि राजनैतिक दल संघर्ष करें, लेकिन न तो महिलाओं की मर्यादा भंग करें और न ही अमर्यादित टिप्पणी करें। कहा कि मायावती को भी अपने कार्यकर्ताओं को सीख देने की जरूरत है। केंद्रीय मंत्री महंत शिवाला स्थित फन सिटी पर पत्रकारों से बात कर रही थीं।
केंद्रीय मंत्री ने कहा कि दयाशंकर सिंह ने अमर्यादित टिप्पणी की थी, इसका भाजपा ने विरोध किया और बिना देर किए उन्हें पार्टी से निष्कासित कर दिया। कहा कि राजनीति में हमारा विरोध वैचारिक हो सकता है, लेकिन व्यक्तिगत रूप से किसी भी राजनेता, खासकर महिलाओं की मर्यादा के साथ खिलवाड़ नहीं होना चाहिए। इसलिए हम सब मायावती के साथ खड़े हैं। उन्होंने कहा कि बसपा कार्यकर्ताओं ने विरोध किया, यह बात समझ में आती है कि उनके नेता की मर्यादा भंग की जाती है तो निश्चित रूप से कार्यकर्ता नाराज होंगे, लेकिन जिस गलती का विरोध करने के लिए सड़कों पर उतरे हैं, वही गलती वे भी करें, यह बात समझ में नहीं आती है।
कहा कि बसपा कार्यकर्ताओं को यह समझने की जरूरत है कि वे महिलाओं के साथ खड़े हैं या नहीं। भाजपा ने दयाशंकर को पार्टी से निकाल कर संदेश देने की कोशिश की है कि महिलाओं पर गलत टिप्पणी की जाएगी तो कार्रवाई होगी। बसपा कार्यकर्ता अगर गलत टिप्पणी करते हैं तो उनके खिलाफ भी कार्रवाई होनी चाहिए।
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केंद्रीय मंत्री ने कहा कि दयाशंकर सिंह ने अमर्यादित टिप्पणी की थी, इसका भाजपा ने विरोध किया और बिना देर किए उन्हें पार्टी से निष्कासित कर दिया। कहा कि राजनीति में हमारा विरोध वैचारिक हो सकता है, लेकिन व्यक्तिगत रूप से किसी भी राजनेता, खासकर महिलाओं की मर्यादा के साथ खिलवाड़ नहीं होना चाहिए। इसलिए हम सब मायावती के साथ खड़े हैं। उन्होंने कहा कि बसपा कार्यकर्ताओं ने विरोध किया, यह बात समझ में आती है कि उनके नेता की मर्यादा भंग की जाती है तो निश्चित रूप से कार्यकर्ता नाराज होंगे, लेकिन जिस गलती का विरोध करने के लिए सड़कों पर उतरे हैं, वही गलती वे भी करें, यह बात समझ में नहीं आती है।
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कहा कि बसपा कार्यकर्ताओं को यह समझने की जरूरत है कि वे महिलाओं के साथ खड़े हैं या नहीं। भाजपा ने दयाशंकर को पार्टी से निकाल कर संदेश देने की कोशिश की है कि महिलाओं पर गलत टिप्पणी की जाएगी तो कार्रवाई होगी। बसपा कार्यकर्ता अगर गलत टिप्पणी करते हैं तो उनके खिलाफ भी कार्रवाई होनी चाहिए।
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