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पुलिस को तकनीकी रूप से बनाएंगे सक्षम
mirzapur news
Updated Tue, 10 Oct 2017 12:22 AM IST
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महेंद्र मोदी
उत्तर प्रदेश पुलिस को पुलिस को तकनीकी रूप से और सक्षम बनाया जाएगा। बलात्कार और हत्या के मामलों को सुलझाने के लिए स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों और पुलिसकर्मियों को फारेंसिक तकनीक का विशेष प्रशिक्षण दिया जाएगा। पुलिस महानिदेशक तकनीकी महेंद्र मोदी उत्तर प्रदेश ने पुलिस लाइन में पत्रकारों यह जानकारी दी।
उन्होंने कहा कि बलात्कार का मुकदमा थाने में दर्ज होने पर उसकी सूचना तत्काल पुलिस अधीक्षक और मुख्य चिकित्सा अधिकारी को देने को कहा गया है। पीड़िता का तत्काल मेडिकल करा कर स्लाइड सुरक्षित रख लिया जाएगा। अक्सर देखा जाता है कि दुराचार व हत्या की घटनाओं में तकनीकी जानकारी नहीं होने के चलते जांच कर रही टीम को सही तथ्य नहीं मिल पाते हैं। वहीं कर्मचारियों की लापरवाही के चलते भी कुछ आरोपी कार्रवाई से बच जाते हैं। पीड़ित को न्याय नहीं मिल पाता है। उन्होंने कहा कि सीएचसी और पीएचसी पर तैनात डाक्टर स्वास्थ्य केंद्र पर नहीं रुकते हैं। इससे पीड़िता का समय से मेडिकल नहीं हो पाता है और उसकी स्लाइड सुरक्षित नहीं हो पाती है। इसको देखते हुए स्वास्थ्य विभाग के प्रमुख सचिव को पत्र लिखा गया है कि वे सीएचसी और पीएचसी केे डाक्टरों को प्रशिक्षण दिलाएं, जिससे दुराचार का मामला प्रकाश में आने पर चिकित्सक स्वास्थ्य केंद्र पर ही उसका मेडिकल कर स्लाइड को सुरक्षित किया जा सके।
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उन्होंने कहा कि बलात्कार का मुकदमा थाने में दर्ज होने पर उसकी सूचना तत्काल पुलिस अधीक्षक और मुख्य चिकित्सा अधिकारी को देने को कहा गया है। पीड़िता का तत्काल मेडिकल करा कर स्लाइड सुरक्षित रख लिया जाएगा। अक्सर देखा जाता है कि दुराचार व हत्या की घटनाओं में तकनीकी जानकारी नहीं होने के चलते जांच कर रही टीम को सही तथ्य नहीं मिल पाते हैं। वहीं कर्मचारियों की लापरवाही के चलते भी कुछ आरोपी कार्रवाई से बच जाते हैं। पीड़ित को न्याय नहीं मिल पाता है। उन्होंने कहा कि सीएचसी और पीएचसी पर तैनात डाक्टर स्वास्थ्य केंद्र पर नहीं रुकते हैं। इससे पीड़िता का समय से मेडिकल नहीं हो पाता है और उसकी स्लाइड सुरक्षित नहीं हो पाती है। इसको देखते हुए स्वास्थ्य विभाग के प्रमुख सचिव को पत्र लिखा गया है कि वे सीएचसी और पीएचसी केे डाक्टरों को प्रशिक्षण दिलाएं, जिससे दुराचार का मामला प्रकाश में आने पर चिकित्सक स्वास्थ्य केंद्र पर ही उसका मेडिकल कर स्लाइड को सुरक्षित किया जा सके।
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