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भूस्खलन : ड्रमंडगंज घाटी के पहाड़ों का भू वैज्ञानिक सर्वे कराएगा NHAI, चट्टानों से बचाव के लिए होगा उपाय

Sun, 24 Nov 2024 10:39 AM IST
अमन विश्वकर्मा अमर उजाला नेटवर्क, मिर्जापुर।
अमर उजाला नेटवर्क, मिर्जापुर। Published by: अमन विश्वकर्मा Updated Sun, 24 Nov 2024 10:39 AM IST
सार

Mirzapur News : मिर्जापुर में ड्रमंडगंज घाटी के ऊंचे पहाड़ से पत्थर टूटने और गिरने की संभावना बनी रहती है। इससे बड़े हादसे भी हो सकते हैं। इसी को ध्यान में रखते हुए एनएचएआई अब भू वैज्ञानिक सर्वे कराने की तैयारी कर रहा है।

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Landslide NHAI conduct geological survey mountains of Mirzapur valley department measures
एनएचएआई अब भू वैज्ञानिक सर्वे कराने की तैयारी कर रहा है। - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

बारिश के मौसम में रीवा-मिर्जापुर राष्ट्रीय राजमार्ग पर ड्रमंडगंज घाटी के ऊंचे पहाड़ से फोरलेन सड़क पर मिट्टी के साथ गिरे बड़े-बड़े पत्थरों से दुर्घटना की आशंका बनी हुई है। एनएचएआई अब भू वैज्ञानिक सर्वे कराने की तैयारी कर रहा है। विभाग सर्वे के बाद रिपोर्ट के आधार पर दुर्घटनाओं पर नियंत्रण के लिए रोक के उपाय की बात कह रहा है।   

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लोगों का कहना है कि फोरलेन बनने के बाद पिछले साल बारिश के मौसम में घाटी में सड़क पर पहाड़ से मलबा गिरने की शुरुआत हुई। इससे पहले घाटी में सड़क पर पहाड़ से पत्थरों के साथ मिट्टी का मलबा नहीं गिरता था। लोगों का कहना है कि ड्रमंडगंज घाटी में नीचे से पहाड़ को काटकर फोरलेन सड़क बनाई गई है। इससे पहलेपहाड़ का निचला हिस्सा अब सीधा हो गया है। इस वजह से बीते जुलाई, अगस्त और सितंबर में हुई बारिश के दौरान घाटी में कई बार पहाड़ से मिट्टी और पत्थरों का मलबा गिरा था।
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इससे पहाड़ से सटी सड़क पर कई बार वाहनों की आवागमन रोककर जेसीबी से मलबा हटावाया गया। संयोग था कि जब-जब पहाड़ से सड़क पर मलवा गिरा, उस दौरान उधर से कोई वाहन नहीं गुजरा। अन्यथा मलबा के साथ गिरने वाले दो-दो, तीन-तीन टन वजनी पत्थर से बड़ा हादसा हो सकता था। 
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लोगों का कहना है कि बारिश के मौसम में पहाड़ से होने वाली मिट्टी की कटान को रोकने के लिए सुरक्षा दीवार जगह-जगह पहाड़ और सड़क के बीच गैप रखकर नहीं बनाई गई है। इससे बारिश के दौरान पहाड़ से मिट्टी और पत्थरों का मलबा गिरकर सीधे सड़क पर आ जाता है। 

बारिश के मौसम में ड्रमंडगंज घाटी में पहाड़ से सड़क पर गिरे मिट्टी और पत्थर के करीब एक हजार टन से ज्यादा मलबा हटाया जा चुका है। वर्तमान में ड्रमंडगंज घाटी में एक स्थान पर बारिश के दौरान पहाड़ से सड़क पर गिरा एक बहुत वजनी चट्टान उसी तरह से पड़ा हुआ है। उसको अभी तक वहां से हटाया नहीं गया है। इससे दुर्घटना की आशंका बनी हुई है।

सुनें इनकी
घाटी में फोरलेन सड़क के निर्माण के दौरान कई जगह सुरक्षा दीवार नहीं बनाई गई है। इससे बारिश के दौरान पहाड़ से मिट्टी और पत्थरों का मलबा गिरने की आशंका बनी रहती है। - छविनाथ तिवारी, ड्रमंडगंज

ड्रमंडगंज घाटी में फोरलेन सड़क के किनारे पहाड़ का भू वैज्ञानिक सर्वे कराया जाएगा। उसके बाद सर्वे रिपोर्ट के अनुरूप बचाव के उपाय किए जाएंगे। - प्रवीण कुमार कटियार, परियोजना निदेशक, एनएचएआई, वाराणसी डिवीजन

ड्रमंडगंज घाटी में फोर लेन सड़क का निर्माण होने के बाद पहाड़ से सड़क पर मिट्टी और पत्थरों का मलबा गिरने के कारण वाहन चालकों में हादसे की आशंका बनी रहती है। पहाड़ के बीच गैप रखकर ऊंची सुरक्षा दीवार का निर्माण कराया जाना जरूरी है। - संजय सिंह, ड्रमंडगंज

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