{"_id":"6ac94eab430edf7d8209b293","slug":"kanshi-ram-was-synonymous-with-selfless-politics-mirzapur-news-c-192-1-svns1035-162805-2026-10-10","type":"story","status":"publish","title_hn":"Mirzapur News: निस्वार्थ राजनीति के पर्याय थे कांशीराम","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Mirzapur News: निस्वार्थ राजनीति के पर्याय थे कांशीराम
विज्ञापन
कांशीराम की पुण्यतिथि मनाते सपा कार्यकर्ता। स्रोत- सपा
- फोटो : Archive
मिर्जापुर। सपा के जिला कार्यालय लोहिया ट्रस्ट में दलितों के मसीहा कांशीराम की पुण्यतिथि पर पार्टी कार्यकर्ताओं ने श्रद्धांजलि दी।
इस दौरान हुई गोष्ठी की अध्यक्षता करते हुए कार्यवाहक जिलाध्यक्ष अशोक यादव ने कहा कि 15 मार्च 1934 को पंजाब के रोपड़ में जन्मे कांशीराम ने सामाजिक और जातीय भेदभाव तथा अमानवीय कुरीतियों के विरुद्ध संघर्ष किया।
बाबा साहेब भीमराव आंबेडकर के विचारों से प्रेरित होकर उन्होंने सरकारी नौकरी छोड़ दी और वंचित, शोषित तथा दलित वर्गों में सामाजिक व राजनीतिक जागरूकता के लिए आजीवन संघर्ष किया। उन्होंने शोषित वर्ग को याचक से शासक बनने के लिए प्रेरित किया।
गोष्ठी को संबोधित करते हुए पार्टी की बाबा साहेब आंबेडकर वाहिनी के राष्ट्रीय महासचिव राजेश भारती ने कहा कि पंजाब विश्वविद्यालय से बीएससी की पढ़ाई करने वाले कांशीराम ने अविवाहित रहते हुए अपना पूरा जीवन दलित, वंचित और शोषित वर्ग के उत्थान तथा राजनीतिक आंदोलन को समर्पित कर दिया। उन्होंने ‘जिसकी जितनी संख्या भारी, उसकी उतनी हिस्सेदारी’ का नारा देते हुए इस वर्ग के उत्थान के लिए प्राणपण से संघर्ष किया। संचालन जिला महामंत्री आदर्श यादव ने किया।
विज्ञापन
इस अवसर पर डॉ. शक्ति श्रीवास्तव, झल्लू यादव, शैलेश पटेल, बलराम यादव, रवि सोनकर, रामजी यादव, आकाश यादव, अनुराग तिवारी, राकेश यादव, विनोद यादव और श्याम सुंदर सोनकर आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन
इस दौरान हुई गोष्ठी की अध्यक्षता करते हुए कार्यवाहक जिलाध्यक्ष अशोक यादव ने कहा कि 15 मार्च 1934 को पंजाब के रोपड़ में जन्मे कांशीराम ने सामाजिक और जातीय भेदभाव तथा अमानवीय कुरीतियों के विरुद्ध संघर्ष किया।
बाबा साहेब भीमराव आंबेडकर के विचारों से प्रेरित होकर उन्होंने सरकारी नौकरी छोड़ दी और वंचित, शोषित तथा दलित वर्गों में सामाजिक व राजनीतिक जागरूकता के लिए आजीवन संघर्ष किया। उन्होंने शोषित वर्ग को याचक से शासक बनने के लिए प्रेरित किया।
विज्ञापन
गोष्ठी को संबोधित करते हुए पार्टी की बाबा साहेब आंबेडकर वाहिनी के राष्ट्रीय महासचिव राजेश भारती ने कहा कि पंजाब विश्वविद्यालय से बीएससी की पढ़ाई करने वाले कांशीराम ने अविवाहित रहते हुए अपना पूरा जीवन दलित, वंचित और शोषित वर्ग के उत्थान तथा राजनीतिक आंदोलन को समर्पित कर दिया। उन्होंने ‘जिसकी जितनी संख्या भारी, उसकी उतनी हिस्सेदारी’ का नारा देते हुए इस वर्ग के उत्थान के लिए प्राणपण से संघर्ष किया। संचालन जिला महामंत्री आदर्श यादव ने किया।
विज्ञापन
इस अवसर पर डॉ. शक्ति श्रीवास्तव, झल्लू यादव, शैलेश पटेल, बलराम यादव, रवि सोनकर, रामजी यादव, आकाश यादव, अनुराग तिवारी, राकेश यादव, विनोद यादव और श्याम सुंदर सोनकर आदि मौजूद रहे।