{"_id":"6849ce2fdcdf9cde460552b4","slug":"jhingura-miner-covered-with-garbage-crisis-on-paddy-plantation-mirzapur-news-c-192-1-svns1034-135061-2025-06-12","type":"story","status":"publish","title_hn":"Mirzapur News: झिंगुरा माइनर कूड़े से पटी, धान की रोपाई पर संकट","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Mirzapur News: झिंगुरा माइनर कूड़े से पटी, धान की रोपाई पर संकट
विज्ञापन
पड़री। लोअर खजुरी वियर से निकली कोटवां झिगुरा माइनर की दशा खराब है। झिंगुरा माइनर आधे से ज्यादा अतिक्रमण कर पाट दी गई है। किसानों का कहना है कि यदि नहर की सफाई न कराई गई तो धान की रोपाई प्रभावित हो सकती है। वर्तमान में कोटवां, झिंगुरा माइनर पूरी तरह से बिना पानी के है। सीजन में पानी होने के बावजूद पटी माइनरों के चलते टेल पर बसे किसान सिंचाई से वंचित रह जाते हैं।
झिंगुरा गांव में माइनर 50 फीसदी से अधिक पट चुका है। नहर पटरी पर जगह-जगह लोगों के द्वारा अतिक्रमण कर नाद और खूंटा बना दिया गया है। पटरियों पर मवेशियों के बांधे जाने से नहर बर्बाद हो चुकी है। कभी-कभार नहर में पानी आती भी है, तो जीर्ण-शीर्ण नहरों के चलते खेत के साथ ही अगल-अगल लोगों के घरों तक पानी पहुंच जाती है। जिससे किसानों को काफी नुकसान का सामना करना पड़ता है।
इनसेट
देवरी माइनर : टेल तक नहीं पहुंचता है पानी
मिर्जापुर। लोवर खजुरी वियर से निकली देवरी और हुरुआ माइनर की दशा खराब है। जरूरत के समय छोड़ा गया पानी टेल तक नहीं पहुंच पा रहा है। धान सीजन को देखते हुए ज्यादातर किसान धान की नर्सरियां डाल चुके हैं। नहर में पानी न छोड़े जाने से धान की नर्सरी सहित पशुचारा, सब्जियों की खेती सूख रही है। देवरी माइनर से धोबही माइनर भी जगह-जगह पट चुका है। देवरी माइनर में पानी रेलवे लाइन से पहले ही सिमट कर रह जा रहा है।
विज्ञापन
कोट-
समय-समय पर नहर और माइनरों का मरम्मत कार्य कराई जाती है। इस समय लोवर खजुरी बीयर में नाममात्र का पानी है। बाणसागर का पानी बंद है। इससे नहरों का संचालन संभव नहीं हो पा रहा है। वहीं, जिस नहर को पाटने की बात है तो उसकी सफाई कराई जाएगी। - जितेंद्र कुमार, सहायक अभियंता, मिर्जापुर नहर प्रखंड।
विज्ञापन
झिंगुरा गांव में माइनर 50 फीसदी से अधिक पट चुका है। नहर पटरी पर जगह-जगह लोगों के द्वारा अतिक्रमण कर नाद और खूंटा बना दिया गया है। पटरियों पर मवेशियों के बांधे जाने से नहर बर्बाद हो चुकी है। कभी-कभार नहर में पानी आती भी है, तो जीर्ण-शीर्ण नहरों के चलते खेत के साथ ही अगल-अगल लोगों के घरों तक पानी पहुंच जाती है। जिससे किसानों को काफी नुकसान का सामना करना पड़ता है।
विज्ञापन
इनसेट
देवरी माइनर : टेल तक नहीं पहुंचता है पानी
मिर्जापुर। लोवर खजुरी वियर से निकली देवरी और हुरुआ माइनर की दशा खराब है। जरूरत के समय छोड़ा गया पानी टेल तक नहीं पहुंच पा रहा है। धान सीजन को देखते हुए ज्यादातर किसान धान की नर्सरियां डाल चुके हैं। नहर में पानी न छोड़े जाने से धान की नर्सरी सहित पशुचारा, सब्जियों की खेती सूख रही है। देवरी माइनर से धोबही माइनर भी जगह-जगह पट चुका है। देवरी माइनर में पानी रेलवे लाइन से पहले ही सिमट कर रह जा रहा है।
विज्ञापन
कोट-
समय-समय पर नहर और माइनरों का मरम्मत कार्य कराई जाती है। इस समय लोवर खजुरी बीयर में नाममात्र का पानी है। बाणसागर का पानी बंद है। इससे नहरों का संचालन संभव नहीं हो पा रहा है। वहीं, जिस नहर को पाटने की बात है तो उसकी सफाई कराई जाएगी। - जितेंद्र कुमार, सहायक अभियंता, मिर्जापुर नहर प्रखंड।