{"_id":"61bce04f1b5905738d4ef6b8","slug":"free-lawyers-will-be-given-to-those-who-come-less-than-three-lakhs-mirzapur-news-vns628500873","type":"story","status":"publish","title_hn":"तीन लाख से कम आए वाले को मिलेंगे नि:शुल्क अधिवक्ता","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
तीन लाख से कम आए वाले को मिलेंगे नि:शुल्क अधिवक्ता
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
जनपद न्यायाधीश शिव कुमार प्रथम के निर्देशन पर सिटी विकास खंड के देवापुर पचवल गांव के प्राथमिक विद्यालय पचवल में जिला विधिक सेवा प्राधिकरण का शिविर लगाया गया। इसमें गरीब, असहाय व ग्रामीणों का नि:शुल्क विधिक सहायता व विभिन्न सामाजिक योजनाओं के बारे में जागरुक किया गया। राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण व उत्तर प्रदेश राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण के प्लान आफ एक्शन के तहत लगाए गए शिविर का शुभारंभ पूर्ण कालिक सचिव अमित कुमार यादव ने किया।
पूर्ण कालिक सचिव ने कहा कि नि:शुल्क विधिक सहायता व सामाजिक कल्याणकारी योजनाओं को सरकार कानून के तौर पर बनाती है। उसके तहत सभी पात्र आमजन को अधिकार प्राप्त है। बताया कि जो गरीब मुकदमें की पैरवी के लिए अधिवक्ता करने में असमर्थ होते है। उनको जिला विधिक सेवा प्राधिकरण सरकारी खर्चे पर नि:शुल्क अधिवक्ता प्रदान करता है। इसके लिए पात्र की वार्षिक आय तीन लाख से कम होना चाहिए। उत्तर प्रदेश पीड़ित क्षतिपूर्ति योजना के तहत दुष्कर्म, मानिकस संपात के कारण हुई हानि, तेजाब का हमला, लैंगिक अपराध, गर्भ की क्षति, यौन उत्पीड़न आदि में मुआवजा मिलता है। सदर तहसीलदार फुलचंद यादव ने बताया कि दैवीय आपदा में मृतक को चार लाख एवं कृषक बीमा मौत से मृतक किसान को पांच लाख रुपये कल्याण कारी योजना के तहत प्रदान किए जाते हैं। जिला प्रोवेशन अधिकारी शक्ति सिंह ने महिलाओं, बालिकों के उत्पीड़न से बचाव की जानकारी दी। आपूर्ति विभाग के प्रदीप शुक्ला ने राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा योजना, बाल विकास परियोजना अधिकारी विमलेश पाल ने जानकारी दी। शिविर में वरिष्ठ सहायक दीपक कुमार श्रीवास्तव, ग्राम प्रधान हिरन आदि रहे।
विज्ञापन
पूर्ण कालिक सचिव ने कहा कि नि:शुल्क विधिक सहायता व सामाजिक कल्याणकारी योजनाओं को सरकार कानून के तौर पर बनाती है। उसके तहत सभी पात्र आमजन को अधिकार प्राप्त है। बताया कि जो गरीब मुकदमें की पैरवी के लिए अधिवक्ता करने में असमर्थ होते है। उनको जिला विधिक सेवा प्राधिकरण सरकारी खर्चे पर नि:शुल्क अधिवक्ता प्रदान करता है। इसके लिए पात्र की वार्षिक आय तीन लाख से कम होना चाहिए। उत्तर प्रदेश पीड़ित क्षतिपूर्ति योजना के तहत दुष्कर्म, मानिकस संपात के कारण हुई हानि, तेजाब का हमला, लैंगिक अपराध, गर्भ की क्षति, यौन उत्पीड़न आदि में मुआवजा मिलता है। सदर तहसीलदार फुलचंद यादव ने बताया कि दैवीय आपदा में मृतक को चार लाख एवं कृषक बीमा मौत से मृतक किसान को पांच लाख रुपये कल्याण कारी योजना के तहत प्रदान किए जाते हैं। जिला प्रोवेशन अधिकारी शक्ति सिंह ने महिलाओं, बालिकों के उत्पीड़न से बचाव की जानकारी दी। आपूर्ति विभाग के प्रदीप शुक्ला ने राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा योजना, बाल विकास परियोजना अधिकारी विमलेश पाल ने जानकारी दी। शिविर में वरिष्ठ सहायक दीपक कुमार श्रीवास्तव, ग्राम प्रधान हिरन आदि रहे।
विज्ञापन