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क्रशर प्लांट संचालक समेत पांच पर केस
ब्यूरो/अमर उजाला, मिर्जापुर।
Updated Sun, 08 May 2016 01:08 AM IST
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- फोटो : amar ujala
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नकली एमएम 11 पपत्र के सहारे गिटटी लादकर ले जा रहे दो ट्रकों को खनिज विभाग की टीम अहरौरा थाना क्षेत्र के कुदारन के पास से गुरुवार की रात पकड़ा। सर्वेयर की तहरीर पर पुलिस ने नकली मोहर लगाकर परमिट के सहारे परिवहन कर रहे प्लांट संचालक सहित पांच लोगों के विरुद्ध मुकदमा पंजीकृत कर ट्रक को सीज कर दिया है।
इस घोटाले से करोड़ों रुपया राजस्व की क्षति होना बताया जा रहा है।
बताते चलें कि बड़े पैमाने पर चल रहे क्षेत्र में नकली परमिट का भडंाभोड़ गुरुवार की रात तब हुआ जब दो ट्रकों लदे गिट्टी के परमिट की जांच खनिज विभाग के प्रभारी रामसजीवन दूबे द्वारा किया गया। जिस पर ना सक्षम अधिकारी के हस्ताक्षर दिखे ना ही परमिट पर खान विभाग द्वारा जारी मुहर दिखाई दिया। जिसके आधार पर दोनों ट्रकों को थाने लाया गया।
जहां पर दोनों चालकों का बयान दर्ज करते हुए एमएम 11 के पपत्र की सत्यता के बारे में खजिन कार्यालय से जानकारी ली गई। पता चला कि खनन पट्टा धारक अवधेश नारायण को चार मार्च 2016 को उक्त खनिज परिवहन हेतु एमएम 11 का कोई पपत्र निर्गत ही नहीं किया गया था।
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जिसके आधार पर सर्वेयर राम सुरेश ने कूट रचित फर्जी पपत्र एमएम 11 व फर्जी मुहर बनवाकर राजस्व की चोरी सहित लोक संपति क्षति निवारण अधिनियम 4/3 व आईपीसी की धारा में मुकदमा लिखाया है।
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इस घोटाले से करोड़ों रुपया राजस्व की क्षति होना बताया जा रहा है।
बताते चलें कि बड़े पैमाने पर चल रहे क्षेत्र में नकली परमिट का भडंाभोड़ गुरुवार की रात तब हुआ जब दो ट्रकों लदे गिट्टी के परमिट की जांच खनिज विभाग के प्रभारी रामसजीवन दूबे द्वारा किया गया। जिस पर ना सक्षम अधिकारी के हस्ताक्षर दिखे ना ही परमिट पर खान विभाग द्वारा जारी मुहर दिखाई दिया। जिसके आधार पर दोनों ट्रकों को थाने लाया गया।
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जहां पर दोनों चालकों का बयान दर्ज करते हुए एमएम 11 के पपत्र की सत्यता के बारे में खजिन कार्यालय से जानकारी ली गई। पता चला कि खनन पट्टा धारक अवधेश नारायण को चार मार्च 2016 को उक्त खनिज परिवहन हेतु एमएम 11 का कोई पपत्र निर्गत ही नहीं किया गया था।
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जिसके आधार पर सर्वेयर राम सुरेश ने कूट रचित फर्जी पपत्र एमएम 11 व फर्जी मुहर बनवाकर राजस्व की चोरी सहित लोक संपति क्षति निवारण अधिनियम 4/3 व आईपीसी की धारा में मुकदमा लिखाया है।